- दिल्ली के मालवीय नगर के फ्लरिश होटल में लगी आग के मामले में रसोइया केशव नेगी को गिरफ्तार किया गया है
- मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दिल्ली की सीएम से केशव नेगी की गिरफ्तारी पर निष्पक्ष जांच की मांग की है
- दिल्ली सीएम ने भरोसा दिया कि जांच तथ्य और सबूतों के आधार पर निष्पक्ष रूप से की जाएगी
दिल्ली के मालवीय नगर के फ्लरिश होटल में लगी आग के सिलसिले में पुलिस ने केशव नेगी नाम के एक शख्स को भी गिरफ्तार किया है. केशव नेगी इसी होटल में रसोइये के रूप में काम करता था. केशव नेगी उत्तराखंड का रहने वाला है और उसकी गिरफ्तारी को लेकर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता से बात की है. सीएम धामी ने दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता से बात कर केशव नेगी की गिरफ्तारी के मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की है.
दोनों मुख्यमंत्रियों में क्या बात हुई?
धामी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए बताया कि दिल्ली की मुख्यमंत्री ने उन्हें आश्वासन दिया है कि किसी भी निर्दोष व्यक्ति के साथ अन्याय नहीं होगा और जांच तथ्यों और सबूतों के आधार पर ही की जाएगी. उन्होंने भरोसा जताया कि दिल्ली सरकार और संबंधित एजेंसियां निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करेंगी ताकि सच्चाई का पता चल सके.
दिल्ली के मालवीय नगर अग्निकांड प्रकरण में उत्तराखंड के श्री केशव नेगी जी की गिरफ्तारी के संबंध में आज दिल्ली की माननीय मुख्यमंत्री श्रीमती @gupta_rekha जी से वार्ता हुई।
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) June 7, 2026
श्रीमती रेखा गुप्ता जी ने आश्वस्त किया है कि किसी भी निर्दोष व्यक्ति के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा तथा…
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने नेगी की बेटी से भी बात की और उसे हर संभव सहायता का आश्वासन दिया, साथ ही कहा कि उनकी सरकार देश भर में प्रवासी उत्तराखंड समुदाय के साथ मजबूती से खड़ी है.
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कांग्रेस ने भी गिरफ्तारी पर उठाए सवाल
इस बीच, उत्तराखंड कांग्रेस ने गिरफ्तारी की कड़ी निंदा करते हुए इसे दिल्ली सरकार और पुलिस पर असली दोषियों को बचाने की कोशिश करने का आरोप लगाया.
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने गिरफ्तारी के आधार पर सवाल उठाते हुए कहा कि नेगी होटल में केवल रसोइये के रूप में काम करता था और फायर सेफ्टी प्रोटोकॉल के लिए उसपर कोई जिम्मेदारी नहीं थी.
सोशल मीडिया पर एक वीडियो संदेश में गोदियाल ने कहा कि आग लगने के दौरान लोगों का सुरक्षा के लिए भागना स्वाभाविक है. उन्होंने कहा कि जांच में इस बात पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए कि क्या होटल में आग बुझाने की उचित व्यवस्था थी और क्या स्थानीय नगर निगम निरीक्षकों ने अपनी जिम्मेदारी निभाई थी.
उन्होंने चेतावनी दी कि दिल्ली में रह रहे उत्तराखंड के 10 लाख से अधिक प्रवासियों के खिलाफ भेदभाव बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
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6 जून को हुई थी गिरफ्तारी
दिल्ली पुलिस ने 6 जून को केशव नेगी को गिरफ्तार किया था. आरोप है कि शुरुआत जांच से पता चलता है कि होटल में लगी आग में उसकी लापरवाही की भूमिका हो सकती है. दिल्ली की एक अदालत ने शनिवार को नेगी को दो दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया था.
3 जून को होटल में लगी थी आग
मालवीय नगर के हौज रानी इलाके में बने 'फ्लरिश होटल' में 3 जून की सुबह आग लग गई थी. कुछ ही देर में आग ने पूरे होटल को अपनी चपेट में ले लिया था. इस दुर्घटना में 21 लोगों की मौत हो गई थी. इस दुर्घटना में जान गंवाने वालों में किर्गिस्तान, नाइजीरिया, बांग्लादेश, इराक, कांगो, मोजाम्बिक और लाइबेरिया के कई विदेशी नागरिक भी शामिल थे.
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