पटियाला पुलिस ने राजपुरा की चितकारा यूनिवर्सिटी में 25 और 26 सितंबर की रात हुए हंगामे के सिलसिले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है. उन पर आरोप है कि उन्होंने सोशल मीडिया पर गुमराह करने वाले मैसेज फैलाए और छात्रों को उकसाया.
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान नांगल निवासी हिमांशु और अंबाला निवासी आर्यन के तौर पर हुई है.
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हिमांशु-आर्यन पर क्या हैं आरोप?
इस घटना के बाद बनूर पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज की गई और मामले की विस्तृत जांच शुरू की गई. पुलिस ने बताया कि उन्होंने हंगामे के दौरान छात्रों और गड़बड़ी फैलाने वाले अन्य लोगों की सोशल मीडिया गतिविधियों और उनकी ओर से फैलाए गए मैसेज की भी जांच की.
पुलिस के अनुसार, जांच में पता चला कि हिमांशु और आर्यन ने कथित तौर पर अलग-अलग सोशल मीडिया ग्रुप्स का इस्तेमाल करके गुमराह करने वाले मैसेज फैलाए और छात्रों को उकसाया, जिससे यूनिवर्सिटी कैंपस में तनावपूर्ण स्थिति पैदा हुई.
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पुलिस ने क्या बताया?
बनूर के DSP सुखदेव सिंह ने बताया कि दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि FIR में 10 अन्य लोगों के नाम शामिल हैं. बाकी आरोपियों का पता लगाने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए अलग-अलग जगहों पर टीमें भेजी गई हैं.
गलत जानकारी फैलाने, छात्रों को उकसाने, सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और सरकारी कर्मचारियों को उनके आधिकारिक कर्तव्यों के पालन में बाधा डालने में शामिल अन्य लोगों की पहचान करने के लिए आगे की जांच जारी है.
पटियाला पुलिस ने कहा कि दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
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