- बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा को RSS नेता सुनील आंबेकर ने स्टेट स्पॉन्सर्ड हिंसा बताया है.
- आंबेकर ने कहा कि पूरी दुनिया को इस हिंसा पर ध्यान देना चाहिए और इसका कोई समर्थन नहीं होना चाहिए.
- आंबेकर ने कहा कि RSS का प्रमुख सिद्धांत राष्ट्र सर्वप्रथम है और समाज को एकजुट करना है.
बांग्लादेश में हिंदुओं की हत्याओं के मामले लगातार सामने आ रहे हैं, जिसे लेकर अब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने प्रतिक्रिया दी है. आरएसएस के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर ने कहा कि बांग्लादेश में जो घटनाएं हुई हैं वह स्टेट स्पॉन्सर्ड हिंसा जैसी हैं. एनडीटीवी के साथ एक्सक्लूसिव बातचीत में आंबेकर ने कहा कि इन घटनाओं को रोकने के लिए कोई कार्रवाई नहीं की जा रही हैं. दिल्ली शब्दोत्सव में आंबेकर ने कहा कि आरएसएस के 100 साल, GEN Z, हिंदुत्व, जाति आधारित राजनीति तक विभिन्न मुद्दों पर अपनी बात रखी.
आंबेकर ने बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों के खिलाफ बढ़ रही हिंसा को लेकर साफ कहा कि यह घटनाएं स्टेट स्पॉन्सर्ड हिंसा जैसी हैं. साथ ही उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया को इसके बारे में ध्यान देना चाहिए. कोई भी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से किसी भी तरह का समर्थन नहीं होना चाहिए और पूरी दुनिया को मिलकर ऐसी घटनाओं पर लगाम कसना चाहिए. उन्होंने कहा कि मुझे लगता आने वाले समय में यह परिस्थिति बदलनी चाहिए.

RSS का प्रमुख सिद्धांत राष्ट्र सर्वप्रथम: आंबेकर
दिल्ली शब्दोत्सव कार्यक्रम में पहुंचे सुनील आंबेकर ने आरएसएस के 100 साल पूरे होने पर कहा कि संस्थापक डॉ. हेडगेवार ने आरएसएस को एक प्रक्रिया संचालित संस्था बनाया और एक प्रोग्रेसिव व्यवस्था तैयार की. उन्होंने कहा कि आरएसएस का प्रमुख सिद्धांत है - राष्ट्र सर्वप्रथम. उनकी सोच पूरे हिंदू समाज को एकजुट करने की थी.
देश का GEN Z संविधान के साथ है: आंबेकर
आंबेकर ने GEN Z को लेकर कहा कि GEN Z युवा 18 साल की उम्र तक क्रेजी होते हैं, जब कोई नई चीज आती है तो उसको लेकर शुरुआत में क्रेज होता है. उन्होंने कहा कि जब इमरजेंसी लगी तो देश के युवा देश में लोकतंत्र बचाने में लग गए थे. हमारे देश की GEN Z देश के संविधान के साथ है, देश के साथ है और रचनात्मक बदलाव के साथ है. हमारी GEN Z के मन में देश को सबसे ऊपर ले जाने की बहुत आकांक्षाएं हैं.
उन्होंने देरी से शादी करने को लेकर कहा कि इस तरह की यह एक समाजिक समस्या है. लोगों की अपनी-अपनी स्थिति होती है जिस हिसाब से वह सोचते हैं.
हमें GEN Z की समस्या पर उनके साथ बात करनी चाहिए और उनकी समस्या का समाधान ढूंढना चाहिए. उन्होंने कहा कि स्थिति थोड़ी गंभीर हुई है और कुछ प्रॉब्लम आए हैं , लेकिन हमें पॉजिटिव तरीके से समस्या को ठीक करना चाहिए. हमें युवाओं से बात करनी चाहिए.
हिंदू हमारी सांस्कृतिक पहचान: आंबेकर
हिंदू संस्कृति को लेकर आंबेडकर ने कहा कि हिंदू हमारी सांस्कृतिक पहचान है और वह हमारे राष्ट्र से जुड़ती है. हमारे पूर्वजों ने हमेशा सबको अपना मानकर यह प्रयास किया. उन्होंने कहा कि हिंदू का मतलब है - यू आर कनेक्टेड.
जाति आधारित राजनीति पर भी बोले
आंबेकर ने जाति पर राजनीति को लेकर कहा कि लोग जाति पर जाते हैं, इसलिए राजनीति होती है. अगर लोग हर जाति के लोगों को अपने दोस्तों की सूची में रखेंगे तो मुझे नहीं लगता कि जाति पर राजनीति करने की राजनीति से जुड़े लोगों की कोई हिम्मत होगी.
विदेश में हिंदुओं पर हमले को लेकर कहा कि अभी दुनिया में कई तरह के युद्ध हो रहे हैं. यूक्रेन, इजरायल, वेनेजुएला. दुनिया में बहुत तरह की हिंसा हो रही है. जगह-जगह आतंकवाद भी चल रहा है. अभी दुनिया के बड़े शहर हैं, जिनके मेयर चुने गए वह अपने भाषण में क्या-क्या बोल रहे हैं वह हम देख रहे हैं. दुनिया में हिप्पोक्रेसी अब एक्सपोज हो रही है. ऐसे समय पर जो भारत और हिंदुत्व का संदेश है - वसुदेव कुटुंबकम, वह संदेश और उस धारणा की ज्यादा जरूरत है.
उन्होंने कहा कि दुनिया में लंबे समय से नासमझ लोग हैं. इससे बौखलाकर हिंदुओं पर कई जगहों पर हमला कर रहे हैं, लेकिन वहां के शासनों पर भी दबाव आ रहा है, वहां के समाज में भी जागृति आ रही है. उन्होंने कहा कि भारत में भी इसके प्रति जागृति तैयार हो रही है और इसका प्रभाव भी बन रहा है.

राहुल गांधी पर भी जमकर बरसे आंबेकर
विदेश में राहुल गांधी के बयानों को लेकर आंबेकर ने कहा कि जब भारत के लोग विदेश जाते हैं तो भारत के बारे में बहुत कुछ बोलते रहते हैं. आप सब उनको जानते हैं. ऐसे लोगों को भारत में प्रतिष्ठा नहीं मिलनी चाहिए. भारत के मामले पर हमें एकजुट रहना चाहिए.
उन्होंने कहा कि अगर बांग्लादेश में आज समस्या हो रही है तो बांग्लादेश को जो देश प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से समर्थन दे रहे हैं, उन पर भी दबाव लाना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि भारत मजबूती से बात बोलेगा. दुनिया में ऐसी जो शक्तियां हैं उनको जोड़ेगा और उन्हें जोड़ने का काम निरंतर चल रहा है.
साथ ही कहा कि मुझे लगता है कि सबकी एक आवाज बने इसके लिए जितना प्रयास जरूरी है, उतना प्रयास करना चाहिए. इसी से समाधान निकलेगा.

भाजपा संघ के आइडिया को सब्सक्राइब कर रही: आंबेकर
आंबेकर ने कहा कि आरएसएस एक सामाजिक- सांस्कृतिक संस्था है. डॉ. हेडगेवार अगर चाहते तो एक राजनीतिक दल बना देते, लेकिन हेडगेवार एक सामाजिक संस्था बनाना चाहते थे जिससे अच्छे लोग तैयार हों. उन्होंने कहा कि आरएसएस 100 साल बाद भी इस बात पर कायम है.
उन्होंने कहा कि सामाजिक दृष्टि से आरएसएस का फोकस जन जागरण पर है. संघ द्वारा चलाई जाने वाली पार्टी आज सत्ता में है. संघ भाजपा के साथ समन्वय रखता है. आज भाजपा संघ के आइडिया को सब्सक्राइब कर रहा है. मुझे लगता है कि आगे चलकर आने वाले समय में सभी दल आरएसएस के आइडिया को सब्सक्राइब करेंगे, सभी इस लाइन पर आएंगे. हम ऐसी पार्टियों के साथ संपर्क में भी रहते हैं.
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