- IRGC नेवी की चेतावनी- होर्मुज से गुजरते समय केवल ईरान की ओर से मंजूर किए गए रास्तों का ही इस्तेमाल करें
- ओमान ने होर्मुज में जहाजों की आवाजाही के लिए एक नया समुद्री गलियारा उपलब्ध कराने की बात कही थी
- IRGC नौसेना ने यह भी कहा कि होर्मुज से गुजरने वाले सभी जहाजों को ईरान के साथ लगातार संपर्क बनाए रखना होगा
भले अमेरिका और ईरान की जंग खत्म हो गई है लेकिन होर्मुज के अहम समुद्री रास्ते को लेकर तनाव खत्म नहीं हुआ है. ईरान ने साफ कर दिया है कि अब वह दुनिया के 20 प्रतिशत तेल व्यापार को संभालने वाले होर्मुज से अपना कंट्रोल कम नहीं करेगा. ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी IRGC की नौसेना ने जहाजों को चेतावनी दी है कि वे होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरते समय केवल ईरान की ओर से मंजूर किए गए रास्तों का ही इस्तेमाल करें. ईरानी न्यूज एजेंसी प्रेस टीवी के अनुसार ईरान की ओर से कहा गया है कि तय रास्तों से बाहर जाने वाले जहाजों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है.
IRGC का यह बयान ओमान के उस ऐलान के जवाब में आया है जिसमें उसने होर्मुज में जहाजों की आवाजाही के लिए एक नया समुद्री गलियारा उपलब्ध कराने की बात कही थी.
ईरान की ओर से क्या कहा गया है?
प्रेस टीवी के मुताबिक IRGC की नौसेना ने कहा कि 'कुछ ऑथोरिटीज' ने ईरानी सरकार से सलाह-मशविरा किए बिना इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग के लिए एक नया रास्ता घोषित कर दिया है. यह प्रस्तावित रास्ता स्वीकार नहीं है और इससे सुरक्षा को गंभीर खतरा हो सकता है. नौसेना ने जोर देकर कहा कि होर्मुज से गुजरने के लिए केवल वही रास्ते मान्य हैं जिन्हें ईरान ने अपनी मंजूरी दी है.
IRGC नौसेना ने यह भी कहा कि जलडमरूमध्य से गुजरने वाले सभी जहाजों को ईरानी अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क बनाए रखना होगा. बयान में आगे कहा गया, "होर्मुज से गुजरने के लिए चैनल 16 के जरिए IRGC नौसेना के साथ कॉर्डिनेशन करना अनिवार्य है. नियमों का उल्लंघन करने वाले किसी भी जहाज के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी."
दरअसल इस जंग के बाद ईरान को होर्मुज के रूप में एक ऐसा हथियार मिल गया है जिसे खुद अमेरिका की खुफिया एजेंसियां परमाणु से बड़ा हथियार मान रही हैं. अमेरिका को डील करने के लिए मजबूर करने के पीछे होर्मुज पर ईरान के दबदबे का एक बड़ा रोल था. ईरान ने जंग के बीच होर्मुज को बंद करके दुनिया का तेल रोक दिया और जब तेल महंगा होने लगा तो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप दबाव में आ गए. ईरान अब होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों से टोल वसूलना चाहता है और वह नहीं चाहता कि होर्मुज में ओमान कोई अगल रास्ता खोले. ईरान और ओमान, दोनों के किनारे होर्मुज से लगते हैं.
ओमान ने क्या कहा था?
ओमान ने बुधवार, 24 जून को कहा था कि वह अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (IMO) के साथ मिलकर होर्मुज में जहाजों के लिए एक खास रास्ता उपलब्ध करा रहा है. ओमान ने कहा कि इसका मकसद होर्मुज में जहाजों की आवाजाही की आजादी सुनिश्चित करना है और इसके लिए कोई टोल नहीं लिया जाएगा. ओमान ने यह भी कहा कि यह कदम अमेरिका और ईरान के बीच हुए डील (MoU) अनुरूप है.
इससे पहले बुधवार को ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि अगर ईरान ने होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों पर किसी तरह का टोल लिया गया, तो यह अमेरिका के लिए मंजूर नहीं होगा.
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