उत्तराखंड (Uttarakhand) के उधम सिंह नगर (Udham Singh Nagar) के एक म्यूजिक टीचर (music teacher) जितेंद्र भट्ट (Jitendra Bhatt) ने अपनी 13 वर्षीय बेटी के पहले मासिक धर्म (period) को सेलिब्रेट करने के लिए एक 'पीरियड पार्टी' आयोजित करने के बाद सुर्खियां बटोरीं. भट्ट ने मासिक धर्म के प्रति प्रचलित गलत धारणाओं और दबे-छिपे रवैये को खत्म करने का लक्ष्य रखते हुए कहा कि यह एक प्राकृतिक प्रक्रिया है जिसे छुपाने के बजाय सेलिब्रेट किया जाना चाहिए.
कार्यक्रम में रागिनी की सहेलियों सहित किशोर लड़कियों ने भाग लिया और सशक्तिकरण और स्वीकृति का एक शक्तिशाली संदेश दिया. एक लड़की के जीवन में इस महत्वपूर्ण मील के पत्थर को चिह्नित करने के लिए मेहमान सैनिटरी पैड और चॉकलेट के उपहार लेकर पहुंचे.
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अब, ह्यूमन्स ऑफ बॉम्बे ने जितेंद्र भट्ट की कहानी शेयर की है और बताया है कि कैसे उन्हें अपनी बेटी के पहले मासिक धर्म का जश्न मनाने का विचार आया.
भट्ट ने एचओबी को बताया, “हर महीने, कुछ दिनों के लिए, मेरी चाची, बहनों और माँ को घर में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी जाती थी. वे बाहर रहते थे जहां उनके लिए बांस की लकड़ियों से एक 'घर' बनाया जाता था. अगर बांस उपलब्ध नहीं होते, तो वे गायों के साथ एक तबेले में रहती थीं.
उन्होंने आगे कहा, “एक बार, जब मैं अपनी चाची के पास गया जब वह मासिक धर्म से गुजर रही थीं, तो मुझ पर चिल्लाया गया और मुझे फिर से 'शुद्ध' करने के लिए मुझ पर गाय का पेशाब छिड़का गया. इन बातों ने मुझे हैरान कर दिया. जब भी मैं बड़ों से पूछता, वे कहते, 'गंदी होगी.' मुझे कुछ पता नहीं था. आख़िरकार, 10वीं कक्षा में मुझे पता चला कि इसका मूल कारण पीरियड्स था. मासिक धर्म के दौरान महिलाओं के साथ जिस तरह का व्यवहार किया जाता था, उससे मुझे घृणा होती थी. 16 साल की उम्र में, मैंने खुद से वादा किया था- 'मैं इस चक्र को तोड़ दूंगा','
भट्ट ने कहा, “तो, पिछले हफ्ते, उसके 13वें जन्मदिन पर, जब मुझे अपनी पत्नी से पता चला कि रागिनी को पहली बार मासिक धर्म हुआ है, तो मैंने उसके लिए एक पार्टी आयोजित करने का फैसला किया! मैंने करीबी दोस्तों और परिवार को आमंत्रित किया.''
देखें Video:
इस पोस्ट ने कई लोगों के दिलों को झकझोर कर रख दिया है. लोग ढेर सारे कमेंट कर जितेंद्र भट्ट की तारीफ कर रहे हैं.
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