NEET Paper Leak Case 2026: नीट 2026 पेपर लीक केस में महाराष्ट्र से कनेक्शन जुड़ने के बाद सीबीआई ताबड़तोड़ गिरफ्तारियां कर रही है. नीट लीक केस अपने हाथ में लेने के बाद सीबीआई अब तक 13 गिरफ्तारियां कर चुकी है जिसमें अकेले महाराष्ट्र से 9 हैं. कहना गलत नहीं होगा कि महाराष्ट्र पेपर लीक का मुख्य केंद्र बन चुका है. सीबीआई को यह भी पता चला है कि आरोपी मनीषा के फोन में 'GOD' नाम से दूसरे आरोपी तेजस का नंबर
सेव था. गिरफ्तार किए गए नए आरोपियों में लातूर के डॉ. मनोज शिरुरे और पुणे से तेजस हर्षद कुमार शाह शामिल हैं.
नीट लीक केस में महाराष्ट्र के 9 मास्टरमाइंड कौन?
1. मनीषा संजय हवालदार (पुणे): यह पुणे के 'सेठ हीरालाल सराफ प्रशाला' की प्रिंसिपल है.NTA ने इसे फिजिक्स विषय का एक्सपर्ट बनाया था.आरोप है कि इसने परीक्षा से पहले ही फिजिक्स के सवालों को लीक किया.
2. मनीषा गुरुनाथ मानधरे (पुणे): पुणे के मॉडर्न कॉलेज की सीनियर बॉटनी टीचर हैं. इसे NTA ने बॉटनी और जूलॉजी का एक्सपर्ट नियुक्त किया था. इसने कथित तौर पर परीक्षा से पहले अपने घर पर छात्रों को बुलाकर लीक सवाल हल करवाए थे.
3. प्रोफेसर पी. वी. कुलकर्णी (लातूर/पुणे): लातूर के दयानंद जूनियर कॉलेज का रिटायर्ड केमिस्ट्री लेक्चरर है. यह NTA के पेपर-सेटिंग पैनल में शामिल था और पेपर का मराठी अनुवाद कर रहा था. इसने केमिस्ट्री का पेपर लीक किया.
4. शिवराज रघुनाथ मोटेगावकर (लातूर): लातूर के प्रसिद्ध 'आरसीसी (RCC) कोचिंग क्लासेस' का फाउंडर है. आरोप है कि प्रोफेसर कुलकर्णी के जरिए लीक पेपर सबसे पहले इसके पास पहुंचा था, जिसे इसने आगे अपने करीबियों और छात्रों को बांटा.
5. डॉ. मनोज शिरुरे (लातूर): लातूर का जाने-माने बालरोग विशेषज्ञ है. आरोप है कि इसने अपने बेटे/रिश्तेदारों के लिए कुलकर्णी और मोटेगावकर के नेटवर्क से लीक पेपर खरीदा था. इनके अस्पताल परिसर में ही परीक्षा से ठीक पहले 'स्पेशल क्लास' लेकर छात्रों को लीक पेपर रटवाया गया था.
6. मनीषा वाघमारे (पुणे): पुणे में ब्यूटी पार्लर चलाने वाली मनीषा वाघमारे इस पूरे रैकेट की सबसे अहम कड़ी थी. वह NTA एक्सपर्ट्स (मानधरे और कुलकर्णी) और छात्रों को जोड़ने वाले दलाल नेटवर्क के बीच मुख्य कूरियर/लिंक का काम कर रही थी.
7. धनंजय लोखंडे (पुणे): एक कंसल्टेंसी फर्म चलाता है. इसने मनीषा वाघमारे से लीक पेपर हासिल कर आगे के नेटवर्क में ट्रांसफर किया था.
8. शुभम खैरनार (नासिक): नासिक में काउंसलिंग का बिजनेस चलाता है. धनंजय से पेपर मिलने के बाद शुभम खैरनार ने ही टेलीग्राम ऐप के जरिए इस पेपर को राजस्थान और दिल्ली के अन्य आरोपियों तक पहुंचाया था.
9. तेजस हर्षदकुमार शाह (पुणे): पुणे की 'डॉ. अभंग प्रभु मेडिकल एकेडमी' में फिजिक्स फैकल्टी है. इसने मनीषा हवालदार से ₹20,000 में फिजिक्स के लीक सवाल खरीदे थे और इस लीक को आगे बढ़ाने में मदद की.
₹20,000 में हुआ था फिजिक्स के सवालों का सौदा!
CBI की पूछताछ और जांच में सामने आया है कि तेजस शाह ने फिजिक्स के लीक सवाल हासिल करने के लिए मनीषा हवालदार को 20 हजार रुपये दिए थे. मनीषा हवालदार ने अपनी क्वेश्चन बैंक से फिजिक्स के सवाल तेजस को मौखिक रूप से बोलकर बताए थे. तेजस ने वे सभी सवाल अपनी एक डायरी/कॉपी में नोट कर लिए और घर जाने के बाद उन सवालों की तस्वीरें खींचकर वापस मनीषा हवालदार को भेजी थीं. जांच में पुष्टि हुई है कि मनीषा के बताए गए कई सवाल इस साल की NEET परीक्षा में हूबहू आए थे. तेजस हर्षदकुमार शाह पुणे की 'डॉ. अभंग प्रभु मेडिकल एकेडमी' में फिजिक्स फैकल्टी के तौर पर काम करता था.
यह भी पढ़ें- NEET विवाद और CBSE मार्किंग सिस्टम पर हंगामा: संसदीय पैनल ने मंत्रालयों और NTA को किया तलब
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं