विज्ञापन

क्या दही और प्रोबायोटिक्स से कम हो सकता है कोलोरेक्टल कैंसर का खतरा-स्टडी में बड़ा खुलासा

दही और प्रोबायोटिक चीजें खाने से कोलोरेक्टल कैंसर का खतरा कम हो सकता है. क्योंकि ये पेट के अच्छे बैक्टीरिया बढ़ाकर शरीर को अंदर से मजबूत करती हैं. जानें स्टडी में क्या सामने आया और रोजाना दही खाने से कितना फायदा हो सकता है.

क्या दही और प्रोबायोटिक्स से कम हो सकता है कोलोरेक्टल कैंसर का खतरा-स्टडी में बड़ा खुलासा
दही खाने के फायदे.
NDTV

खाने-पीने की आदतों का हमारी सेहत पर सीधा असर पड़ता है. अब एक नई रिसर्च में सामने आया है कि दही, प्रोबायोटिक्स और प्रीबायोटिक्स जैसे फूड आंतों की सेहत को बेहतर रखने में मदद कर सकते हैं और इनका सेवन कोलोरेक्टल कैंसर के खतरे को कम कर सकता है. दरअसल दही सिर्फ स्वाद के लिए ही नहीं, सेहत के लिए भी कमाल है. इसमें मौजूद प्रोबायोटिक्स पेट के अच्छे बैक्टीरिया बढ़ाते हैं, जबकि प्रीबायोटिक्स उन्हें ताकत देते हैं. ये दोनों मिलकर पाचन सुधारते हैं और इम्यूनिटी मजबूत करते हैं.

क्या कहती है रिसर्च-

यह शोध चंग शान मेडिकल यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल रिसर्च प्रोग्राम के सहयोग से किया गया था. इस स्टडी में 50 साल या उससे ज्यादा उम्र के लोगों पर ध्यान दिया गया. शोधकर्ताओं ने अमेरिका के नेशनल हेल्थ एंड न्यूट्रिशन एग्जामिनेशन सर्वे (एनएचएएनएस) के साल 2001 से 2020 तक के आंकड़ों का अध्ययन किया. इसमें करीब 9,405 लोगों को शामिल किया गया, जो अमेरिका की लगभग 3.7 करोड़ वयस्क आबादी का प्रतिनिधित्व करते हैं.

शोधकर्ताओं ने लोगों की डाइट, सप्लीमेंट लेने की आदतों और कोलोरेक्टल कैंसर के इतिहास से जुड़ी जानकारी का विश्लेषण किया. इसके अलावा उम्र, लिंग, खान-पान की दूसरी आदतें, धूम्रपान, वजन, शारीरिक स्थिति और अन्य स्वास्थ्य संबंधी कारकों को भी ध्यान में रखा गया, ताकि परिणाम ज्यादा सटीक हो सकें.

स्टडी में पाया गया कि जिन लोगों ने प्रोबायोटिक्स, प्रीबायोटिक्स या दही का सेवन किया, उनमें कोलोरेक्टल कैंसर की संभावना लगभग 50 प्रतिशत तक कम देखी गई. शोधकर्ताओं के अनुसार, इसका एक कारण आंतों में मौजूद माइक्रोबायोटा यानी अच्छे और खराब बैक्टीरिया के संतुलन पर इन फूड्स का सकारात्मक असर हो सकता है. 

Latest and Breaking News on NDTV

दही खाने से शरीर को क्या लाभ मिलते हैं. (Image NDTV) 

प्रोबायोटिक्स ऐसे जीवित सूक्ष्मजीव होते हैं जो शरीर में अच्छे बैक्टीरिया को बढ़ाने में मदद करते हैं. वहीं, प्रीबायोटिक्स ऐसे फाइबर होते हैं जो इन अच्छे बैक्टीरिया के लिए भोजन का काम करते हैं. दही जैसे फर्मेंटेड फूड्स में भी ऐसे तत्व पाए जाते हैं, जो पाचन तंत्र के लिए फायदेमंद माने जाते हैं.

हालांकि, शोधकर्ताओं ने यह भी साफ किया है कि यह स्टडी सिर्फ एक संबंध को दिखाती है, इससे यह साबित नहीं होता कि दही या प्रोबायोटिक्स सीधे तौर पर कैंसर को रोकते हैं. चूंकि यह रिसर्च पुराने आंकड़ों पर आधारित थी, इसलिए लंबे समय तक लोगों का अध्ययन करने वाली और रिसर्च की जरूरत है.

फिर भी, यह अध्ययन इस बात की ओर इशारा करता है कि संतुलित खान-पान और आंतों की अच्छी सेहत कैंसर से बचाव की रणनीति में अहम भूमिका निभा सकती है. रोजमर्रा की डाइट में दही, फाइबर से भरपूर फूड्स और आंतों के लिए फायदेमंद चीजों को शामिल करना सेहत के लिए लाभकारी हो सकता है.

ये भी पढ़ें- बारिश में बार-बार चेहरा धोना सही है या गलत? डर्मेटोलॉजिस्ट ने बताया

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Dahi Khane Ke Fayde, Curd Benefits, Curd For Health, Cancer Treatment
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com