भारतीय वायु सेना (IAF) फरवरी में पाकिस्तान से लगी सीमा के पास पोखरण, राजस्थान में युद्ध अभ्यास ‘एक्सरसाइज वायु शक्ति' करने जा रही है. इस अभ्यास में 275 से अधिक तरह के हथियार और सैन्य उपकरण तैनात किए जाएंगे. अपने सटीक और ताबड़तोड़ हमलों से दुश्मन को चौंकाने वाली एयरफोर्स इस एक्सरसाइज में करीब 12,000 किलोग्राम विस्फोटकों का इस्तेमाल करेगी.
इस एक्सरसाइज में एयरफोर्स अपनी ताकत दिखाने के साथ-साथ ऑपरेशन सिंदूर की भी झलक पेश करेगी. यूं तो भारत की सभी सेनाओं ने मिलकर ऑपरेशन सिंदूर को सफल बनाया था. यहां तक कि सीधे हमला न कर भी नेवी ने पाकिस्तानी जंगी बेड़ों को बंदरगाह में ही रोके रखा था. लेकिन इस ऑपरेशन की शुरुआत एयरफोर्स ने ही की थी. इस ड्रिल में वायु सेना के 120 से भी ज्यादा प्लेटफॉर्म्स को शामिल किया जाएगा. इनमें लड़ाकू विमान, ट्रांसपोर्ट विमान, और हेलीकॉप्टर शामिल होंगे. 11 फरवरी को नई दिल्ली में मीडिया को जानकारी देते हुए वाइस चीफ ऑफ एयर स्टाफ, एयर मार्शल नागेश कपूर ने बताया कि इस एक्सरसाइज में हम सटीक निशाना लगाने की क्षमता का प्रदर्शन करेंगे. एक लक्ष्य तय किया जाएगा, विमान हथियार छोड़ेंगे और लक्ष्य पर पूरी सटीकता के साथ हमला किया जाएगा
-
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
बिकिनी सीन करने में कृति सेनन को क्यों लगे 12 साल? बोलीं- 6-7 साल पहले ऐसा नहीं कर पातीं -
AI एक्ट्रेस टिली नॉरवुड को पसंद है ये बॉलीवुड फिल्म, कृति सेनन के सामने सुनाया फेमस डायलॉग -
‘AI एक्टर्स इंसानी एक्टर्स की जगह नहीं ले सकते’, बोलीं एलाइन वैन डेर वेल्डन -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
नो इंडियंस अलाउड से मेयर तक का सफर, NDTV समिट में रोहतक से लंदन गई मां-बेटे की जोड़ी ने बताई अपनी जर्नी -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके? -
NDTV World Summit 2026: हॉकी चैंपियन नेहा गोयल का बड़ा खुलासा! दर्द में भी जीत का जश्न -
Ashwini Vaishnaw के ऑफिस में कुर्सी के पीछे क्यों लगी है कील? NDTV World Summit में खोला राज
एक्सरसाइज में शामिल हवाई संसाधनों के बारे में विंग कमांडर ए.बी. वसाने ने बताया कि ड्रिल में 77 लड़ाकू विमान, 43 हेलीकॉप्टर और 8 ट्रांसपोर्ट विमान हिस्सा लेंगे.भाग लेने वाले लड़ाकू विमानों में राफेल, तेजस, सुखोई-30 एमकेआई, मिग-29, जगुआर और मिराज-2000 शामिल हैं. हेलीकॉप्टरों में अपाचे, एमआई-17, एमआई-17 वी5, चिनूक, लाइट कॉम्बैट हेलीकॉप्टर (LCH) और एडवांस्ड लाइट हेलीकॉप्टर (ALH) तैनात किए जाएंगे.
परिवहन विमानों में C-17, C-295 और C-130J भी अभ्यास का हिस्सा होंगे. साथ ही हवाई क्षेत्र की रक्षा के लिए आकाश, स्पाइडर और L-70 गन जैसे एयर डिफेंस सिस्टम के साथ विशेष बल (स्पेशल फोर्स) की टीमें भी युद्ध सहायता देंगी. विंग कमांडर वसाने ने बताया कि भारतीय सेना भी इस अभ्यास में भाग लेगी. सेना M-777 होवित्जर तोप, L-70 गन और स्पेशल फोर्स के जवान तैनात करेगी.
ये सभी विमान जैसलमेर, फलोदी, उत्तरलाई, जोधपुर, हिंडन और वडोदरा जैसे एयरबेस से उड़ान भरेंगे. विंग कमांडर के मुताबिक इस अभ्यास का मकसद भारतीय वायु सेना की ताकत और युद्ध के लिए उसकी तैयारी दिखाना है. देशवासियों को ये विश्वास दिलाना है कि भारत की सेनाएं किसी भी समय, किसी भी तरह की चुनौती से निपटने के लिए तैयार हैं. साथ ही इसका मकसद युवाओं को वायु सेना में शामिल होने के लिए प्रेरित करना है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं