पीएम नरेंद्र मोदी और बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह. (फाइल फोटो)
चुनाव नजदीक आते ही बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह (Amit Shah) यूपी को मथने की तैयारी में जुट गए हैं. पिछले लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Election) में उन्हीं के प्रभार में बीजेपी ने राज्य की 80 में से 71 सीटें जीती थीं और बीजेपी (BJP) को केंद्र में अपने बूते बहुमत हासिल करने में कामयाबी मिली थी. विधानसभा चुनावों में भी बीजेपी ने अपने प्रदर्शन को दोहराया, लेकिन इस बार चुनौती बड़ी है. पिछले दो चुनावों बीजेपी को विपक्ष के वोटों में बिखराव का फायदा मिला. पर अब सपा-बसपा एक हो गए हैं. कांग्रेस अलग लड़कर मुकाबले को त्रिकोणीय बनाने की कोशिश में है, पर उसका बीजेपी को फायदा होगा या नुकसान अभी यह पता नहीं.
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सपा बसपा एक होने से बीजेपी एक के बाद एक लोकसभा और विधानसभा उपचुनावों में हारी है. राज्य और केंद्र दोनों जगहों में सत्ता होने के कारण सत्ता विरोधी लहर का भी बीजेपी को नुकसान हो सकता है. पर अमित शाह जुटे हुए हैं. उनका लक्ष्य पिछली बार से ज्यादा सीट यानी 74 सीटें हासिल करना है. आज अमित शाह पश्चिमी उत्तर प्रदेश में थे जहां पिछले दो चुनावों में बीजेपी को करीब शत प्रतिशत कामयाबी मिली थी.
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बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने विपक्ष के महागठबंधन को 'ढकोसला' बताते हुए कहा कि भाजपा उत्तर प्रदेश में 74 सीटें जीतकर 'बुआ-भतीजा' की दुकान पर 'अलीगढ़ का ताला' लगाएगी. शाह ने कहा, 'महागठबंधन ढकोसला है. उससे डरने की जरूरत नहीं है. लोग पूछते हैं कि बुआ (बसपा सुप्रीमो मायावती) और भतीजा (सपा प्रमुख अखिलेश यादव) इकट्ठे हो गए अब यूपी (उत्तर प्रदेश) का क्या होगा? मैं कहता हूं कि राहुल (कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी) को भी इकट्ठा कर लो, यूपी में भाजपा की 73 से 74 सीटें होने वाली हैं.' उन्होंने कहा, 'मैं कार्यकर्ताओं का आह्वान करने आया हूं कि बुआ-भतीजे की दुकान पर अलीगढ़ का ताला लगाने का काम भाजपा 74 सीटें जीतकर करेगी.'
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सपा-बसपा पर हमला जारी रखते हुए शाह ने कहा कि दोनों ही पार्टियों ने परिवारवाद से ग्रस्त उत्तर प्रदेश दिया था, लेकिन हमने जात-पात को हटाकर 'सबका साथ सबका विकास' करने का काम किया. उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा के लिए खतरा बने घुसपैठियों का कांग्रेस समर्थन कर रही है, लेकिन देश के कोने-कोने से घुसपैठियों को चुन-चुनकर बाहर निकालने का काम मोदी सरकार करेगी.
यूपी में 2014 चुनाव में किस पार्टी का कितना वोट शेयर
2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा ने 42.30 प्रतिशत वोट शेयर के साथ 80 में से 71 सीटें जीती थीं. बीजेपी के वोट शेयर में करीब 24.80 प्रतिशत का उछाल देखने को मिला था. जबकि 22.20 प्रतिशत वोट शेयर के साथ सपा को पांच और 19.60 वोट शेयर के साथ बसपा को शून्य सीटें मिलीं थीं. वहीं 7.50 प्रतिशत वोट शेयर के साथ कांग्रेस ने दो सीटें मिलीं थीं. सपा को पिछली बार की तुलना में 18 सीटें कम मिलीं तो बसपा को 20 सीटों का घाटा उठाना पड़ा. बसपा के वोट शेयर में 7.82 प्रतिशत की कमी और सपा के वोट शेयर में 1.06 प्रतिशत की कमी थी.
VIDEO: सपा-बसपा का गठबंधन एक ढकोसला- अमित शाह
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