भले ही जसप्रीत बुमराह को अफगानिस्तान के खिलाफ टी-20 सीरीज और एशियन गेम्स के लिए टीम में शामिल किया गया है लेकिन उनकी फिटनेस सबसे बड़ा सवाल है. अगर बुमराह पूरी तरह से फिट हुए तो ही उन्हें खेलने का मौका मिलेगा. ऐसे में बीसीसीआई ने उनके विकलप के तौर पर काम करना शुरू कर दिया है. बुमराह काफी समय से घुटने की चोट से जूझ रहे हैं. 16 जुलाई को इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे वनडे मैच के दौरान बुमराह के घुटने में चोट लगी थी, जिससे उनकी पुरानी चोट और बढ़ गई. उस मैच के बाद से उन्होंने कोई गेंद नहीं फेंकी है और उनके ठीक होने की प्रक्रिया अभी भी जारी है.
टाइम्स ऑफ़ इंडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार ऐसे समय में जब बुमराह की फिटनेस सवाल के घेरे में है, ऐसे में बीसीसीआई के सेलेक्टर्स ने प्रिंस यादव को "संभावित बैकअप" के तौर पर चुना है. रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि बुमराह, नीतीश कुमार रेड्डी, वॉशिंगटन सुंदर और हर्षित राणा के साथ, 10 सितंबर को दिल्ली में टीम से जुड़ने की मंजूरी मिलने से पहले एक हफ्ते तक मैच-सिमुलेशन टेस्ट से गुजरेंगे.
भारत के पूर्व बल्लेबाज सुब्रमण्यम बद्रीनाथ ने हाल ही में बुमराह के मामले को ठीक से न संभालने के लिए टीम मैनेजमेंट की कड़ी आलोचना की. पिछले साल जनवरी में पीठ की चोट लगने के बाद से ही बीसीसीआई बुमराह के वर्कलोड को मैनेज करने पर ध्यान दे रहा है, लेकिन नतीजे अच्छे नहीं रहे हैं.
बद्रीनाथ ने बुमराह के खराब मैनेजमेंट के लिए टीम के कप्तान, कोच और चयनकर्ताओं को जिम्मेदार ठहराया। बद्रीनाथ ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा, "मुझे नहीं पता कि यह फैसला किसने लिया, सीओई तो चयन नहीं करेगा, है ना? वे बस इतना बताएंगे कि खिलाड़ी की स्थिति क्या है, वह कौन से मैच खेल सकता है और उसके शरीर की हालत कैसी है. लेकिन मुझे लगता है कि कप्तान, कोच और चयनकर्ता ही फैसला लेते हैं. सीओई सिर्फ जानकारी पहुंचाता है, वे चयनकर्ता नहीं हैं."
बता दें कि भारत और अफगानिस्तान के बीच टी-20 सीरीज का पहला मैच 13 सितंबर को खेला जाएगा .भारतीय टीम अफगानिस्तान के खिलाफ 3 मैचों की सीरीज खेलेगी.
ये भी पढ़ें- 17 साल के कृष्ण चंद्र ने छोड़ा नीरज चोपड़ा को पीछे, U-18 में सबसे दूर भाला फेंकने वाले टॉप 5 जैवलिन थ्रोअर
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं