विज्ञापन

आपके घर तक पहुंचेगा PNG कनेक्शन, देश भर में बिछेगी गैस पाइपलाइन! ये है सरकार का बड़ा प्लान

सरकार का तर्क है कि जिन शहरी और आवासीय क्षेत्रों में पाइपलाइन पहुंच सकती है, वहां PNG को अनिवार्य या सुलभ बनाया जाएगा, जबकि LPG सिलेंडरों को उन ग्रामीण इलाकों के लिए 'रिलीज' किया जाएगा जहां पाइपलाइन बिछाना फिलहाल संभव नहीं है.

आपके घर तक पहुंचेगा PNG कनेक्शन, देश भर में बिछेगी गैस पाइपलाइन! ये है सरकार का बड़ा प्लान
PNG Connections Pipeline: देश के शहरी इलाकों में बिछेगी PNG पाइपलाइन

मध्य पूर्व (Middle-East) में पिछले 25 दिनों से जारी जंग के बीच पैदा हुई रसोई गैस की किल्‍लत ने सबका ध्‍यान खींचा है. ये संकट और गहरा न हो, इसके लिए केंद्र सरकार बड़े कदम उठा रही है और इन्‍हीं प्रयासों का हिस्‍सा है- PNG पर सरकार का नया आ
ने भारत की रसोई के बजट और ऊर्जा सुरक्षा के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है. इस संकट से निपटने के लिए भारत सरकार ने एक क्रांतिकारी कदम उठाते हुए देश में पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) नेटवर्क के विस्तार की गति को 'सुपरफास्ट' करने का फैसला किया है. मंगलवार को पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने एक ऐतिहासिक आदेश जारी कर पाइपलाइन बिछाने के रास्ते की सभी कानूनी और प्रशासनिक बाधाओं को खत्म कर दिया है.

क्या है सरकार का नया आदेश?

पेट्रोलियम मंत्रालय ने आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 के तहत 'नेचुरल गैस एंड पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स डिस्ट्रीब्यूशन ऑर्डर, 2026' को अधिसूचित किया है. यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है.  

  • टाइम फ्रेमवर्क: पाइपलाइन बिछाने, नेटवर्क सेटअप करने और विस्तार में होने वाली देरी को दूर करने के लिए एक सख्त टाइमलाइन तय की गई है.
  • बाधाएं होंगी खत्म: अब रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWAs) या स्थानीय अधिकारियों द्वारा अनुचित शुल्क वसूलने या जमीन तक पहुंच रोकने जैसी चुनौतियों का समाधान तेजी से किया जाएगा.
  • निवेशकों के अनुकूल: यह आदेश इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर के विकास के लिए एक पारदर्शी और निवेशकों के लिए आसान फ्रेमवर्क तैयार करता है.
Latest and Breaking News on NDTV

LPG का बोझ कम करने की तैयारी

सरकार का तर्क है कि जिन शहरी और आवासीय क्षेत्रों में पाइपलाइन पहुंच सकती है, वहां PNG को अनिवार्य या सुलभ बनाकर LPG सिलेंडरों को उन ग्रामीण इलाकों के लिए 'रिलीज' किया जाएगा जहां पाइपलाइन बिछाना फिलहाल संभव नहीं है. इससे देश के भीतर ईंधन का एक संतुलित और कुशल वितरण तंत्र बनेगा. अधिकारियों के मुताबिक, कई क्षेत्रों में पाइपलाइन होने के बावजूद लोग पुरानी आदतों के कारण LPG का उपयोग कर रहे थे, जिसे अब इस नए फ्रेमवर्क के जरिए बदला जाएगा.

युद्ध और 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' का संकट

भारत अपनी जरूरत का 60% LPG आयात करता है, जिसका 90% हिस्सा ओमान और ईरान के बीच स्थित 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़' (Strait of Hormuz) से होकर गुजरता है. युद्ध की वजह से इस समुद्री रास्ते में भारत के 5 LPG कार्गो जहाज फंसे हुए हैं, जिससे आपूर्ति बाधित हो रही है. इसी जोखिम को कम करने के लिए सरकार अब घरों तक सीधे पाइपलाइन से गैस पहुँचाने पर जोर दे रही है ताकि विदेशी आयात और जहाजों पर निर्भरता कम की जा सके.

ऊर्जा सुरक्षा और 'गैस आधारित अर्थव्यवस्था'

पेट्रोलियम मंत्रालय के अनुसार, 'इस नए आदेश का उद्देश्य अंतिम मील कनेक्टिविटी (Last Mile Connectivity) में सुधार करना और खाना पकाने, परिवहन व उद्योगों के लिए स्वच्छ ईंधन को बढ़ावा देना है.' यह कदम भारत को एक 'गैस आधारित अर्थव्यवस्था' की ओर ले जाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा.

मौजूदा दौर में जहां खाड़ी देशों में गैस सुविधाओं को नुकसान पहुंचा है, भारत का अपनी आंतरिक पाइपलाइन प्रणाली को मजबूत करना एक दूरदर्शी कदम है. यह न केवल घरों में निरंतर ईंधन की आपूर्ति सुनिश्चित करेगा, बल्कि आयात पर खर्च होने वाले करोड़ों डॉलर की भी बचत करेगा.

ये भी पढ़ें: टेक-AI में सुपर, IPL डील में सबसे ऊपर! राजस्‍थान रॉयल्‍स को 15,000 करोड़ में खरीदने वाले काल सोमानी कौन हैं, कितनी है नेटवर्थ? 

Kal Somani Net Worth: टेक-AI में सुपर, IPL डील में सबसे ऊपर! राजस्‍थान रॉयल्‍स को 15,000 करोड़ में खरीदने वाले काल सोमानी कौन हैं, कितनी है नेटवर्थ? 

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com