पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बीजेपी पर पार्टी तोड़ने का आरोप लगाया है. उन्होंने आरोप लगाया है कि पुलिस टीएमसी विधायकों को पार्टी मीटिंग में जाने से रोक रही है और धमकी दे रही है.
ममता बनर्जी ने कहा, "विधायकों को टीएमसी तोड़ने के लिए धमकी दी जा रही है. आज आपका अच्छा समय है, तभी आप ये कर रहे हो. विधायकों को मेरी मीटिंग में न आने की धमकी दी जा रही है. मेरे चुने हुए चार विधायकों ने कल शिकायत की है कि मीटिंग में आने से पहले पुलिस ने उन्हें फोन पर धमकाया."
बंगाल पुलिस पर उठाया सवाल
ममता ने पुलिस पर सवाल उठाते हुए कहा, "जब भी मैं मीटिंग करने जाती हूं तो मेरी परमिशन कैंसिल कर दी जाती है. पुलिस का काम तो आम जनता की रक्षा करना है. मुझे पुलिस को देख कर शर्म आती है. उनका काम रक्षा करना था लेकिन वो विधायकों को धमका रहे हैं. यहां तक कि मेरी भी सुरक्षा हटा ली गई है. आप लोगों ने मेरे साथ खेल खेला है, मैं इससे बड़ा खेल खेलूंगी, थोड़ा वेट कीजिए."
ममता बनर्जी ने कहा, "TMC और भी मजबूत होगी. आज जो लोग बड़े-बड़े दावे कर रहे हैं कि पार्टी लीडर वर्कर्स के साथ खड़े नहीं हैं, वे गलत जानकारी फैला रहे हैं. पूरी तरह से अराजकता फैली हुई है - हिटलर ने भी ऐसे काम नहीं किए थे. इस स्थिति को बताने के लिए शब्द नहीं बचे हैं, क्योंकि जब भाषा ही फेल हो जाती है, तो इसका मतलब है कि ज़ुल्म ने सारी हदें पार कर दी हैं. आप कुछ MLA और MP को डराकर या रिश्वत देकर TMC को कमजोर नहीं कर सकते; असल में, इससे पार्टी और मजबूत ही हो रही है."
'पुलिस बीजेपी के लोगों पर कार्रवाई करने में नाकाम रही'
अपने भतीजे अभिषेक पर हुए हमले का जिक्र करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पुलिस हिंसा में शामिल BJP कार्यकर्ताओं के खिलाफ़ कार्रवाई करने में नाकाम रही है. उन्होंने दावा किया, "जब अभिषेक पर हमला हुआ, तो आपने गलत लोगों को गिरफ़्तार किया. आपने कभी BJP कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार नहीं किया. आप बाहर से BJP के लोगों को लाए और उन्हें खाने के पैकेट भी दिए. मेरे पास सबूत हैं."
अभिषेक बनर्जी के साथ हुई मारपीट पर क्या बोलीं ममता
ममता बनर्जी ने कहा, "जिस तरह से आपने दूसरी सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी के MP पर हमला किया, वह चौंकाने वाला है. डॉक्टरों को बुलाया गया, फिर भी अस्पतालों को कथित तौर पर इलाज न करने का निर्देश दिया गया. यह कैसा बेतुका और तानाशाही व्यवहार है? बेले व्यू के लोग मेरे पैरों में झुकते थे. आपके बिरला और लोढ़ा के साथ करीबी रिश्ते और लेन-देन थे और आप उनके सामने झुकते थे. हमारे मेयर ने सब कुछ संभाल लिया. छह महीने पहले, हमने अपोलो का लाइसेंस रिन्यू किया था."
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