Pegasus विवाद : उद्योगपति अनिल अंबानी के फोन नंबर भी थे संभावित टारगेट की सूची में

Pegasus Scandal: पेगासस जासूसी मामले (Pegasus Scandal) में उद्योगपति अनिल अंबानी (Anil Ambani) के साथ एडीए समूह के एक वरिष्ठ अधिकारी का फोन भी कथित रूप से हैक किये जाने की आशंका जतायी गयी है. गुरुवार को कई और नामों की सूची जारी की गयी, जिसमें अनिल अंबानी का भी नाम है.

Pegasus विवाद : उद्योगपति अनिल अंबानी के फोन नंबर भी थे संभावित टारगेट की सूची में

Pegasus Scandal: एडीए समूह के एक वरिष्ठ अधिकारी का फोन भी हैक किये जाने की आशंका जतायी गयी है

नई दिल्ली:

Pegasus Scandal: पेगासस जासूसी मामले (Pegasus Scandal) में उद्योगपति अनिल अंबानी (Anil Ambani) के साथ एडीए समूह के एक वरिष्ठ अधिकारी का फोन भी कथित रूप से हैक किये जाने की आशंका जतायी गयी है. गुरुवार को कई और नामों की सूची जारी की गयी, जिसमें अनिल अंबानी का भी नाम है. समाचार पोर्टल 'द वायर' ने खबर दी है कि जिस फोन नंबरों का अनिल अंबानी और रिलायंस अनिल धीरूभाई अंबानी समूह (एडीएजी) के एक अन्य अधिकारी ने उपयोग किया, वे नवंबर उस लीक सूची में शामिल है, जिसका विश्लेषण पेगासस परियोजना समूह के मीडिया भागीदारों ने किया था. रिपोर्ट में कहा गया है, ‘‘अंबानी के अलावा, कंपनी के अन्य अधिकारी जिनके फोन नंबर सूची में शामिल हैं, उनमें कॉरपोरेट संचार प्रमुख टोनी जेसुदासन के साथ उनकी पत्नी भी शामिल हैं.''

2018 में पद से हटाए जाने के बाद पूर्व CBI प्रमुख पेगासस निगरानी सूची में जोड़े गए : रिपोर्ट

इसमें यह भी कहा गया है कि यह पुष्टि नहीं की जा सकती कि अनिल अंबानी वर्तमान में उस फोन नंबर का उपयोग कर रहे हैं या नहीं. इस बारे में फिलहाल एडीएजी से रिपोर्ट के बारे में प्रतिक्रिया नहीं मिली है. रिपोर्ट के अनुसार भारत में दसॉ एविएशन के प्रतिनिधि वेंकट राव पोसिना, साब इंडिया के पूर्व प्रमुख इंद्रजीत सियाल और बोइंग इंडिया के प्रमुख प्रत्यूष कुमार के नंबर भी 2018 और 2019 में विभिन्न अवधि में लीक आंकड़े में शामिल हैं.

फ्रांस की कंपनी एनर्जी ईडीएफ के प्रमुख हरमनजीत नेगी का फोन नंबर भी लीक आंकड़े में शामिल है. वह इस अवधि के दौरान फ्रांस के राष्ट्रपति एमैनुएल मैक्रों की भारत यात्रा के दौरान आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल में शामिल थे.

पेगासस का इस्‍तेमाल अपने अफसरों और मंत्रियों की जासूसी के लिए कर रही ममता बनर्जी सरकार : BJP

उल्लेखनीय है कि पिछले रविवार को एक अंतरराष्ट्रीय मीडिया समूह ने खुलासा किया कि केवल सरकारी एजेंसियों को ही बेचे जाने वाले इस्राइल के जासूसी सॉफ्टवेयर के जरिए भारत के दो केन्द्रीय मंत्रियों, 40 से अधिक पत्रकारों, विपक्ष के तीन नेताओं और एक न्यायाधीश सहित बड़ी संख्या में कारोबारियों और कार्यकर्ताओं के 300 से अधिक मोबाइल नंबर हैक किये जाने की आशंका है.


जासूसी कांड पर सरकार का जवाब, पेगासस मामला फेक है

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com




(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)