देश के सबसे बड़े बैंक SBI ने मिडिल ईस्ट संकट के बीच MSME यानी सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों के लिए 75 से 80 हजार करोड़ के फंड का प्रावधान कर रखा है. भारतीय स्टेट बैंक के नतीजे जारी होने के बाद NDTV प्रॉफिट ने चेयरमैन सीएस शेट्टी से एक्सक्लूसिव बातचीत की. उन्होंने बताया है कि बैंक केंद्र सरकार की 'इमरजेंसी क्रेडिट लाइन गारंटी योजना 5.0' (ECLGS 5.0) के तहत पश्चिम एशिया संकट से प्रभावित MSME को लगभग 75,000 से 80,000 करोड़ रुपये तक का कर्ज बांट सकता है.
NDTV Profit के साथ एक विशेष बातचीत में शेट्टी ने स्पष्ट किया कि यह कर्ज की वो ऊपरी सीमा है जो SBI दे सकता है, हालांकि इस योजना का लाभ उठाने वाले लोग कम हो सकते हैं.
MSME के लिए फंड तैयार, गाइडलाइन्स का इंतजार
शेट्टी ने कहा, '80,000 करोड़ रुपये का यह फंड उन MSMEs के लिए है जो ECLGS 5.0 के आधार पर हमारे रिकॉर्ड में पात्र हैं. अभी तक हमने इसकी बहुत अधिक मांग नहीं देखी है, हम योजना के रोल-आउट होने का इंतजार कर रहे हैं क्योंकि इसके दिशा-निर्देश (guidelines) अब प्राप्त हो गए हैं'.
उन्होंने आगे कहा कि उनके आकलन के अनुसार, पूरी 80,000 करोड़ रुपये की राशि का उपयोग नहीं हो पाएगा, क्योंकि सरकार ने भी सबसे खराब स्थिति में 2.55 लाख करोड़ रुपये के उपयोग का अनुमान लगाया था. शेट्टी का मानना है कि वर्तमान अनुमान के आधार पर लगभग 30-40% लोग ही इस सुविधा का उपयोग करेंगे.
एआई और साइबर सुरक्षा की चुनौती
शेट्टी, जो इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (IBA) के अध्यक्ष भी हैं, ने बताया कि बैंकर्स सरकार और नियामकों के साथ मिलकर 'Mythos' जैसे उन्नत AI मॉडल से उत्पन्न होने वाले जोखिमों से निपटने के लिए समन्वय कर रहे हैं. वे एक समिति की अध्यक्षता कर रहे हैं जो विभिन्न बैंकों के मुख्य सूचना सुरक्षा अधिकारियों के साथ मिलकर इन जोखिमों का सामूहिक रूप से आकलन कर रही है. वहीं, SBI खुद भी अपनी साइबर सुरक्षा और डिजिटल बुनियादी ढांचे को अपग्रेड करने में निवेश कर रहा है.
रिटेल सेगमेंट में मजबूत ग्रोथ और भविष्य के लक्ष्य
- लोन ग्रोथ: होम लोन, पर्सनल लोन और गोल्ड लोन सहित रिटेल सेगमेंट में ऋण वृद्धि मजबूत रही है. बैंक को उम्मीद है कि यह रुझान वित्त वर्ष 2027 में भी जारी रहेगा, जिसके लिए 13-15% की सालाना ऋण वृद्धि का लक्ष्य रखा गया है.
- गोल्ड लोन: गोल्ड लोन सेगमेंट में आई तेजी पर उन्होंने कहा कि यह चिंताजनक नहीं है, क्योंकि सोने की कीमतें बढ़ी हैं और ग्राहक इसका लाभ उठा रहे हैं. साथ ही, बैंक गोल्ड लोन पर संतुलित 'लोन-टू-वैल्यू' अनुपात रखते हैं जो विपरीत समय में राहत देता है.
- डिपॉजिट टारगेट: SBI का लक्ष्य वित्त वर्ष 2027 में डिपॉजिट ग्रोथ को 11-12% तक ले जाना और 3% का नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) हासिल करना है.
- SBI AMC लिस्टिंग: यदि बाजार की स्थिति स्थिर रही और नियामक मंजूरी मिली, तो बैंक सितंबर 2026 तक अपनी एसेट मैनेजमेंट कंपनी (AMC) को लिस्ट करने पर विचार करेगा.
ये भी पढ़ें: शिफ्ट खत्म होते ही सैलरी! किसे वीकेंड से पहले और किसे 7 तारीख तक मिलेगी पगार, सरकार ने बता दी डेडलाइन
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं