नीतीश कुमार ने बिहार में बीजेपी के साथ गठबंधन तोड़ा, सियासी घटनाक्रम से जुड़ी 10 बातें

Bihar Political Crisis: बिहार से एक बड़ा सियासी घटनाक्रम सामने आया है. यहां नीतीश कुमार ने बीजेपी के साथ अपना गठबंधन खत्‍म कर लिया है. सूत्रों ने कहा कि वह आज शाम राष्‍ट्रीय जनता दल नेता तेजस्‍वी यावद के साथ राज्‍यपाल से मुलाकात करने के लिए तैयार हैं.

पटना: Bihar Political Crisis: बिहार से एक बड़ा सियासी घटनाक्रम सामने आया है. यहां नीतीश कुमार ने बीजेपी के साथ अपना गठबंधन खत्‍म कर लिया है. सूत्रों ने कहा कि वह आज शाम राष्‍ट्रीय जनता दल नेता तेजस्‍वी यावद के साथ राज्‍यपाल से मुलाकात करने के लिए तैयार हैं.

बिहार के सियासी घटनाक्रम से जुड़ी 10 बातें

  1. दूसरी बार बीजेपी का साथ छोड़ने का फैसल लेने के लिए सीएम नीतीश कुमार ने आज  अपने विधायकों से भेंट की. पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने बैठक से पहले एनडीटीवी से कहा, "विस्‍फोटक समाचार के लिए तैयार रहिए. "

  2. बीजेपी से जुड़े एक वरिष्‍ठ सूत्र ने नाम न उजागर करने की शर्त पर कहा, "इस गठजोड़ के जीवित रहने की उम्‍मीद करना एक बेहद बीमार मरीज के परिवार की उम्‍मीद छोड़ने जैसा है. "

  3. दोनों पार्टियों के बीच का तनाव ब्रेक प्‍वाइंट पर पहुंच गया था. नीतीश कुमार का मानना था कि केंद्रीय मंत्री अमित शाह लगातार जेडीयू को विभाजित करने के लिए काम कर रहे हैं.  

  4. नीतीश कुमार ने अपनी पार्टी के पूर्व नेता आरसीपी सिंह पर अमित शाह के मोहरे के रूप में काम करने का आरोप लगाया था. जेडीयू की ओर से भ्रष्‍टाचार का आरोप लगाए जाने के बाद  आरसीपी ने पिछले सप्‍ताह के अंत में जेडीयू से इस्‍तीफा दे दिया था. 

  5. वर्ष 2017 में आरसीपी ने नी‍तीश कुमार के प्रतिनिधि के तौर पर जेडीयू कोटे से केंद्रीय मंत्रिमंडल ज्‍वॉइन किया था. 

  6. उनके एक करीबी सहयोगी ने कल कहा कि आरसीपी ने अपनी मर्जी से केंद्र में शामिल होने का फैसला किया था और नीतीश को बताया था कि अमित शाह ने कहा था कि जेडीयू के प्रतिनिधि के तौर पर अकेले वे (आरसीपी) ही स्‍वीकार्य हैं.जेडीयू के राष्‍ट्रीय अध्‍यक्ष राजीव रंजन सिंह उर्फ लल्‍लन सिंह ने इस पर तल्‍ख प्रतिक्रिया देते हुए कहा था, "क्‍या अमित शाह हमारी पार्टी के मामलों पर फैसला करेंगे. "

  7. बिहार में राजनीतिक संकट के बीच राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेतृत्व में विपक्षी पार्टियों ने सोमवार को कहा कि वह नीतीश कुमार और उनकी पार्टी जनता दल यूनाइटेड , जद(यू) को ‘‘ गले लगाने'' को तैयार है, बशर्ते वह भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का साथ छोड़ दे.

  8. इसके अलावा बिहार में राजनीतिक घटनाक्रम पर चर्चा के लिए राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने मंगलवार सुबह 11 बजे बैठक बुलाई है. इससे पहले सोमवार को कांग्रेस पार्टी ने राज्य में विकसित हो रहे राजनीतिक परिदृश्य पर विचार करने के लिए बिहार में अपने विधायक दल की बैठक भी बुलाई थी.

  9. वहीं जदयू नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा ने सोमवार को कहा कि गठबंधन में सब कुछ ठीक है. कुशवाहा ने कहा, 'हां बिल्कुल... एनडीए गठबंधन में सबकुछ ठीक है..आज हम कोई दावा नहीं कर रहे हैं लेकिन नीतीश कुमार में प्रधानमंत्री बनने की सारी योग्यताएं हैं.'

  10. बता दें कि बिहार विधानसभा चुनाव 2020 (Bihar Assembly Election 2020) में 243 सीटों में से नीतीश की पार्टी JDU ने 45 सीटों पर जीत हासिल की थी. जबकि BJP ने 77 सीटों पर विजय हासिल की थी. JDU के कम सीटें जीतने के बावजूद BJP ने नीतीश को मुख्यमंत्री बनाया था और प्रदेश की कामान उनको सौंपी थी. बिहार विधानसभा चुनाव 2020 में राष्ट्रीय जनता दल ने 79 सीटें और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने 19 सीटों पर जीत हासिल की थी. जबकि हम को 4 सीटें मिली थी.