Fire Safety Device : देशभर में इस समय भीषण गर्मी का दौर जारी है. तापमान बढ़ने के साथ ही शॉर्ट सर्किट और आग लगने की घटनाओं में भी इजाफा देखने को मिलता है. हाल के महीनों में देश के अलग-अलग हिस्सों में हुई कई दर्दनाक घटनाओं ने फायर सेफ्टी को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं. लखनऊ के एक गेमिंग जोन और दिल्ली के एक होटल में लगी भीषण आग में कई लोगों की जान चली गई. ऐसे हादसे यह सोचने पर मजबूर करते हैं कि ऊंची इमारतों में रहने वाले लोगों के पास इमरजेंसी में सुरक्षित बाहर निकलने का ऑप्शन कितना प्रभावी है. क्योंकि ऐसी घटनाओं के दौरान आमतौर पर फायर एक्सटिंग्विशर या स्मोक अलार्म ही काफी नहीं होता है. अगर आग सीढ़ियों और लिफ्ट तक पहुंच जाए, तो सुरक्षित निकासी (Emergency Evacuation) के लिए व्यवस्था भी उतनी ही जरूरी होती है.
इमरजेंसी के लिए तैयार किया गया नया सेफ्टी सिस्टम
इसी जरूरत को ध्यान में रखते हुए भारत का एक स्टार्टअप 'Safeskydrop' एक इमरजेंसी एस्केप सिस्टम लेकर आया है. कंपनी का दावा है कि यह सिस्टम आग या दूसरी इमरजेंसी में लोगों को ऊंची इमारतों से सुरक्षित बाहर निकलने में मदद कर सकता है. इस सिस्टम को घरों, अपार्टमेंट, ऑफिस और मल्टी-स्टोरी बिल्डिंग की बालकनी में इंस्टॉल किया जा सकता है. इसका मकसद ऐसी स्थिति में लोगों को एक बेहतर इवैक्यूएशन उपलब्ध कराना है, जब सामान्य रास्ते इस्तेमाल करने योग्य न रहें.
कैसे काम करता है यह सिस्टम?
इस डिवाइस में एक मजबूत स्टील केबल, सेफ्टी हार्नेस और मेटल लॉकिंग क्लिप होती है, जिन्हें दीवार पर लगे एक कॉम्पैक्ट बॉक्स में सुरक्षित रखा जाता है. इमरजेंसी में व्यक्ति हार्नेस पहनकर स्टील केबल से जुड़ता है और कंट्रोल स्पीड से नीचे उतर सकता है. कंपनी का दावा है कि यह सिस्टम इस तरह डिजाइन किया गया है कि एक एडल्ट जरूरत पड़ने पर छोटे बच्चे को साथ लेकर भी सुरक्षित नीचे उतर सके.
डेमो और ट्रेनिंग भी देती है कंपनी
स्काईड्रॉप के अनुसार, प्रोडक्ट खरीदने वाले ग्राहकों को इंस्टॉलेशन के साथ लाइव डेमो और ट्रेनिंग भी दी जाती है. इसका मकसद लोगों को इमरजेंसी के दौरान घबराने के बजाय सही तरीके से सिस्टम का इस्तेमाल करना सिखाना है. हाल ही में कंपनी ने सोशल मीडिया पर एक डेमो वीडियो भी शेयर किया, जिसमें एक महिला चौथी मंजिल से इस सिस्टम की मदद से सुरक्षित नीचे उतरती दिखाई देती है.
सुरक्षा का मतलब घबराना नहीं, पहले से तैयारी करना है
आग जैसी घटना कभी भी और कहीं भी हो सकती है. ऐसे में हादसे का इंतजार करने के बजाय पहले से तैयारी करना समझदारी है. अगर आप किसी मल्टी-स्टोरी बिल्डिंग या अपार्टमेंट में रहते हैं, तो फायर सेफ्टी प्लान, रेग्युलर मॉक ड्रिल, स्मोक अलार्म और जरूरत के अनुसार सर्टिफाइड इमरजेंसी एस्केप सिस्टम जैसी व्यवस्थाओं पर विचार करना बेहतर हो सकता है.
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