जब आप नया फोन लेते हैं, तो वह तेज़ और स्मूद चलता है. लेकिन जैसे-जैसे समय बीतता है, फोन में ढेर सारे ऐप्स इंस्टॉल हो जाते हैं. कई ऐप्स बैकग्राउंड में लगातार चलते रहते हैं और मोबाइल को धीमा कर देते हैं, जिससे फोन हैंग होने लगता है. इस समस्या का हल है Factory Reset, इससे आपके फोन से सभी ऐप्स, सेटिंग्स, कैश डेटा और समय के साथ जमा हुआ डिजिटल कचरा हट जाता है. बहुत से लोग सोचते हैं कि Factory Reset करने से फोन खराब हो सकता है, जबकि सच्चाई यह है कि सही समय पर किया गया रीसेट फोन की परफॉर्मेंस को काफी बेहतर बना सकता है. लेकिन इसे करने से पहले आपको कुछ बातों पर ध्यान देना चाहिए.

Factory Reset का फायदा
Factory Reset करने पर फोन के अंदर छुपा हुआ सारा जंक डेटा हट जाता है, जिन ऐप्स में बग होते हैं वे पूरी तरह खतम जाते हैं. इससे सॉफ्टवेयर से जुड़ी कई परेशानियां अपने आप खत्म हो जाती हैं. फोन का फ्रीज़ होना, अपने आप रीस्टार्ट होना, बैटरी का जल्दी खत्म होना या ऐप्स का बार-बार क्रैश होना जैसी दिक्कतें अक्सर Factory Reset के बाद ठीक हो जाती हैं. इससे फोन फिर से पहले जैसा फास्ट और स्मूद चलने लगता है.
Factory Reset कब करना चाहिए?
अगर आपका फोन बहुत ज़्यादा स्लो हो गया है, बार-बार गर्म हो रहा है, बैटरी जल्दी खत्म हो रही है या अपडेट के बाद भी फोन अनस्टेबल लग रहा है, तो फैक्ट्री रीसेट कर सकते हैं. इसके अलावा, अगर आप अपना फोन किसी को बेचने या देने वाले हैं, तो Factory Reset करना बेहद ज़रूरी है ताकि आपका पर्सनल डेटा सुरक्षित रहे.

Factory Reset से पहले क्या ध्यान रखें?
Factory Reset करने से पहले अपने जरूरी डेटा का बैकअप लेना न भूलें. इसमें फोटो, वीडियो, कॉन्टैक्ट्स, मैसेज और जरूरी फाइलें शामिल होती हैं. बैकअप लेने के बाद ही रीसेट करना सुरक्षित होता है.
Factory Reset के बाद क्या ध्यान रखें?
रीसेट के बाद कोशिश करें कि एक साथ सारे ऐप्स दोबारा इंस्टॉल न करें. सिर्फ वही ऐप्स डालें, जिनकी आपको ज़रूरत है. इससे फोन लंबे समय तक साफ, फास्ट और स्मूद बना रहता है.
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