सुबह-सुबह आलू की सब्जी बनाई लेकिन जब उसी शाम या अगले दिन उसे गरम किया तो बिल्कुल सूख गई. सच कहूं तो बची हुई आलू की सब्जी का भी अलग ही टशन है. कई बार ये रात में उतनी टेस्टी नहीं लगती, जितनी अगली सुबह परांठे के साथ लगती है. रातभर में मसाले आलू के अंदर तक समा जाते हैं पर एक दिक्कत हमेशा दिमाग खराब करती है, जैसे ही इसे दोबारा गर्म करने जाओ, सब्जी एकदम सूखी बन जाती है, सारा मसाला पैन के पेंदे पर चिपक जाता है और वो सॉफ्टपन तो गायब ही हो जाता है.
इसका परमानेंट इलाज ढूंढना बेहद जरूरी था. इसलिए मैंने 4 अलग-अलग तरीके ट्राई किए, पर फेल नहीं हुई. अगर आप भी इस दिक्कत का सामना करते हैं, तो मेरा ये पर्सनल एक्सपीरियंस आपके काम आ सकता है.

टेस्ट 1: सीधे पैन में डाल देना:
मैंने आलू की सब्जी को फ्रिज से निकाला और गरम कड़ाही में मीडियम आंच पर रख दिया. ऐसा करने से गर्म तो खैर जल्दी हो गई, पर आलू ऐसे सूखे जैसे बेचारों का सारा मॉइस्चर किसी ने खींच लिया हो. नीचे मसाला भी जलने लगा.
टेस्ट 2: थोड़ा सा पानी का छींटा मारना:
आलू को पैन में डालने से पहले 1 से 2 चम्मच पानी छिड़का और हल्के हाथ से चलाया. इस बार सीन काफी बेहतर था! मसाला थोड़ा ढीला हुआ और आलू पर वापस अच्छे से लिपट गया और आलू कड़क भी नहीं हुए, लेकिन ध्यान रखें पानी सिर्फ छींटा मारने जितना ही होना चाहिए.
टेस्ट 3: पानी + ढक्कन लगाकर धीमी आंच:
फिर दिमाग में आया कि जब खाना भाप में पकता है तो गर्म भी स्टीम से ही सही होगा ना. मैंने थोड़ा सा पानी छिड़का, पैन को ढका और गैस बिल्कुल सिम कर दी. सच बता रही हूं, सबसे बेस्ट रिजल्ट इसी से मिला! भाप अंदर ही बनती रही और आलू फिर से एकदम सॉफ्ट हो गए. लग ही नहीं रहा था कि ये बासी सब्जी है.
मैंने क्या सीखा?
मेरी सबसे बड़ी बेवकूफी यही थी कि मैं फ्रिज से निकालते ही सब्जी को सूखी कढ़ाई में भूनने लगती थी. अब मेरा सिंपल फंडा है—सब्जी में बस दो चम्मच पानी का छींटा मारो, ढक्कन लगाओ और धीमी आंच पर 2-3 मिनट छोड़ दो. भाप ही सारा जादू कर देती है.
इसे भी पढ़ें: ऑनलाइन खाना ऑर्डर करने से पहले यह देख लो! तुकाराम मुंडे ने बताया इन 4 चीजों का रखें ध्यान
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं