विज्ञापन

संभल में मस्जिद, मदरसे और स्कूल को खुद बुलडोजर से क्यों तोड़ रहे हैं ग्रामीण, जान लीजिए पूरी कहानी

मुनव्वर ने कहा, ‘‘जेसीबी की मदद से निर्माण को हटाने के लिए 20 घंटे का समय लगेगा. तहसीलदार द्वारा जेसीबी उपलब्ध कराई गई है लेकिन इसके किराये का भुगतान हम करेंगे.’’

संभल में मस्जिद, मदरसे और स्कूल को खुद बुलडोजर से क्यों तोड़ रहे हैं ग्रामीण, जान लीजिए पूरी कहानी
  • संभल के मुबारकपुर बंद गांव में ग्राम सभा की सरकारी जमीन पर बने अवैध मदरसा, मस्जिद और स्कूल को तोड़ा जा रहा है.
  • प्रशासन ने 3 बीघा भूमि पर बने अवैध निर्माण को हटाने के लिए 8 दिन का अल्टीमेटम दिया था और बाद में बुलडोजर चलाया
  • तहसीलदार ने जेसीबी उपलब्ध कराई, जिसका किराया ग्राम प्रधान के पति हाजी मुनव्वर द्वारा भुगतान किया जाएगा.

संभल तहसील क्षेत्र के मुबारकपुर बंद गांव में सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा कर बनाए गए मदरसे-मस्जिद और स्कूल के निर्माण को ग्रामीणों ने रविवार को खुद बुलडोजर से तोड़ना शुरू किया. तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह से शनिवार को बताया कि ग्राम प्रधान की ओर से जेसीबी उपलब्ध कराने की मांग की गई थी.

संभल तहसील के गांव मुबारकपुर बंद में रविवार को बुलडोजर पहुंचा और ग्राम सभा की साढ़े तीन बीघा भूमि पर बने ग़ौसुल मदरसा, मस्जिद ओर प्राथमिक स्कूल के अवैध निर्माण को तोड़ना शुरू कर दिया.

मदरसा, मस्जिद  पर बुलडोजर चलाया गया

ग्राम प्रधान के पति हाजी मुनव्वर ने बताया कि आज जेसीबी की मदद ली गई है जबकि इससे पहले मजदूरों को लगा करके निर्माण को तोड़ा जा रहा था. उन्होंने कहा कि तहसीलदार से जेसीबी उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया था. पूरा मामला उत्तर प्रदेश के संभल जनपद के असमोली थाना क्षेत्र के मुबारकपुर बंद गांव का है, जहां ग्राम समाज की जमीन पर बने मदरसा, मस्जिद  पर बुलडोजर चलाया गया. करीब तीन बीघा से अधिक  सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा हटाने के लिए प्रशासन ने पहले 8 दिन का अल्टीमेटम दिया था. समय सीमा पूरी होने के बाद रविवार को जेसीबी मशीन मौके पर पहुंची और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई.

समाजवादी पार्टी की विधायक पिंकी यादव की निधि से स्थापित पानी की प्याऊ को भी हटा दिया गया, जो पिछले एक साल से खराब बताई जा रही थी. बताया जा रहा है कि सरकारी जमीन पर अवैध अतिक्रमण को लेकर डीएम को शिकायत मिली थी, जिसके बाद 28 मार्च को तहसीलदार कोर्ट से अवैध कब्जाधारियों को निर्माण हटाने के लिए नोटिस जारी किया गया था. 30 मार्च से स्थानीय स्तर पर मजदूर लगाकर निर्माण हटाने का काम शुरू किया गया, लेकिन समय पर कार्य पूरा नहीं हो सका.

ग्राम सभा की भूमि पर मस्जिद, मदरसा और स्कूल

मुनव्वर ने कहा, ‘‘जेसीबी की मदद से निर्माण को हटाने के लिए 20 घंटे का समय लगेगा. तहसीलदार द्वारा जेसीबी उपलब्ध कराई गई है लेकिन इसके किराये का भुगतान हम करेंगे.''

तहसीलदार सिंह ने बताया कि ग्राम सभा की भूमि पर मस्जिद, मदरसा और स्कूल बना हुआ है, और जैसे ही ग्राम वासियों के संज्ञान में आया कि यह ग्राम सभा की जमीन है तो वे इस निर्माण को खुद ही तोड़ रहे हैं.

ये भी पढ़ें :  नेपाल में अब एक नहीं दो दिन रहेगी छुट्टी, पेट्रोल-डीजल की कमी के बाद बालेन सरकार का बड़ा फैसला

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Sambhal News, Madrasa, Mosque In Sambhal, Sambhal Bulldozer
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com