Ram Mandir Controversy
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राम मंदिर बन गया लेकिन वो बाबरी मस्जिद के नाम से ही जाना जाएगा: बदरुद्दीन का विवादित बयान
- Sunday December 21, 2025
- Reported by: मनोज्ञा लोईवाल, Edited by: धीरज आव्हाड़
असम के AIUDF प्रमुख Badruddin Ajmal ने कहा कि चाहे कुछ भी बने, वह जगह हमेशा Babri Masjid के नाम से जानी जाएगी. उन्होंने Supreme Court के फैसलों पर सवाल उठाए और Modi‑Yogi‑Hemant की दिल्ली पहुंच की राजनीति पर निशाना साधा.
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14 लाख दीपों से बनाई श्री राम की अद्भुत कलाकृति, Video देख खुश हो जाएगा मन
- Monday January 22, 2024
- Edited by: शालिनी सेंगर
एक साथ 14 लाख दियो का होना अपने आप में खास है और जब कोई कलाकार इन दीपकों को धरती पर इस तरह से सजा दे कि ये दिए साक्षात भगवान श्रीराम का रूप दिखाई देने लगे, तो उस कलाकृति को अनोखा कहना गलत नहीं होगा.
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'सामना' में छपा राम मंदिर जमीन विवाद पर लेख, शिवसेना-BJP कार्यकर्ताओं में झड़प
- Thursday June 17, 2021
- Reported by: सुनील कुमार सिंह
मुंबई में आज (बुधवार) शिवसेना (Shiv Sena) और BJP के कार्यकर्ताओं में झड़प हो गई. शिवसेना के मुखपत्र 'सामना' में राम मंदिर (Ram Temple Land Issue) के लिए जमीन खरीद विवाद पर छपे लेख से नाराज होकर भारतीय जनता युवा मोर्चा ने आज शिवसेना भवन के बाहर विरोध प्रदर्शन किया, जिसका विरोध वहां मौजूद शिवसैनिकों ने किया. बीजेपी के आशीष शेलार का आरोप है कि शिवसैनिकों ने एक महिला कार्यकर्ता पर हमला किया. दूसरी तरफ शिवसेना ने बीजेपी पर आरोप लगाया है कि बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने शिवसेना भवन में घुसने की कोशिश की. शिवसेना इसे बर्दाश्त नहीं करेगी.
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राम मंदिर ट्रस्ट ने मंदिर के लिए जमीन 9 गुना दाम पर क्यों खरीदी?
- Monday June 14, 2021
- रवीश कुमार
गणित में कमज़ोर होने के कारण तय नहीं कर पा रहा हूं कि कौन सी ख़बर बड़ी है. राम का नाम जुड़ा होने का कारण 5 मिनट में ज़मीन की कीमत 2 करोड़ से 18 करोड़ हो गई, ये ख़बर बहुत बड़ी है या पंजाब नेशनल बैंक ने अपनी कंपनी के 4000 करोड़ के शेयर एक दूसरी कंपनी को दे दिए, ये खबर बड़ी है. या तीसरी ख़बर इन दोनों से भी बड़ी है कि भारतीय बैंकों को 5000 करोड़ से अधिक का चूना लगाकर भारत से भाग गए बड़ोदरा के कारोबारी संदेरसा ने तेल कंपनी बनाकर भारत की सरकारी कंपनियों को पांच हज़ार करोड़ का कच्चा तेल एक दूसरी कंपनी के ज़रिए बेच दिया. तो आपको तय करना है 18 करोड़ का कथित घोटाला, 4000 करोड़ और 5000 करोड़ का कथित घोटाला इन तीनों में से कौन बड़ा है. तय करते समय इस बात का ध्यान रखें कि आस्था की कोई कीमत नहीं होती. काफी समय तक सोचता रहा कि कहां से शुरू करूं. राम मंदिर के लिए ज़मीन ख़रीदने का एक मामला सामने आया है जिसके कई किरदार मामला सामने आने के बाद सामने नहीं आ रहे हैं. अगर कुछ गड़बड़ नहीं है तो सौदा में शामिल कई किरदार मीडिया के सामने क्यों नहीं आते? जिस मंदिर का भूमि-पूजन सबके सामने हुआ, एक एक बात पूरे देश को बताई गई, उस मंदिर के लिए ज़मीन के मामले से जुड़े किरदार पर्दे के पीछे क्यों छिपे रहे.
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राम मंदिर भूमि पूजन से पहले बोलीं बसपा प्रमुख मायावती- काफी कुछ श्रेय सुप्रीम कोर्ट को...
- Wednesday August 5, 2020
- Edited by: तूलिका कुशवाहा
अयोध्या में बुधवार को हो रहे भूमि पूजन के मौके पर बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती ने अयोध्या भूमि विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को याद किया है. मायावती ने कहा कि आज अयोध्या में जो राम मंदिर के निर्माण की नींव रखी जा रही है, उसका काफी कुछ श्रेय सुप्रीम कोर्ट को जाता है.
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अयोध्या विवाद सुलझाने के लिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त मध्यस्थता टीम के अध्यक्ष जस्टिस खलीफुल्ला की पहली प्रतिक्रिया
- Saturday March 9, 2019
- ख़बर न्यूज़ डेस्क
सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश एफ.एम.आई. कलीफुल्ला को अयोध्या विवाद की मध्यस्थता के लिए सर्वोच्च न्यायालय द्वारा नियुक्त समिति का अध्यक्ष बनाया गया है.
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सुप्रीम कोर्ट का फैसला, अयोध्या विवाद हल होगा मध्यस्थता से, जस्टिस खलीफुल्ला की अध्यक्षता में होगी बातचीत
- Friday March 8, 2019
- ख़बर न्यूज़ डेस्क
अयोध्या मामले (Ayodhya Case) पर मध्यस्थता को लेकर सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने कहा है कि इस विवाद को मध्यस्थता और बातचीत के जरिए तय किया जाएग. मध्यस्थता समिति के अध्यक्ष जस्टिस खलीफुल्ला होंगे और पूरी प्रक्रिया गोपनीय रखी जाएगी. मध्यस्थों में श्री श्री रविशंकर (Sri Sri Ravi Shankar) भी शामिल होंगे. इसके अलावा वरिष्ठ वकील श्री राम पंचू होंगे. इससे पहले बुधवार को हुई सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने इस बात पर फैसला सुरक्षित रख लिया था कि अयोध्या विवाद को मध्यस्थ के पास भेजा जा सकता है या नहीं.
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अयोध्या में धर्म सभा से BJP विधायक के बोल: जरूरत पड़ी तो संविधान ताक पर रखकर दोहराएंगे 1992 का इतिहास
- Saturday November 24, 2018
- भाषा
लोकसभा चुनाव 2019 से पहले अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर हलचल तेज हो गई है. राम जन्मभूमि और बाबरी मस्जिद का मामला भले ही अभी सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन हो, मगर नेताओं के जुबान लगातार चल रहे हैं. दरअसल, अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर विश्व हिंदू परिषद द्वारा 25 नवंबर को धर्म सभा के आयोजन से पहले भाजपा विधायक सुरेन्द्र सिंह ने गुरुवार को कहा कि जरूरत पड़ने पर उस दिन संविधान ताक पर रखकर 1992 का इतिहास दोहराया जाएगा.
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अयोध्या में ढाई दशक बाद हिंदू संगठनों का जमावड़ा, 25 नवंबर को होने वाली 'धर्मसभा' के क्या हैं मायने?
- Wednesday November 21, 2018
- Written by: प्रभात उपाध्याय
6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में बाबरी मस्जिद विध्वंस के 26 वर्षों बाद यह पहला मौका है जब अयोध्या में इतनी बड़ी तादाद में लोग इकट्ठा होंगे. इस जमावड़े के पीछे संगठन भी करीबन वही हैं जो 1992 में थे.
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16 नवंबर को ही जारी हो चुका है व्हिप, मंदिर निर्माण के लिए कानून संसद के शीतकालीन सत्र में होगा पारित : BJP सांसद का दावा
- Sunday November 18, 2018
- ख़बर न्यूज़ डेस्क
भाजपा सांसद रवीन्द्र कुशवाहा ने अगले महीने शुरू हो रहे संसद के शीतकालीन सत्र में अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिये कानून पारित हो जाने का दावा करते हुए कहा है कि इसके लिये केन्द्र की नरेन्द्र मोदी सरकार ने सत्र के दौरान अपने सभी सांसदों को दिल्ली से बाहर ना जाने का हुक्म दिया है.
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राम मंदिर बन गया लेकिन वो बाबरी मस्जिद के नाम से ही जाना जाएगा: बदरुद्दीन का विवादित बयान
- Sunday December 21, 2025
- Reported by: मनोज्ञा लोईवाल, Edited by: धीरज आव्हाड़
असम के AIUDF प्रमुख Badruddin Ajmal ने कहा कि चाहे कुछ भी बने, वह जगह हमेशा Babri Masjid के नाम से जानी जाएगी. उन्होंने Supreme Court के फैसलों पर सवाल उठाए और Modi‑Yogi‑Hemant की दिल्ली पहुंच की राजनीति पर निशाना साधा.
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14 लाख दीपों से बनाई श्री राम की अद्भुत कलाकृति, Video देख खुश हो जाएगा मन
- Monday January 22, 2024
- Edited by: शालिनी सेंगर
एक साथ 14 लाख दियो का होना अपने आप में खास है और जब कोई कलाकार इन दीपकों को धरती पर इस तरह से सजा दे कि ये दिए साक्षात भगवान श्रीराम का रूप दिखाई देने लगे, तो उस कलाकृति को अनोखा कहना गलत नहीं होगा.
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'सामना' में छपा राम मंदिर जमीन विवाद पर लेख, शिवसेना-BJP कार्यकर्ताओं में झड़प
- Thursday June 17, 2021
- Reported by: सुनील कुमार सिंह
मुंबई में आज (बुधवार) शिवसेना (Shiv Sena) और BJP के कार्यकर्ताओं में झड़प हो गई. शिवसेना के मुखपत्र 'सामना' में राम मंदिर (Ram Temple Land Issue) के लिए जमीन खरीद विवाद पर छपे लेख से नाराज होकर भारतीय जनता युवा मोर्चा ने आज शिवसेना भवन के बाहर विरोध प्रदर्शन किया, जिसका विरोध वहां मौजूद शिवसैनिकों ने किया. बीजेपी के आशीष शेलार का आरोप है कि शिवसैनिकों ने एक महिला कार्यकर्ता पर हमला किया. दूसरी तरफ शिवसेना ने बीजेपी पर आरोप लगाया है कि बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने शिवसेना भवन में घुसने की कोशिश की. शिवसेना इसे बर्दाश्त नहीं करेगी.
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राम मंदिर ट्रस्ट ने मंदिर के लिए जमीन 9 गुना दाम पर क्यों खरीदी?
- Monday June 14, 2021
- रवीश कुमार
गणित में कमज़ोर होने के कारण तय नहीं कर पा रहा हूं कि कौन सी ख़बर बड़ी है. राम का नाम जुड़ा होने का कारण 5 मिनट में ज़मीन की कीमत 2 करोड़ से 18 करोड़ हो गई, ये ख़बर बहुत बड़ी है या पंजाब नेशनल बैंक ने अपनी कंपनी के 4000 करोड़ के शेयर एक दूसरी कंपनी को दे दिए, ये खबर बड़ी है. या तीसरी ख़बर इन दोनों से भी बड़ी है कि भारतीय बैंकों को 5000 करोड़ से अधिक का चूना लगाकर भारत से भाग गए बड़ोदरा के कारोबारी संदेरसा ने तेल कंपनी बनाकर भारत की सरकारी कंपनियों को पांच हज़ार करोड़ का कच्चा तेल एक दूसरी कंपनी के ज़रिए बेच दिया. तो आपको तय करना है 18 करोड़ का कथित घोटाला, 4000 करोड़ और 5000 करोड़ का कथित घोटाला इन तीनों में से कौन बड़ा है. तय करते समय इस बात का ध्यान रखें कि आस्था की कोई कीमत नहीं होती. काफी समय तक सोचता रहा कि कहां से शुरू करूं. राम मंदिर के लिए ज़मीन ख़रीदने का एक मामला सामने आया है जिसके कई किरदार मामला सामने आने के बाद सामने नहीं आ रहे हैं. अगर कुछ गड़बड़ नहीं है तो सौदा में शामिल कई किरदार मीडिया के सामने क्यों नहीं आते? जिस मंदिर का भूमि-पूजन सबके सामने हुआ, एक एक बात पूरे देश को बताई गई, उस मंदिर के लिए ज़मीन के मामले से जुड़े किरदार पर्दे के पीछे क्यों छिपे रहे.
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राम मंदिर भूमि पूजन से पहले बोलीं बसपा प्रमुख मायावती- काफी कुछ श्रेय सुप्रीम कोर्ट को...
- Wednesday August 5, 2020
- Edited by: तूलिका कुशवाहा
अयोध्या में बुधवार को हो रहे भूमि पूजन के मौके पर बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती ने अयोध्या भूमि विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को याद किया है. मायावती ने कहा कि आज अयोध्या में जो राम मंदिर के निर्माण की नींव रखी जा रही है, उसका काफी कुछ श्रेय सुप्रीम कोर्ट को जाता है.
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अयोध्या विवाद सुलझाने के लिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त मध्यस्थता टीम के अध्यक्ष जस्टिस खलीफुल्ला की पहली प्रतिक्रिया
- Saturday March 9, 2019
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सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश एफ.एम.आई. कलीफुल्ला को अयोध्या विवाद की मध्यस्थता के लिए सर्वोच्च न्यायालय द्वारा नियुक्त समिति का अध्यक्ष बनाया गया है.
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सुप्रीम कोर्ट का फैसला, अयोध्या विवाद हल होगा मध्यस्थता से, जस्टिस खलीफुल्ला की अध्यक्षता में होगी बातचीत
- Friday March 8, 2019
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अयोध्या मामले (Ayodhya Case) पर मध्यस्थता को लेकर सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने कहा है कि इस विवाद को मध्यस्थता और बातचीत के जरिए तय किया जाएग. मध्यस्थता समिति के अध्यक्ष जस्टिस खलीफुल्ला होंगे और पूरी प्रक्रिया गोपनीय रखी जाएगी. मध्यस्थों में श्री श्री रविशंकर (Sri Sri Ravi Shankar) भी शामिल होंगे. इसके अलावा वरिष्ठ वकील श्री राम पंचू होंगे. इससे पहले बुधवार को हुई सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने इस बात पर फैसला सुरक्षित रख लिया था कि अयोध्या विवाद को मध्यस्थ के पास भेजा जा सकता है या नहीं.
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अयोध्या में धर्म सभा से BJP विधायक के बोल: जरूरत पड़ी तो संविधान ताक पर रखकर दोहराएंगे 1992 का इतिहास
- Saturday November 24, 2018
- भाषा
लोकसभा चुनाव 2019 से पहले अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर हलचल तेज हो गई है. राम जन्मभूमि और बाबरी मस्जिद का मामला भले ही अभी सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन हो, मगर नेताओं के जुबान लगातार चल रहे हैं. दरअसल, अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर विश्व हिंदू परिषद द्वारा 25 नवंबर को धर्म सभा के आयोजन से पहले भाजपा विधायक सुरेन्द्र सिंह ने गुरुवार को कहा कि जरूरत पड़ने पर उस दिन संविधान ताक पर रखकर 1992 का इतिहास दोहराया जाएगा.
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अयोध्या में ढाई दशक बाद हिंदू संगठनों का जमावड़ा, 25 नवंबर को होने वाली 'धर्मसभा' के क्या हैं मायने?
- Wednesday November 21, 2018
- Written by: प्रभात उपाध्याय
6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में बाबरी मस्जिद विध्वंस के 26 वर्षों बाद यह पहला मौका है जब अयोध्या में इतनी बड़ी तादाद में लोग इकट्ठा होंगे. इस जमावड़े के पीछे संगठन भी करीबन वही हैं जो 1992 में थे.
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16 नवंबर को ही जारी हो चुका है व्हिप, मंदिर निर्माण के लिए कानून संसद के शीतकालीन सत्र में होगा पारित : BJP सांसद का दावा
- Sunday November 18, 2018
- ख़बर न्यूज़ डेस्क
भाजपा सांसद रवीन्द्र कुशवाहा ने अगले महीने शुरू हो रहे संसद के शीतकालीन सत्र में अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिये कानून पारित हो जाने का दावा करते हुए कहा है कि इसके लिये केन्द्र की नरेन्द्र मोदी सरकार ने सत्र के दौरान अपने सभी सांसदों को दिल्ली से बाहर ना जाने का हुक्म दिया है.
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