डीडवाना जिले के राजकीय जिला बांगड़ चिकित्सालय के ब्लड बैंक में रक्त की कमी हुई तो गांव के लोग दौड़ पड़े. खुनखुना गांव के युवाओं ने 30 यूनिट ब्लड दान किया. गांव के लोगों ने कहा कि खून की कमी नहीं होने देंगे. जितना खून चाहिए हम लोग देने के लिए तैयार हैं, और जरूरत पड़ी तो कैंप लगाकर खून इकट्ठा करेंगे.
ब्लड बैंक में खून की कमी
बांगड़ अस्पताल के ब्लड बैंक में काफी दिनों से खून की कमी चल रही थी. इससे आपातकालीन स्थिति में मरीजों की जान पर संकट आ गया था. जैसे ही इसकी सूचना खुनखुना गांव के युवाओं और ग्रामीणों को मिली, उन्होंने बिना देर किए मानवता का परिचय दिया. गांव से करीब 30 लोग जिला अस्पताल के ब्लड सेंटर पहुंचे, और स्वेच्छा से 30 यूनिट रक्तदान किया.
नियमित रक्तदान करने की अपील
रक्तदाता शाहरुख और असलम ने कहा कि प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए. उनका कहना है कि रक्तदान से किसी जरूरतमंद की जान बचाई जा सकती है, रक्तदान करने वाला व्यक्ति भी स्वस्थ रहता है, और कई स्वास्थ्य लाभ प्राप्त करता है.
जरूरतमंद की मदद करने का आह्वान
ब्लड सेंटर के कार्मिक असगर अली ने खुनखुना गांव के ग्रामीणों की सराहना करते हुए कहा कि एक संदेश पर इतनी बड़ी संख्या में लोगों का रक्तदान के लिए पहुंचना समाज के लिए प्रेरणादायक है. उन्होंने आमजन से भी आगे आकर स्वैच्छिक रक्तदान करने और जरूरतमंद मरीजों की मदद करने की अपील की.
ब्लड सेंटर के कार्मिकों ने बताया कि अस्पताल में इन दिनों रक्त की कमी बनी हुई थी. जैसे ही खुनखुना गांव के लोगों को इसकी जानकारी दी गई, उन्होंने तुरंत सकारात्मक पहल करते हुए बड़ी संख्या में ब्लड सेंटर पहुंचकर रक्तदान किया.
कर्मचारियों ने ग्रामीणों की सराहना की
कार्मिकों ने ग्रामीणों के इस सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि एक संदेश पर लोगों का रक्तदान के लिए पहुंचना समाज के लिए प्रेरणादायक उदाहरण है. उन्होंने आमजन से भी नियमित रूप से स्वैच्छिक रक्तदान करने की अपील की, जिससे जरूरत के समय किसी भी मरीज को रक्त के अभाव का सामना न करना पड़े.
यह भी पढ़ें: दुबई में इंडियन बिजनेसमैन का अपहरण, भीलवाड़ा में पत्नी से वसूले 40 लाख रुपये
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं