
नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने भरोसा जताया है कि भारत 2020-21 से आठ प्रतिशत से अधिक की आर्थिक वृद्धि दर हासिल कर लेगा. उन्होंने कहा कि माल एवं सेवा कर (जीएसटी) जैसे संरचनात्मक सुधार अब परिणाम देने लगेंगे. कुमार यहां संयुक्तराष्ट्र मुख्यालय में ‘टिकाउ विकास लक्ष्य' को लेकर एक कार्यक्रम में भाग लेने यहां आये हुए हैं. अपनी यात्रा के दौरान उन्होंने यहां भारत के महावाणिज्य दूतावास में आयोजित भारत निवेश संगोष्ठी को भी संबोधित किया. उन्होंने कहा कि मोदी सरकार अगले पांच साल में देश की आर्थिक वृद्धि दर को मौजूदा सात प्रतिशत से बढ़ाकर आठ प्रतिशत से अधिक करने पर ध्यान देगी.
'भारत को 5000 अरब डॉलर की अर्थव्यस्था बनने के लिए 8 फीसदी विकास दर की दरकार'
उन्होंने कहा कि इससे देश को पांच हजार अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने में आसानी होगी. कुमार ने एक विशेष साक्षात्कार में कहा, 'निजी तौर पर मुझे लगता है कि 2020-21 से हम आठ प्रतिशत से अधिक की आर्थिक वृद्धि दर हासिल कर लेंगे जो अगले कई साल तक बरकरार रहेगी. इसकी नींव रख दी गयी है और जीएसटी तथा दिवाला एवं ऋणशोधन अक्षमता संहिता जैसे संरचनात्मक सुधारों से बदलाव होने लगे हैं. इन बदलावों ने स्थायित्व पाने में समय लिया लेकिन अब ये फायदे देने लगे हैं.'
NDTV से बोले मुख्य आर्थिक सलाहकार, सरकार को रिटायरमेंट की उम्र बढ़ानी चाहिए क्योंकि...
उन्होंने कहा कि भारत के पास 10 प्रतिशत से अधिक की दर से आर्थिक वृद्धि करने की क्षमता है. कुमार ने रोजगार सृजन के बारे में कहा कि अगले पांच साल में देश में बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर सृजित किये जाएंगे.
आर्थिक सर्वे : सरकार ने 5 साल में रखा 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था का लक्ष्य
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं