80वें स्वतंत्रता दिवस (Independence Day 2026) से ठीक पहले, अदाणी ग्रुप (Adani Group) के चेयरमैन गौतम अदाणी ने एक स्पेशल संबोधन में अपने सफर, चुनौतियों और 'विकसित भारत' के संकल्प पर खुलकर बात की. अमेरिकी कोर्ट में अमेरिकी न्याय विभाग (DoJ) का केस खारिज किए जाने के बाद अपने संबोधन में उन्होंने कानूनी जीत से ज्यादा विनम्रता, कानून के शासन और देश के प्रति समर्पण को अहम बताया है.
लाखों युवाओं में दिखती है मुझे अपनी कहानी
देश के कोने-कोने से जब युवा अपने घर, अपने परिवार को छोड़कर, आंखों में सपने लिए हमारी प्रोजेक्ट साइट्स पर आते हैं तो उनमें मुझे अपना ही सफर दिखाई देता है. इस बारे में गौतम अदाणी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर की एक पोस्ट में कहा, 'मैं 16 वर्ष की आयु में काम सीखने और समझने के लिए मुंबई आया. मुझे पता है कि आप में से बहुत से साथियों ने भी जीवन में भी ऐसा ही दिन देखा होगा, जब आपने अपने गांव, शहर और परिवार को पीछे छोड़कर एक नए भविष्य की तलाश में पहला कदम रखा होगा. जीवन में पहला कदम ही सबसे कठिन और निर्णायक होता है.'
देश के कोने-कोने से
— Gautam Adani (@gautam_adani) August 12, 2026
जब युवा अपने घर, अपने परिवार को छोड़कर,
आँखों में सपने लिए हमारी Project Sites पर आते हैं
तो उनमें मुझे अपना ही सफ़र दिखाई देता है।
16 साल की उम्र।
मुंबई की ओर पहला कदम।
न माँ के हाथ का खाना।
न पिता की सुरक्षा का एहसास।
न कोई तय रास्ता।
बस मेहनत का हौसला
और… pic.twitter.com/v5y3JdoDh0
उन्होंने आगे कहा कि यही पहला कदम हमें आकार देता है और हमारा भविष्य निर्धारित करता है.
'कानूनी लड़ाइयों ने मुझे ज्यादा विनम्र बनाया'
अहमदाबाद में 'अपनी बात, अपनों के साथ' (Apni Baat, Apno Ke Saath) के दूसरे संस्करण के तहत अपने कर्मचारियों और सहयोगियों ('अदाणी परिवार') को संबोधित करते हुए गौतम अदाणी ने 10 अगस्त 2026 को न्यूयॉर्क की पूर्वी जिला अदालत (EDNY) की ओर से DoJ के मामले को खारिज किए जाने का जिक्र किया.
उन्होंने कहा कि इस कानूनी लड़ाई और हिंडनबर्ग रिसर्च के आरोपों जैसे कठिन दौर ने उन्हें जीत का जश्न मनाने के बजाय अधिक विनम्र बनाया है. इस पूरी प्रक्रिया ने कानून के शासन में उनके भरोसे को और मजबूत किया है. उन्होंने उन सभी कर्मचारियों, साझीदारों और शुभचिंतकों के प्रति गहरी कृतज्ञता व्यक्त की, जो इस मुश्किल दौर में समूह के साथ चट्टान की तरह खड़े रहे.
गौतम अदाणी ने समुद्र मंथन का दिया उदाहरण
समुद्र मंथन का उदाहरण देते हुए गौतम अदाणी ने कहा कि प्रतिकूल परिस्थितियां किसी व्यक्ति के चरित्र को बनाती नहीं हैं, बल्कि उसे उजागर करती हैं. हिंडनबर्ग के आरोपों और DoJ की कार्यवाही ने समूह के सिद्धांतों को कमजोर करने के बजाय धैर्य, निष्पक्ष प्रक्रिया और कठिन समय में भी सही रास्ते पर चलने की प्रतिबद्धता को और पुख्ता किया.
उन्होंने अपने 20,000 करोड़ रुपये के फॉलो-ऑन पब्लिक ऑफर (FPO) को वापस लेने के फैसले का जिक्र करते हुए कहा, 'ट्रस्ट यानी भरोसा किसी भी कानूनी अधिकार से बड़ा होता है. कानून आपको अधिकार दे सकता है, लेकिन आपके मूल्य तय करते हैं कि उन अधिकारों का उपयोग कब किया जाना चाहिए.'
चुनौतियों के बावजूद जारी रहा काम
गौतम अदाणी ने रेखांकित किया कि अमेरिकी अदालती कार्यवाही के दौरान भी अदाणी ग्रुप ने अपना पूरा ध्यान कामकाज पर बनाए रखा. समूह ने इस बेहद करीब से परखे जा रहे दौर में भी अपने अब तक के सबसे मजबूत व्यावसायिक प्रदर्शन दिए, प्रमुख इंफ्रा प्रोजेक्ट्स को आगे बढ़ाया और विभिन्न क्षेत्रों में अपनी स्थिति को और मजबूत किया.
उन्होंने खावड़ा रिन्यूएबल एनर्जी पार्क (Khavda Renewable Energy Park) के युवा इंजीनियर अमित कुमार के साथ हुई अपनी बातचीत को याद करते हुए कहा कि विकास केवल विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचे से नहीं, बल्कि उससे मिलने वाली उम्मीद और जीवन में आने वाले बदलावों से मापा जाता है.
'विकसित भारत' की ओर कदम
देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस के संदर्भ में बात करते हुए उन्होंने कहा कि यह अवसर न केवल देश की उपलब्धियों का जश्न मनाने का है, बल्कि यह सोचने का भी है कि वर्तमान पीढ़ी आने वाले समय में क्या विरासत छोड़कर जाएगी.
अपने तीन लाख से अधिक कर्मचारियों और साझीदारों वाले 'अदाणी परिवार' का आह्वान करते हुए उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य केवल विश्व स्तर के कारोबार खड़ा करना नहीं है, बल्कि ऐसी संस्थाओं का निर्माण करना है जो पीढ़ियों तक टिके रहें और 'विकसित भारत' के सपने को साकार करने में मदद करें.
अब देखिए पूरा वीडियो
देश के कोने-कोने से
— Gautam Adani (@gautam_adani) August 12, 2026
जब युवा अपने घर, अपने परिवार को छोड़कर,
आँखों में सपने लिए हमारी Project Sites पर आते हैं
तो उनमें मुझे अपना ही सफ़र दिखाई देता है।
16 साल की उम्र।
मुंबई की ओर पहला कदम।
न माँ के हाथ का खाना।
न पिता की सुरक्षा का एहसास।
न कोई तय रास्ता।
बस मेहनत का हौसला
और… pic.twitter.com/v5y3JdoDh0
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(Disclaimer: New Delhi Television is a subsidiary of AMG Media Networks Limited, an Adani Group Company.)
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