- यूपी एसटीएफ ने मॉडल श्रद्धा दुबे को नागपुर से गिरफ्तार किया, जो कई दिनों से फरार थी और उस पर इनाम भी था
- श्रद्धा दुबे ने दावा किया कि शिवा शर्मा की मौत आत्महत्या थी, हत्या की घटना में उनकी कोई संलिप्तता नहीं है
- गिरफ्तारी के बाद श्रद्धा दुबे को कोर्ट में पेश किया जाएगा और रिमांड के बाद उसे यूपी लाया जाएगा
यूपी की राजधानी लखनऊ के चर्चित शिवा शर्मा मौत मामले में आरोपी मॉडल श्रद्धा दुबे को यूपी एसटीएफ ने गिरफ्तार कर लिया है. श्रद्धा दुबे को नागपुर से पुलिस ने पकड़ा. श्रद्धा के साथ उसकी बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर दानिश को भी गिरफ्तार किया गया है. नागपुर पुलिस के सूत्रों ने गिरफ्तारी की पुष्टि की है. वह कई दिनों से फरार थी. पुलिस ने आरोपी पर 50 हजार रुपये का इनाम भी रखा था.
यूपी STF ने किया गिरफ्तार
नागपुर पुलिस की क्राइम ब्रांच टीम, यूपी पुलिस के साथ मिलकर कल रात से काम कर रही थी और अब उन्होंने श्रद्धा दुबे को सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया है. उसे नागपुर-वर्धा रोड पर गिरफ्तार किया गया है और गिरफ्तारी की प्रक्रिया चल रही है. गिरफ्तारी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उसे कोर्ट में पेश किया जाएगा, और रिमांड की कानूनी प्रक्रिया के बाद उसे यूपी ले जाया जाएगा.

लखनऊ पुलिस ने बताया कि थाना हजरतगंज के शिवा शर्मा मामले में 50 हजार रुपये के इनामी तीन फरार अभियुक्त गिरफ्तार किए गए हैं. फरार चल रहे अभियुक्तों श्रद्धा दुबे, चालक दानिश और रश्मि दुबे पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था. तीनों को लखनऊ पुलिस और यूपी एसटीएफ की संयुक्त टीम द्वारा नागपुर पुलिस के सहयोग से नागपुर से गिरफ्तार कर लिया गया है. गिरफ्तार अभियुक्तों को नियमानुसार आवश्यक विधिक कार्यवाही पूरी कर लखनऊ लाया जा रहा है.
श्रद्धा दुबे ने सफाई भी दी
इससे पहले श्रद्धा दुबे ने बातचीत में अपनी सफाई देते हुए दावा किया है कि शिवा शर्मा की मौत हत्या नहीं, बल्कि आत्महत्या थी. उसने शिवा के कर्ज में डूबे होने को इसकी वजह बताते हुए कहा कि सीसीटीवी फुटेज की जांच से उसकी बेगुनाही सामने आ जाएगी. श्रद्धा ने घटना में अपनी किसी भी तरह की संलिप्तता से इनकार किया है. हालांकि, उसके इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.

श्रद्धा दुबे की गिरफ्तारी में हुई देरी को लेकर पुलिस महकमे में बड़ी कार्रवाई भी हुई थी. मामले में पुलिस की कार्यशैली पर उठ रहे सवालों के बीच डीसीपी विक्रांत वीर को पद से हटाकर पुलिस मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है. वहीं, एसीपी रजनीश वर्मा को भी उनके मौजूदा पद से हटाकर एसीपी अपराध की जिम्मेदारी सौंपी गई है. इसके अलावा लखनऊ कमिश्नरेट में चार एसीपी के कार्यक्षेत्र में फेरबदल किया गया है. इससे पहले हजरतगंज थाने के प्रभारी निरीक्षक विक्रम सिंह को लाइन हाजिर किया जा चुका है.
यह भी पढ़ें | शिवा शर्मा हत्याकांड: इंस्पेक्टर के बाद DCP सेंट्रल विक्रांत वीर भी हटाए गए, श्रद्धा दुबे पर 50 हजार का इनाम
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं