विज्ञापन
This Article is From Aug 04, 2025

ट्रंप का अल्टीमेटम बेअसर, पुतिन की सेना ने ढहा दिया यूक्रेन का मजबूत किला, जेलेंस्की देखते रह गए!

Russia Ukraine War: अब तक यह कहा जाता था कि ऊंचाई पर होने के चलते चासिव यार एक मजबूत किलेबंद बस्ती है, लेकिन इस किले को मॉस्को ने भेद दिया है. इसी के साथ रूस यूक्रेन के प्रमुख गढ़ों को घेरने में जुट गया है. 

ट्रंप का अल्टीमेटम बेअसर, पुतिन की सेना ने ढहा दिया यूक्रेन का मजबूत किला, जेलेंस्की देखते रह गए!
चासिव यार में गोलाबारी के बाद एक बुजुर्ग महिला अपने घर के सामने खड़ी (AFP)
  • रूस ने चासिव यार शहर पर कब्जा कर लिया है, जो सामरिक दृष्टि से एक महत्वपूर्ण किलेबंद बस्ती थी.
  • अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने रूस को दस दिन में यूक्रेन से जंग खत्म करने का अल्टीमेटम दिया था.
  • रूस की सेना अब क्रामाटोर्स्क और स्लोवियास्क की ओर बढ़ रही है, जो डोनेट्स्क ओब्लास्ट की बड़ी बस्तियां हैं.

Chasiv yar battle: रूस और यूक्रेन के बीच भीषण जंग में यूक्रेन को बड़ा नुकसान झेलना पड़ रहा है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस को अल्टीमेटम दिया है कि वो यूक्रेन के साथ अपनी जंग को 10 दिन में खत्म कर दे. लेकिन रूसी राष्ट्रपति राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन पर इसका असर होता नहीं दिख रहा है. सीजफायर तो दूर यूक्रेन के हाथ से एक और शहर निकल गया है. रूस का दावा है कि चासिव यार (Chasiv Yar) आजाद हो गया है यानी शहर पर रूसी कब्जा हो गया है. अब तक यह कहा जाता था कि ऊंचाई पर होने के चलते चासिव यार एक मजबूत किलेबंद बस्ती है, लेकिन इस किले को मॉस्को ने भेद दिया है. इसी के साथ रूस यूक्रेन के प्रमुख गढ़ों को घेरने में जुट गया है. 

रूसी सेना ने बखमुट की पश्चिमी सीमा पर मई 2023 में कब्ज़ा कर लिया था, लेकिन इससे 15 किमी दूर ही चासिव यार शहर तक पहुंचने में रूस को काफी मशक्कत करी पड़ी. अब चासिव यार की लड़ाई खत्म हो गई है. रूसी सैनिकों ने शहर को कब्जे में ले लिया है, जो सामरिक महत्व के लिहाज से रूस के लिए काफी अहम शहर है.

2 बड़ी बस्तियों पर कब्जा करने की तैयारी में मॉस्को

रूस की फोर्स 2024 के वसंत में शहर के पास पहुंची थी. नदी तल, तालाबों और खदानों से कटी हुई ऊंचाइयों पर स्थित यह शहर रूस के लिए आसान युद्धक्षेत्र नहीं था. यूक्रेन ने इस शहर को बचाने के लिए आखिर तक कोशिश की, लेकिन रूसी सेना के हाथों शिकस्त झेलनी पड़ी. रूसी सैन्यबल अब क्रामाटोर्स्क और स्लोवियास्क शहरों की ओर आगे बढ़ेगा, जो डोनेट्स्क ओब्लास्ट की दो सबसे बड़ी बस्तियां हैं.

पुतिन ने हाल ही में कहा था कि रूस और यूक्रेन के लोग एक ही हैं और पूरा यूक्रेन हमारा है. अब उनकी निगाहें डोनेट्स्क ओब्लास्ट पर हैं, जहां एक बड़ी रूसी भाषी आबादी है. मास्को समर्थित अलगाववादियों ने लगभग आठ वर्षों से दक्षिण-पूर्वी यूक्रेनी क्षेत्रों डोनेट्स्क और लुगांस्क पर नियंत्रण कर रखा है, जिन्हें सामूहिक रूप से डोनबास के नाम से जाना जाता है. ये दोनों क्षेत्र मिलकर मुख्य रूप से रूस और यूक्रेन के बीच सीमा बनाते हैं. ये इलाके 2014 से ही यूक्रेनी सरकार के नियंत्रण से बाहर हैं और खुद को स्वतंत्र पीपुल्स रिपब्लिक घोषित किया हुआ है. रूस भी इसे आजाद देश की मान्यता दे चुका है. 

डोनेट्स्क हाथ से निकला तो आर्थिक तौर पर टूट जाएगा यूक्रेन!

डोनेट्स्क ओब्लास्ट यूक्रेन के लिए बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि यह एक प्रमुख औद्योगिक क्षेत्र है. विशेष रूप से कोयला खनन के लिए और यूक्रेन के औद्योगिक उत्पादन का एक बड़ा हिस्सा यहीं से आता है. इसके अतिरिक्त, यह क्षेत्र रूसी भाषी आबादी का घर है और रूस ने इन क्षेत्रों को "यूक्रेनी राष्ट्रवाद" से बचाने के बहाने इन क्षेत्रों पर दावा किया है.

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Russia Ukraine War, Donald Trump, Vladimir Putin
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com