भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कह दिया है. शुक्रवार को शमी ने सोशल मीडिया के जरिए अपने फैसले की जानकारी दी. उनके इस ऐलान के साथ भारतीय क्रिकेट के एक यादगार अध्याय का अंत हो गया. शमी ने 'एक्स' पर लिखा, "मैं सफेद जर्सी तो छोड़ रहा हूं, लेकिन उससे जुड़ी यादें हमेशा मेरे साथ रहेंगी. जब मैंने पहली बार भारत की टेस्ट जर्सी पहनी थी, तब मेरा बस एक ही सपना था, अपने देश के लिए कुछ कर दिखाना. तब से लेकर अब तक हर विकेट, हर संघर्ष, हर चोट और हर वापसी ने मुझे कुछ न कुछ सिखाया है."
Safed jersey se vida le raha hoon, lekin usse judi yaadon se kabhi nahi… 🇮🇳❤️ Jab pehli baar Bharat ki Test jersey pehni thi, tab sirf ek sapna tha — apne desh ke liye kuch kar dikhane ka.. Uske baad har wicket, har sangharsh, har chot aur har comeback ne mujhe kuch na kuch sikhaya. Test cricket mere liye sirf ek format nahi, meri zindagi ka ek behad khaas hissa raha hai. Aaj bhaari dil aur anginat khoobsurat yaadon ke saath main Test cricket se retirement lene ka faisla kar raha hoon. Is safar mein mera saath dene wale har teammate, coach, family aur un karodon Bharatiyon ka dil se shukriya, jinhone achhe aur mushkil dono waqt mein mujh par bharosa banaye rakha.. BCCI aur Cricket Association of Bengal (CAB) ka bhi dil se shukriya, jinhone mere talent par bharosa kiya, mujhe aage badhne ke mauke diye aur mere cricket ke safar mein ek aham bhoomika nibhayi. Aapka saath aur vishwas mere liye hamesha khaas rahega. Maidan par meri aakhri Test ball bhale hi fenki ja chuki ho, lekin Bharat ke liye khelne ka garv hamesha mere dil mein zinda rahega. Shukriya, Test Cricket. ❤️ Aapka Shami 🇮🇳 #Mdshami11 #Mdshami #TestCricket #Retirement
— 𝕸𝖔𝖍𝖆𝖒𝖒𝖆𝖉 𝖘𝖍𝖆𝖒𝖎 (@MdShami11) November 6, 2026
36 वर्षीय तेज गेंदबाज ने आगे कहा, "मेरे लिए टेस्ट क्रिकेट सिर्फ एक फॉर्मेट नहीं रहा, बल्कि यह मेरी जिंदगी का एक बेहद खास हिस्सा रहा है. आज भारी मन और अनगिनत खूबसूरत यादों के साथ मैं टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला कर रहा हूं."
A career that was stitched with 𝙨𝙚𝙖𝙢 𝙖𝙣𝙙 𝙨𝙬𝙞𝙣𝙜! 🙌 That perfect seam position, those timely breakthroughs, those second-innings specials… and at times those out-of-the-park hits! You will be missed in India whites, Mohammad Shami 🥺 #TestCricket #Retirement #Shami #TeamIndia #INDvAUS
— Star Sports (@StarSportsIndia) November 6, 2026
नवंबर 2013 में टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण करने वाले शमी ने 64 टेस्ट मैचों में 229 विकेट लिए. उनका गेंदबाजी औसत 27.71 रहा. इस दौरान उन्होंने छह बार एक पारी में पांच या उससे ज्यादा विकेट हासिल किए. बल्ले से भी उन्होंने 750 रन बनाए, जिसमें दो अर्धशतक शामिल रहे. शमी की पहचान सिर्फ विकेट लेने वाले गेंदबाज की नहीं थी. सीम पर उनका नियंत्रण, पुरानी गेंद से रिवर्स स्विंग और लंबे स्पेल में एक जैसी रफ्तार बनाए रखने की क्षमता उन्हें खास बनाती थी. उनके करियर के पांच ऐसे स्पेल रहे, जिन्हें भारतीय क्रिकेट लंबे समय तक याद रखेगा.
1. पर्थ में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 6/56, करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन
शमी के टेस्ट करियर का सबसे शानदार गेंदबाजी प्रदर्शन 2018 में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर पर्थ में देखने को मिला था. सीरीज के दूसरे टेस्ट की दूसरी पारी में उन्होंने 56 रन देकर छह विकेट हासिल किए थे. यह टेस्ट क्रिकेट में उनका सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी प्रदर्शन है.
पर्थ की तेज और उछाल वाली पिच पर शमी ने अपनी रफ्तार और सटीक लाइन-लेंथ से ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को लगातार परेशान किया. उन्होंने उस्मान ख्वाजा, आरोन फिंच और टिम पेन जैसे अहम बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा. लंच के बाद उनके एक स्पेल ने ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजी की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया था. हालांकि भारत यह मुकाबला नहीं जीत सका, लेकिन यह स्पेल उनके टेस्ट करियर के सबसे यादगार प्रदर्शनों में गिना जाता है.
2. डेब्यू टेस्ट में वेस्टइंडीज के खिलाफ 9 विकेट, पहली ही सीरीज में छोड़ी छाप
नवंबर 2013 में कोलकाता के ईडन गार्डन्स में वेस्टइंडीज के खिलाफ खेले गए अपने पहले टेस्ट में शमी ने शानदार शुरुआत की थी. पहली पारी में उन्होंने 71 रन देकर चार विकेट लिए, जबकि दूसरी पारी में 47 रन देकर पांच बल्लेबाजों को आउट किया.
इस तरह मैच में उनके नाम 118 रन देकर 9 विकेट रहे. उनकी रिवर्स स्विंग और सटीक गेंदबाजी के सामने वेस्टइंडीज के बल्लेबाज टिक नहीं सके. भारत ने यह मुकाबला पारी और 51 रन से जीता था. किसी भारतीय तेज गेंदबाज के लिए पदार्पण टेस्ट में नौ विकेट लेना बड़ी उपलब्धि थी. शमी ने अपने पहले ही मैच में बता दिया था कि भारतीय तेज गेंदबाजी को एक भरोसेमंद नाम मिल चुका है.
3. जोहानिसबर्ग में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 5/28, मुश्किल पिच पर किया कमाल
जनवरी 2018 में दक्षिण अफ्रीका दौरे पर जोहानिसबर्ग टेस्ट में शमी ने एक और यादगार प्रदर्शन किया. वांडरर्स की चुनौतीपूर्ण पिच पर भारत को 241 रन के लक्ष्य का बचाव करना था.
दूसरी पारी में शमी ने 28 रन देकर पांच विकेट झटके. चौथे दिन उनकी सटीक गेंदबाजी ने दक्षिण अफ्रीका की बल्लेबाजी को बिखेर दिया. उन्होंने मध्यक्रम और निचले क्रम के बल्लेबाजों को लगातार दबाव में रखा. इस स्पेल की बदौलत भारत ने मुकाबला 63 रन से जीता. विदेशी धरती पर मिली यह जीत भारतीय टीम के लिए काफी अहम थी.
4. विशाखापत्तनम में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 5/35, दूसरी पारी में फिर बरपाया कहर
अक्टूबर 2019 में दक्षिण अफ्रीका के भारत दौरे पर विशाखापत्तनम टेस्ट की दूसरी पारी में शमी ने 35 रन देकर पांच विकेट हासिल किए.
पांचवें दिन पिच से तेज गेंदबाजों को ज्यादा मदद नहीं मिल रही थी, लेकिन शमी ने अपनी रफ्तार और अनुशासित गेंदबाजी से दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों को टिकने नहीं दिया. उन्होंने फाफ डुप्लेसी और क्विंटन डिकॉक जैसे अहम बल्लेबाजों को आउट किया. भारत ने यह मैच 203 रन से जीता और शमी की गेंदबाजी ने इस जीत में बड़ी भूमिका निभाई.
5. सेंचुरियन में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 5/44, ऐतिहासिक जीत में निभाई अहम भूमिका
दिसंबर 2021 में सेंचुरियन टेस्ट में शमी ने पहली पारी में 44 रन देकर पांच विकेट हासिल किए थे. सुपरस्पोर्ट पार्क की पिच पर उन्होंने सीम मूवमेंट का बेहतरीन इस्तेमाल किया और दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया.
इसी मैच के दौरान शमी ने टेस्ट क्रिकेट में अपने 200 विकेट भी पूरे किए. वह यह उपलब्धि हासिल करने वाले भारत के पांचवें तेज गेंदबाज बने. भारत ने मुकाबला 113 रन से जीता और सेंचुरियन में अपनी पहली टेस्ट जीत दर्ज की. इसलिए यह स्पेल आंकड़ों के साथ-साथ ऐतिहासिक महत्व भी रखता है.
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