भारत और चीन के बीच जारी सीमा विवाद के बीच चीन का एक बड़ा बयान आया है. इस बयान में चीन ने कहा है कि पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) के मुद्दे पर मतभेद को कम करने की दिशा में बीते कुछ समय में काम किया गया है. चीनी रक्षा मंत्रालय ने मतभेद को कम करने की कोशिशों को आधिकारिक तौर पर माना भी है. गुरुवार को चीनी रक्षा मंत्रालय की तरफ जारी एक बयान में कहा गया है कि चीन और भारत पूर्वी लद्दाख में LAC पर गतिरोध को खत्म करने और मतभेद दूर करने पर सहमत हुए हैं.
चीन की तरफ जारी बयान में आगे कहा गया है कि दोनों देशों के बीच तनावपूर्ण प्वाइंट्स से सैनिकों को हटाने पर भारत और चीन आम सहमति बनाने में सक्षम हुए हैं. दोनों देश एक तय तारीख पर दोनों पक्षों को स्वीकार्य समाधान तक पहुंचने के लिए बातचीत बनाए रखने पर सहमत हुए हैं.
-
NDTV WORLD SUMMIT 2026 : कृति सेनन को बिकिनी सीन करने में क्यों लगे 12 साल? -
ब्रिटेन के हरियाणवी मेयर तुषार कुमार ने बताया कैसे गरीबों की मदद ने जिताया चुनाव -
टैक्स सिर्फ कमाई पर लगे, पूरी रकम पर नहीं..."F&O ट्रेडर्स के नुकसान पर बोले Zerodha को-फाउंडर निखिल कामत -
जिस शशि थरूर को सुनती है पूरी दुनिया, संसद में वह किसे सुनना पसंद करते हैं? खुद खोला राज -
रुपये की गिरती कीमत पर RBI गवर्नर का बड़ा बयान, कोई फिक्स लेवल नहीं, जानिए क्या है रिजर्व बैंक का एक्शन प्लान -
टाटा संस की शेयर बाजार में लिस्टिंग अनिवार्य? RBI गवर्नर ने NDTV समिट में बताया ये क्यों है जरूरी -
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके?
कुछ दिन पहले भारत और चीन के संबंधों पर विदेश मंत्री डॉ.एस जयशंकर ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि 2020 में गलवान घाटी में भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच हुई झड़प ने दोनों देशों के संबंधों पर असर डाला है.पिछले चार सालों से नई दिल्ली का ध्यान सीमा पर सैनिकों की वापसी पर रहा है.
भारत-चीन संबंधों का दुनिया पर असर
न्यूयॉर्क में 'भारत, एशिया और वर्ल्ड इवेंट में डॉ. जयशंकर ने कहा था कि भारत-चीन संबंध एशिया के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण हैं जो कि पूरे विश्व को प्रभावित करेंगे. मुझे लगता है कि भारत-चीन संबंध एशिया के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण हैं.अगर दुनिया को बहुध्रुवीय बनाना है,तो एशिया को भी बहुध्रुवीय बनाना होगा और इसलिए यह संबंध न केवल एशिया के भविष्य को प्रभावित करेगा, बल्कि इस तरह से, शायद दुनिया के भविष्य को भी प्रभावित करेगा. जिस कार्यक्रम में विदेश मंत्री ने हिस्सा लिया, उसकी मेजबानी एशिया सोसाइटी और एशिया सोसाइटी पॉलिसी इंस्टीट्यूट ने की थी.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं