डॉक्टर एडम हमावी न्यू जर्सी के 12वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट से चुनाव जीते हैं. उन्होंने रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवार ग्रेग मेले को हराया.56 साल के डॉ हमावी इस राज्य से अमेरिकी कांग्रेस में पहुंचने वाले पहले मुस्लिम हैं. डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता डॉ हमावी अमेरिकी सेना के लिए काम कर चुके हैं. वो 2024 में इजरायल-हमास युद्ध के दौरान मानवीय मदद पहुंचाने के लिए दक्षिणी गाजा गए थे. वहां मिले अनुभव ने उन्हें राजनीति में आने के लिए प्रेरित किया. वो डेमोक्रेटिक सांसद बोनी वाटसन कोलमैन की जगह लेंगे, जो दस साल तक अमेरिकी प्रतिनिधि सभा में रहने के बाद अब पद छोड़ रही हैं.
युद्ध में हुए नुकसान को करीब से देखा
डॉ हमावी एक प्लास्टिक सर्जन हैं. उन्होंने इराक युद्ध में अमेरिकी सेना में युद्ध के मैदान में घायल लोगों का इलाज करने वाले डॉक्टर के रूप में काम किया. इसके बाद वो बोस्निया, सूडान, लेबनान और सीरिया में मानवीय सहायता से जुड़े मेडिकल मिशन में शामिल हुए. इन देशों में उन्होंने संघर्ष प्रभावित इलाकों में लोगों का इलाज किया. गाजा में उनके ओर से की गई सेवा ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई.
हमावी की जीत ऐसे चुनावी अभियान के बाद हुई है, जिसमें स्वास्थ्य सेवाओं, इजरायल को अमेरिकी सैन्य सहायता, आव्रजन कानूनों और आर्थव्यवस्था की हालत चुनावी मुद्दा बना. मिस्र में पैदा हुए डॉ हमावी का पालन-पोषण अमेरिका में हुआ है.
डॉ हमावी जब 2024 में जब गाजा में थे तो इजरायल ने राफा सीमा बंद कर दी थी. इसके बाद हमावी और उनके सहयोगी डॉक्टर गाजा में फंस गए थे. अमेरिकी सीनेटर और पूर्व सैनिक टैमी डकवर्थ ने उन्हें गाजा से बाहर निकालने में मदद की थी. दरअसल डकवर्थ की जान हमावी ने 2004 में तब बचाई थी, जब इराक में उनका हेलीकॉप्टर मार गिराया गया था. डकवर्थ अब इलिनॉय से अमेरिकी सीनेटर हैं. डॉ हमावी ने गाजा से तब तक निकलने से इनकार कर दिया था, जब तक कि गैर अमेरिकी डॉक्टरों के निकलने की भी व्यवस्था नहीं हो जाती है. यह व्यवस्था होने के बाद ही वो गाजा से निकले थे. वो 11 सितंबर 2001 के आतंकी हमलों के बाद राहत और बचाव कार्यों में भी शामिल थे.सेना से रिटायर होने के बाद डॉ हमावी ने पिछले दस साल से प्रिंसटन में अपनी क्लीनिक चलाते हैं.
इजरायल के विरोधी हैं डॉ हमावी
इजरायल के सैन्य अभियानों को मिलने वाली अमेरिकी मदद के धुर विरोधी डॉ हमावी ने इजरायल को अमेरिकी सैन्य सहायता बंद करने की मांग की थी. उन्होंने इसे अपने चुनावी एजेंडे का मुद्दा भी बनाया था.इसके अलावा उन्होंने अपने चुनाव अभियान में सभी लोगों के लिए मेडिकेयर यानी सरकारी स्वास्थ्य बीमा की सुविधा, मेडिकल और पढ़ाई का कर्ज माफ करने, अमेरिकी आव्रजन और सीमा शुल्क प्रवर्तन एजेंसी (आईसीई) को खत्म करने जैसे वादे भी किए हैं. डेमोक्रेटिक पार्टी के प्राइमरी में डॉ हमावी ने कई उम्मीदवारों को हराकर मिडटर्म चुनाव का टिकट हासिल किया था.
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