नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव (फाइल फोटो)
पटना:
बिहार के जोकीहाट विधानसभा उपचुनाव को सीएम नीतीश कुमार के लिए प्रतिष्ठा के तौर पर देखा जा रहा था, मगर अब नतीजे सामने आने के बाद नीतीश कुमार को बड़ा झटका लगा है और राजद ने इस उपचुनाव में बाजी मार ली है. राजद नेता तेजस्वी यादव ने एक बार फिर से नीतीश कुमार को पटखनी दे दी है. वोटों की गिनती के बाद नतीजे सामने आ गये हैं और राजद के शहनवाज आलम ने 41224 वोटों के अंतर से जदयू के उम्मीदवार को हरा दिया है. बता दें कि जोकीहाट सीट के लिए वोटों की गिनती के दौरान शुरू में राजद ने बढ़त बनाई, मगर बाद में सत्ताधारी पार्टी जनता दल यूनाइटेड आगे हो गई. हालांकि, जब तक नतीजे आने तक आगे-पीछे ये आंकड़े होते रहे. जोकीहाट विधानसभा उपचुनाव मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के लिए प्रतिष्ठा की लड़ाई थी, क्योंकि जब पिछले साल नीतीश कुमार ने बीजेपी के साथ मिलकर सरकार का गठन किया था, तब जदयू के विधायक ने पार्टी का साथ छोड़कर राजद का हाथ थामा था. जोकीहाट में जनता दल यूनाइटेड के उम्मीदवार मुर्शीद आलम और राजद के शहनवाज आलम के बीच थे.
नीतीश में हिम्मत नहीं है कि BJP की आंख में आंख डाल के बात कर सकें : तेजस्वी
राजनीतिक पंडितों का मानना था कि जोकीहाट विधानसभा सीट का रिजल्ट नीतीश कुमार की लोकप्रियता का लिटमस पेपर साबित होगा. और इससे साफ हो गया कि अब नीतीश कुमार की लोकप्रियता कम होती जा रही है. और बिहार में तेजस्वी यादव की राजनीतिक सक्रियता लगातार बढ़ रही है.
चारा घोटाले में लालू यादव के जेल जाने के बाद राष्ट्रीय जनता दल का कमान संभालने वाले तेजस्वी यादव के लिए भी यह उपचुनाव काफी अहम था. तेजस्वी यादव ने कहा था कि नीतीश कुमार की लोकप्रियता खत्म हो चुकी है, क्योंकि जब से उन्होंने आरजेडी और कांग्रेस को धोखा देने के बाद अपने गठबंधन सहयोगियों को बदल दिया था और बीजेपी से हाथ मिला लिया था.
बिहार के जोकीहाट विधानसभा उपचुनाव पर क्यों टिकीं सबकी नज़रें, यह हैं कारण
जनता दल यूनाइटेड ने मुर्शित आलम को जोकीहाट विधानसभा उपचुनाव में उतारा था, जिनके ऊपर सात आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिसमें एक गैंगरेप का मामला भी शामिल है. एक अन्य केस में पुलिस ने मंदिर से चोरी की गई मूर्ति को भी उनके घर से बरामद किया है.
बता दें कि जद (यू) के विधायक सरफराज आलम के विधानसभा एवं पार्टी से इस्तीफा देकर राजद के टिकट पर अररिया से सांसद चुने जाने के बाद जोकीहाट विधानसभा सीट खाली हुई थी. सरफराज के पिता मो़ तस्लीमुद्दीन राजद के सांसद थे, जिनका निधन पिछले साल सितंबर में हो गया था. पिता के निधन के बाद अररिया संसदीय सीट खाली हुई थी.
VIDEO: Top News @8AM: 4 लोकसभा सीट पर उपचुनाव के नतीजे
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राजनीतिक पंडितों का मानना था कि जोकीहाट विधानसभा सीट का रिजल्ट नीतीश कुमार की लोकप्रियता का लिटमस पेपर साबित होगा. और इससे साफ हो गया कि अब नीतीश कुमार की लोकप्रियता कम होती जा रही है. और बिहार में तेजस्वी यादव की राजनीतिक सक्रियता लगातार बढ़ रही है.
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जनता दल यूनाइटेड ने मुर्शित आलम को जोकीहाट विधानसभा उपचुनाव में उतारा था, जिनके ऊपर सात आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिसमें एक गैंगरेप का मामला भी शामिल है. एक अन्य केस में पुलिस ने मंदिर से चोरी की गई मूर्ति को भी उनके घर से बरामद किया है.
बता दें कि जद (यू) के विधायक सरफराज आलम के विधानसभा एवं पार्टी से इस्तीफा देकर राजद के टिकट पर अररिया से सांसद चुने जाने के बाद जोकीहाट विधानसभा सीट खाली हुई थी. सरफराज के पिता मो़ तस्लीमुद्दीन राजद के सांसद थे, जिनका निधन पिछले साल सितंबर में हो गया था. पिता के निधन के बाद अररिया संसदीय सीट खाली हुई थी.
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