विज्ञापन

वॉरेन बफे का नया मंत्र- 'जब कोई फोन न उठाए, तभी मार्केट में लगाएं पैसे', बाजार के माहौल पर क्‍यों दी चेतावनी?

Warren Buffet Investing Rules: वॉरेन बफे ने निवेशकों को बाजार की मौजूदा तेजी से बचने की सलाह दी है। $400 बिलियन कैश के साथ बफे सही मौके का इंतजार क्यों कर रहे हैं? जानिए विस्तार से

वॉरेन बफे का नया मंत्र- 'जब कोई फोन न उठाए, तभी मार्केट में लगाएं पैसे', बाजार के माहौल पर क्‍यों दी चेतावनी?
Warren Buffett investment strategy: बर्कशायर हैथवे की 2026 की मीटिंग में बफे ने बाजार में निवेशकों की जल्दबादी और AI के खतरों पर बड़ी चेतावनी दी.

Warren Buffett Investment Strategy: शेयर बाजार की रिकॉर्ड ऊंचाई और चारों तरफ मची 'हाहाकार' के बीच, दुनिया के सबसे सफल निवेशक वॉरेन बफे एक चुप्‍पी और शांति बनाए हुए हैं. बर्कशायर हैथवे की 2026 की मीटिंग में जो सबसे बड़ी हेडलाइन निकलकर आई, वो थी बर्कशायर का $397 बिलियन (लगभग 400 अरब डॉलर) का कैश भंडार. सवाल है कि आखिर बफे इतना सारा पैसा दबाकर क्यों बैठे हैं? इसका जवाब उन्होंने अपनी 'चेतावनी' में दिया है.

बफे ने विदेशी मीडिया हाउस CNBC के साथ एक इंटरव्‍यू में दावा किया कि वर्तमान में निवेश का माहौल 'आदर्श' (Ideal) नहीं है. उन्होंने कहा कि बाजार में कीमतें इतनी अधिक हो चुकी हैं कि किसी भी कंपनी को उसके वास्तविक मूल्य पर खरीदना असंभव लग रहा है. 

वॉरेन बफे का नया मंत्र 

बफे ने निवेशकों को एक सूत्र दिया- 'निवेश का सबसे अच्छा समय वह होता है जब कोई दूसरा अपना फोन न उठाए.' उनका इशारा उस समय की ओर था जब बाजार में ऐसी गिरावट आए कि लोग डर के मारे बात करना बंद कर दें और कंपनियां पूंजी के लिए तरसें. बफे के अनुसार, अभी 'लालच' चरम पर है और बर्कशायर जैसी कंपनी के लिए 'कुछ न करना' ही सबसे सक्रिय रणनीति है.

बफे ने निवेशकों को 'डीपफेक' और एआई (AI) के युग में साइबर जोखिमों के प्रति भी आगाह किया. मीटिंग की शुरुआत में बफे के ही एक एआई-जनित नकली वीडियो (Deepfake) ने सवाल पूछा, जिसने सबको चौंका दिया. बफे ने कहा कि तकनीक जितनी बढ़ रही है, धोखाधड़ी का जोखिम उतना ही घातक होता जा रहा है.

गोल्‍डन रूल का पालन करने की सलाह 

उन्होंने निवेशकों को सलाह दी कि वे केवल उन व्यवसायों में रहें जिन्हें वे समझते हैं और 'गोल्डन रूल' का पालन करें. बफे ने साफ किया कि बर्कशायर के पास सही मैनेजमेंट (ग्रेग एबेल) है और वे अपने मौके का इंतजार करेंगे, भले ही इसमें कितना भी समय क्यों न लगे. उनके लिए पूंजी की सुरक्षा, रिटर्न की जल्दबाजी से कहीं अधिक महत्वपूर्ण है.

बता दें कि बर्कशायर की ऑपरेटिंग अर्निंग में जबरदस्त उछाल आया है, बावजूद इसके कि वे खरीदारी नहीं कर रहे. महंगाई और हाई-इंटरेस्ट रेट्स के कारण उपभोक्ता मांग में कमी देखी जा रही है, जिसका असर नेटजेट्स और रिटेल बिजनेस पर पड़ रहा है. बफे ने ये भी कहा कि वे धार्मिक नहीं हैं, लेकिन 'दूसरों के साथ अच्छा व्यवहार' ही सबसे बड़ा निवेश है.

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com