विज्ञापन

AI वीडियो, हर विधानसभा में 'चार्जशीट', ये है 5 राज्‍यों के लिए बीजेपी की सोशल मीडिया रणनीति

बीजेपी ने पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में सोशल मीडिया पर व्यापक प्रचार की रणनीति बनाई है. पार्टी AI वीडियो, ग्राफिक्स और डेटा-ड्रिवन कैंपेनिंग का उपयोग करेगी.

AI वीडियो, हर विधानसभा में 'चार्जशीट', ये है 5 राज्‍यों के लिए बीजेपी की सोशल मीडिया रणनीति
नई दिल्‍ली:

असम, पश्चिम बंगाल, केरल, तमिलनाडु और पुडुचेरी के विधानसभा चुनावों के लिए बीजेपी ने रणनीति बना ली है. बीजेपी ने सोशल मीडिया पर बड़े पैमाने पर फोकस करने का फैसला किया है. पार्टी ने विपक्ष के शासन वाले तीन राज्यों पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और केरल के लिए अलग और एनडीए के शासन वाले असम और पुडुचेरी के लिए अलग रणनीति को अंतिम रूप दिया है. बीजेपी डेटा-ड्रिवन कैंपेनिंग से लेकर  AI वीडियो तक कई एक्‍सपेरिमेंट इन राज्‍यों के लिए प्रचार में करने जा रही है.  
 

ग्राफिक्स, एनीमेशन, AI वीडियो 

पार्टी सूत्रों के अनुसार, इस बार सोशल मीडिया पर प्रचार के लिए एआई तकनीक का प्रयोग किया जाएगा. इसके जरिए रील, शॉर्ट्स, स्टोरी, शॉर्ट वीडियो आदि तैयार किए जाएंगे. इनमें विपक्ष के शासन वाले राज्यों में सरकार की विफलताओं को चुटीले और तथ्यात्मक ढंग से दिखाया जाएगा. आंकड़ों, ग्राफिक्स, एनीमेशन आदि के जरिए इन सरकारों को कठघरे में खड़ा किया जाएगा. कई AI वीडियो में ममता बनर्जी, एम के स्टालिन और पी विजयन निशाने पर रहेंगे. इनके अलावा राहुल गांधी को लेकर भी वीडियो बनेंगे. लेकिन यह ध्यान रखा जाएगा कि एआई से बनने वाले हर वीडियो पर यह स्पष्ट रूप से लिखा हो कि यह एआई वीडियो है, ताकि लोगों में भ्रम न फैले. पार्टी एआई के एथिकल उपयोग पर जोर देगी.

Latest and Breaking News on NDTV



बीजेपी पश्चिम बंगाल में खासतौर से जोर लगा रही है. ममता बनर्जी के पंद्रह साल के शासन को उखाड़ने के लिए महिला सुरक्षा, घुसपैठ और अल्पसंख्यक तुष्टिकरण को बड़ा मुद्दा बनाया जा रहा है. हर विधानसभा के हिसाब से सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ चार्जशीट लोगों के सामने रखी जाएगी. सोशल मीडिया पर भी ऐसे मुद्दों को जोर-शोर से उठाया जाएगा.
 

असम में ये रहेगी बीजेपी की रणनीति 

असम में बीजेपी सोशल मीडिया का उपयोग हिमंता सरकार की उपलब्धियों को लोगों तक पहुंचाने में कर रही है. साथ ही गौरव गोगोई पर भी निशाना साधा जाएगा. हालांकि, पार्टी इस बात को लेकर सतर्क है कि विवादों से बचा जाए, क्योंकि हाल ही में हिमंता के एक वीडियो के कारण तीखा विवाद हुआ था. बाद में बीजेपी सोशल मीडिया टीम के एक सदस्य को निकाल दिया गया था. पार्टी का मानना है कि डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म पर सक्रियता से युवा मतदाताओं तक सीधा संदेश पहुंचाया जा सकता है और विपक्षी दलों के नैरेटिव को चुनौती दी जा सकती है.

बीजेपी का ब्रह्मास्त्र शॉर्ट-फ़ॉर्म वीडियो कंटेंट

बीजेपी की रणनीति में सबसे अहम भूमिका शॉर्ट-फ़ॉर्म वीडियो कंटेंट की होगी. इंस्टाग्राम रील, यूट्यूब शॉर्ट्स और फेसबुक रील जैसे प्लेटफ़ॉर्म पर पार्टी अपने संदेश को छोटे, आकर्षक और ट्रेंडिंग वीडियो के ज़रिए प्रसारित करेगी. इन वीडियो में प्रधानमंत्री और वरिष्ठ नेताओं के भाषणों के अंश, उपलब्धियों की झलक और स्थानीय मुद्दों पर केंद्रित संदेश शामिल होंगे.
इसके साथ ही, पार्टी ने इन्फ्लुएंसर नेटवर्क पर भी ध्यान केंद्रित किया है. कई क्षेत्रों में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स को चुनावी प्रचार से जोड़ने की कोशिश की जा रही है. स्थानीय भाषा और संस्कृति से जुड़े क्रिएटर्स को अभियान का हिस्सा बनाया जाएगा. व्हाट्सऐप ग्रुप्स और बूथ स्तर की डिजिटल पहुंच भी रणनीति का अहम हिस्सा है. पार्टी कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए गए हैं कि वे हर बूथ पर मतदाताओं तक पहुंचने के लिए व्हाट्सऐप और अन्य मैसेजिंग प्लेटफ़ॉर्म का इस्तेमाल करें. इससे पार्टी का संदेश सीधे घर-घर तक पहुंच सकेगा.

ये भी पढ़ें :-बंगाल में बॉर्डर पर बाड़ लगेगा, घुसपैठियों को चुन-चुनकर बाहर निकालेंगे: सीमांचल में बोले अमित शाह

डेटा-ड्रिवन कैंपेनिंग

बीजेपी की सोशल मीडिया टीम डेटा-ड्रिवन कैंपेनिंग पर भी काम कर रही है. मतदाता प्रोफ़ाइल और क्षेत्रीय मुद्दों के आधार पर लक्षित संदेश तैयार किए जा रहे हैं. उदाहरण के तौर पर, युवाओं के लिए रोजगार और शिक्षा से जुड़े वीडियो, किसानों के लिए कृषि योजनाओं पर कंटेंट और महिलाओं के लिए सुरक्षा व सशक्तिकरण पर संदेश अलग-अलग तैयार किए जा रहे हैं. बीजेपी सोशल मीडिया का इस्तेमाल केवल प्रचार के लिए नहीं, बल्कि नैरेटिव बिल्डिंग  के लिए कर रही है. ट्विटर, फेसबुक और इंस्टाग्राम पर पार्टी लगातार अपनी नीतियों और विचारधारा को आगे बढ़ा रही है, ताकि चुनावी माहौल में जनता की राय को प्रभावित किया जा सके.
पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में बीजेपी की सोशल मीडिया रणनीति का फोकस युवा मतदाताओं तक पहुंच, स्थानीय इन्फ्लुएंसरों का सहयोग, बूथ स्तर पर डिजिटल नेटवर्किंग और डेटा-आधारित  संदेश पहुंचाने का है. यह रणनीति पार्टी को डिजिटल स्पेस में मज़बूत उपस्थिति दिलाने और चुनावी नैरेटिव पर नियंत्रण बनाए रखने में मदद करेगी.

ये भी पढ़ें :- बंगाल चुनाव से पहले BJP नेता को दिया राज्य का सर्वोच्च सम्मान, ममता के सिसायी दांव का मतलब समझिए

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Five State Election, West Bengal Election, BJP Social Media Strategy
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com