- गौतम अदाणी और उनकी पत्नी डॉ. प्रीति अदाणी अक्षय तृतीया के मौके पर अजितनाथ मंदिर पहुंच कर पूजा-अर्चना की.
- अजितनाथ भगवान को समर्पित यह 12वीं शताब्दी का मंदिर जैन समुदाय के लिए महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल है.
- अक्षय तृतीया के मौके पर अदाणी दंपति ने मंदिर में पहुंचकर पूजा-अर्चना की है.
अदाणी समूह के चेयरमैन गौतम अदाणी और उनकी पत्नी डॉ. प्रीति अदाणी ने अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर रविवार को गुजरात के तरंगा पहाड़ियों में स्थित अजितनाथ भगवान श्वेतांबर जैन देरासर मंदिर गए और वहां पूजा की. मेहसाणा जिले के खेरालू तालुका में स्थित दाभोड़ा हेलीपैड पर सुबह लगभग 7:45 बजे पहुंचने पर, दंपति का जैन समुदाय के सदस्यों ने स्वागत किया और फिर वे पहाड़ी मंदिर की ओर रवाना हुए. मंदिर में श्रद्धालु सुबह से ही इकट्ठा होना शुरू हो गए थे, क्योंकि यह दिन विभिन्न परंपराओं में विशेष रूप से पवित्र माना जाता है.
जैन धर्म के दूसरे तीर्थंकर भगवान अजितनाथ को समर्पित है मंदिर
जैन धर्म के दूसरे तीर्थंकर भगवान अजितनाथ को समर्पित यह मंदिर 12वीं शताब्दी का है और सोलंकी शासक राजा कुमारपाल से जुड़ा हुआ है. यह जैन समुदाय के लिए एक महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल माना जाता है. गौतम अदाणी ने मंदिर परिसर में समय बिताने से पहले गर्भगृह में प्रार्थना की. इस दौरान अदाणी दंपति ने कैंटीन का भी संक्षिप्त दौरा किया, जहां तीर्थयात्री अपनी यात्रा के दौरान एकत्रित होते हैं.

तरंगा जैन मंदिर में की पूजा करते गौतम अदाणी.
मंदिर के न्यासी से भी अदाणी दंपत्ति ने की मुलाकात
इस यात्रा के दौरान, अदाणी ने मंदिर के न्यासी सचिन अशोकभाई शाह से मुलाकात की और तीर्थयात्रियों के लिए सुविधाओं में सुधार लाने की योजनाओं पर चर्चा की, जिसमें मंदिर की स्थापत्य और आध्यात्मिक अखंडता को संरक्षित करते हुए पहुंच और सुविधाओं को बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित किया गया.
#WATCH | Mehsana, Gujarat: Gautam Adani, Chairman of the Adani Group, and his wife, Dr Priti Adani, visit the Shri Ajitnath Bhagwan Shwetamber Jain Derasar in Gujarat's Taranga hills and offer prayers on the occasion of Akshaya Tritiya. https://t.co/a1CozGjKJv pic.twitter.com/cmgsXbyK2g
— ANI (@ANI) April 19, 2026
अक्षय तृतीया हिंदू व जैन पंचांगों का एक शुभ दिन
अक्षय तृतीया को हिंदू और जैन पंचांगों में सबसे शुभ दिनों में से एक माना जाता है, जो समृद्धि, नई शुरुआत और दान-पुण्य से जुड़ा है. जैन परंपरा में, यह वह दिन है जब ऋषभनाथ ने लंबे उपवास के बाद अपना पहला दान ग्रहण किया था, जिससे तपस्वियों को भोजन देने की प्रथा की स्थापना हुई. इससे पहले हनुमान जन्मोत्सव के अवसर पर, अदाणी और उनके परिवार ने भारत के सबसे प्रमुख हिंदू तीर्थ स्थलों में से एक, अयोध्या के राम मंदिर में पूजा-अर्चना की थी.
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(Disclaimer: New Delhi Television is a subsidiary of AMG Media Networks Limited, an Adani Group Company.)
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