विज्ञापन

Ajanta Caves: मधुमक्खियों के हमले से बचने में मदद करेगा तेज परफ्यूम, जानिए कैसे करना है बचाव

Ajanta Caves: हाल के दिनों में गुफा परिसर के पास पर्यटकों पर मधुमक्खियों के हमलों की कई घटनाएं हुई हैं, जिसके मद्देनजर वन विभाग ने भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस उपाय करने का निर्णय लिया है.

Ajanta Caves: मधुमक्खियों के हमले से बचने में मदद करेगा तेज परफ्यूम, जानिए कैसे करना है बचाव

Ajanta Caves: महाराष्ट्र की विश्व प्रसिद्ध अजंता गुफाओं के पास मधुमक्खियों के हमलों की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए वन विभाग ने पर्यटकों से तेज सुगंध वाले ‘परफ्यूम' के उपयोग और शोर करने से बचने की अपील की है. इसके साथ ही इसने जागरूकता अभियान चलाने की घोषणा भी की है. वन विभाग ने हाल ही में जिले में स्थित अजंता गुफा क्षेत्र का सर्वेक्षण किया, जिसमें गुफा संख्या 1 से 26 तक शामिल थीं.

विभाग के एक अधिकारी ने सोमवार को ‘पीटीआई-भाषा' को बताया कि सर्वेक्षण के दौरान मधुमक्खियों के तीन छत्ते पाए गए, जिनमें से एक छत्ता गुफा संख्या 26 के पास और दो छत्ते गुफा संख्या 10 के पास हैं. अधिकारी के अनुसार, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के स्थानीय प्रतिनिधियों को छत्तों के विस्तार को रोकने और मधुमक्खियों को वहां से हटाने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है.

ये भी पढ़ें: मधुमक्खी-ततैया काट ले तो क्या करें? आयुर्वेदिक डॉक्टर ने बताए 3 सबसे असरदार घरेलू नुस्खे, अभी जान लें आप

Latest and Breaking News on NDTV

हाल के दिनों में गुफा परिसर के पास पर्यटकों पर मधुमक्खियों के हमलों की कई घटनाएं हुई हैं, जिसके मद्देनजर वन विभाग ने भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस उपाय करने का निर्णय लिया है. अधिकारी ने कहा, “हमने अजंता गुफा परिसर में आने वाले पर्यटकों के लिए जागरूकता अभियान शुरू करने का फैसला किया है. आगंतुकों को सलाह दी जाती है कि वे तेज सुगंध वाले ‘परफ्यूम' का उपयोग न करें, क्योंकि इससे मधुमक्खियां आकर्षित होती हैं.”

उन्होंने कहा, ‘‘साथ ही, उन्हें (आगंतुकों) तेज आवाज में बात करने से भी बचना चाहिए. संदेश प्रसार के लिए अगले कुछ दिनों में गुफा क्षेत्र में बैनर लगाए जाएंगे.” अधिकारी ने कहा, “हम एएसआई कार्यालय को आवश्यक निर्देशों के साथ पत्र भी भेजेंगे और उम्मीद है कि वे मधुमक्खियों के हमलों को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाएंगे.” अजंता गुफाओं को 1983 में यूनेस्को की विश्व धरोहर स्थल सूची में शामिल किया गया था.

मधुमक्खी का डंक कैसे निकाले | Madhumakhi Kate To Kya Kare | Honey Bee Bite Treatment Home Remedy

जब मधुमक्खी का डंक लग जाए, तो सबसे पहले आपको अपनी त्वचा से डंक निकालने की सलाह दी जाती है, ताकि इंफेक्शन फैलने से रोका जा सके. डंक को बाहर निकालने के लिए चिमटी या क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल करें. इसी के साथ जहां डंक लगा है, वहां एंटीसेप्टिक साबुन से धो लें और फिर एंटीसेप्टिक क्रीम भी लगा लें. ऐसा करने से इंफेक्शन नहीं फैलेगा.

मधुमक्खी का डंक निकालने के तरीके में सिरके का इस्तेमाल : मधुमक्खी का डंक लगने के बाद उस जगह पर विनेगर यानी सिरके का इस्तेमाल किया जा सकता है, ताकि डंक के असर को कम किया जा सके और इंफेक्शन न फैलें. इसके अलावा सिरका लगाने से दर्द, सूजन कम हो जाती है खुजली भी से काफी हद तक राहत मिलती है. 

शहद से निकालें मधुमक्खी का डंक : शहद में कई औषधीय गुण होते हैं. ऐसे में मधुमक्खी के डंक वाली जगह पर शहद लगाने की सलाह दी जाती है. कहा जाता है, कि इसे लगाने से सूजन कम होती है, क्योंकि शहद में मौजूद प्राकृतिक जीवाणुरोधी एजेंट इंफेक्शन को रोकने में मदद कर सकते हैं.

Gurudev Sri Sri Ravi Shankar on NDTV: Stress, Anxiety, से लेकर Relationship, Spirituality तक हर बात

(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com