1984 के सिख विरोधी दंगों के दोषी सज्जन कुमार की मौत से जुड़े विवादों ने तीन और लोगों को मुश्किल में डाल दिया है. इस बार ये लोग राजनीतिक रूप से दूसरी तरफ के हैं. कांग्रेस नेता दीपेंद्र हुड्डा की अपनी ही पार्टी के नेताओं ने विवादित रहे सज्जन कुमार की तारीफ करने के लिए आलोचना की थी. इसके कुछ दिनों बाद ही, अब तीन बीजेपी सांसद उनके घर जाकर शोक व्यक्त करने के कारण आलोचनाओं के घेरे में आ गए हैं.
80 साल के सज्जन कुमार की मौत इसी महीने हुई है, वे 1984 के सिख विरोधी दंगों के दौरान पांच लोगों की हत्या के मामले में उम्रकैद की सज़ा काट रहे थे. कांग्रेस के पूर्व नेता हाई ब्लड प्रेशर और पार्किंसंस रोग जैसी स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे थे. हुड्डा समेत हरियाणा कांग्रेस के कुछ नेताओं ने उनकी मौत पर तुरंत शोक व्यक्त किया था, लेकिन कुमार के विवादित अतीत और पंजाब विधानसभा चुनावों के नजदीक होने के कारण उन्हें आलोचना का सामना करना पड़ा.

Photo Credit: PTI
बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन ने तीनों सांसदों - रामवीर बिधूड़ी, योगेंद्र चंदोलिया और कमलजीत सहरावत को तलब किया है. उन्होंने कहा कि उन्हें वहां नहीं जाना चाहिए था.
कौन थे सज्जन कुमार?
सज्जन कुमार कांग्रेस के पूर्व सांसद थे. वे 1980 में कांग्रेस के टिकट पर बाहरी दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव जीतकर लोकसभा सांसद बने. 1984 के दंगों के बाद भी, वे दो बार - 1991 और 2004 में कांग्रेस के टिकट पर चुने गए.
सज्जन कुमार की मौत के बाद भी, सिख-बहुल पंजाब में वे एक बहुत ही विवादित विषय बने हुए हैं. इसी वजह से पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी समेत कांग्रेस के कई नेताओं ने हुड्डा की आलोचना की. कुमार और हुड्डा की आलोचना करने में बीजेपी भी पीछे नहीं रही. हालांकि, तीन सांसदों के दौरे ने पार्टी के राजनीतिक विरोधियों को उसे निशाना बनाने का मौका दे दिया है.
आम आदमी पार्टी के नेता बलतेज पन्नू ने कहा, "अब बीजेपी का असली चेहरा भी सामने आ गया है. सज्जन कुमार के अंतिम भोग के मौके पर बीजेपी के तीन सांसद मौजूद थे. इनमें पश्चिमी दिल्ली की सांसद कमलजीत सहरावत, दक्षिणी दिल्ली के सांसद रामबीर सिंह बिधूड़ी और उत्तर-पश्चिमी दिल्ली के सांसद योगेंद्र चंदोलिया शामिल थे."

दिल्ली आप के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने भी बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि इन तीन सांसदों के दिल दंगे के दोषी के लिए धड़कते हैं. उन्होंने एक्स पर लिखा, "बीजेपी सांसद कमलजीत सहरावत, योगेंद्र चंदोलिया और रामवीर सिंह बिधूड़ी के दिल अभी भी 1984 के सिख दंगों के दोषी और हत्यारे सज्जन कुमार के लिए धड़कते हैं."
सिख दंगा मामले में लंबी कानूनी लड़ाई लड़ने वाले बीजेपी नेता एचएस फूलका ने भी सज्जन कुमार के घर सांसदों के जाने की निंदा की.
उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखा, "मैं तीन सांसदों - कमलजीत सहरावत, रामवीर सिंह बिधूड़ी और योगेंद्र चंदोलिया - के सामूहिक हत्यारे सज्जन कुमार के घर जाकर उनकी मौत पर शोक व्यक्त करने की कड़ी निंदा करता हूं. यह तब हो रहा है जब बीजेपी ने हमेशा इन दोषियों के खिलाफ न्याय की हमारी लड़ाई का समर्थन किया है और यह सुनिश्चित करने में हमारा साथ दिया है कि वह जेल में रहे. सहानुभूति पीड़ितों और उनके परिवारों के प्रति होनी चाहिए - जिनमें से कई आज भी उन दिनों के खौफ के साये में जी रहे हैं. मैं इन तीन सांसदों के बहिष्कार की मांग करता हूं."
इसे भी पढ़ें: सज्जन कुमार को दी श्रद्धांजलि पर घिरे दीपेंदर हुड्डा तो आई सफाई, बोले- हमारा रिश्ता तो भाइयों जैसा
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं