विज्ञापन
This Article is From Nov 13, 2019

सबरीमाला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश और राफेल डील को बरकरार रखने के फैसले के खिलाफ रिव्यू पेटिशन पर कल फैसला सुनाएगा SC

सुप्रीम कोर्ट ने राफेल लड़ाकू विमान सौदे को बरकरार रखने के 14 दिसंबर, 2018 फैसला सुनाया था. इसके बाद इसके खिलाफ रिव्यू पेटिशन दाखिल की गई थी

सबरीमाला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश और राफेल डील को बरकरार रखने के फैसले के खिलाफ रिव्यू पेटिशन पर कल फैसला सुनाएगा SC
सुप्रीम कोर्ट (फाइल फोटो)
नई दिल्ली:

राफेल लड़ाकू विमान सौदे को बरकरार रखने और सबरीमाला में महिलाओं के प्रवेश के फैसले के खिलाफ दायर रिव्यू पेटिशन पर सुप्रीम कोर्ट गुरुवार को फैसला सुनाएगा. सुप्रीम कोर्ट ने राफेल लड़ाकू विमान सौदे को बरकरार रखने के 14 दिसंबर, 2018 फैसला सुनाया था. इसके बाद इसके खिलाफ रिव्यू पेटिशन दाखिल की गई थी. वहीं, सबरीमला मंदिर में सभी आयु वर्ग की महिलाओं के प्रवेश को अनुमति देने वाले अपने आदेश पर पुनर्विचार करने की मांग कर रही याचिकाओं पर भी गुरुवार को ही फैसला सुनाया जाएगा. 

सुप्रीम कोर्ट राफेल मामले में पूर्व केंद्रीय मंत्री - यशवंत सिन्हा और अरूण शौरी तथा कार्यकर्ता-वकील प्रशांत भूषण समेत कुछ अन्य की याचिकाओं पर फैसला सुनाएगी जिनमें पिछले साल के 14 दिसंबर के उस फैसले पर पुनर्विचार की मांग की गयी है जिसमें फ्रांस की कंपनी ‘दसॉल्ट' से 36 लड़ाकू विमान खरीदने के केंद्र के राफेल सौदे को क्लीन चिट दी गयी थी. 

चीफ जस्टिस गोगोई की पीठ इस सप्ताह राफेल सहित चार अहम मामलों में फैसला सुनाएगी

सुप्रीम कोर्ट के प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई, न्यायमूर्ति एस. के. कौल और न्यायमूर्ति के. एम. जोसफ की पीठ राजनीतिक रूप से संवेदनशील इस मामले में फैसला सुनाएगी. 14 दिसम्बर 2018 को शीर्ष अदालत ने 58,000 करोड़ के इस समझौते में कथित अनियमितताओं के खिलाफ जांच का मांग कर रही याचिकाओं को खारिज कर दिया था.

वहीं, सबरीमाला मंदिर मामले में सुप्रीम कोर्ट 56 पुनर्विचार याचिकाओं, चार ताजा रिट याचिकाओं और मामला स्थानांतरित करने संबंधी पांच याचिकाओं समेत 65 याचिकाओं पर अपना फैसला सुनाएगा. ये याचिकाएं उसके फैसले के बाद दायर की गयी थी. सबरीमला पर उच्चतम न्यायालय के फैसले के बाद केरल में हिंसक प्रदर्शन हुए थे. प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने 28 सितंबर 2018 के उसके फैसले पर पुनर्विचार करने की मांग करने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करने के बाद छह फरवरी को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था.

शाहनवाज हुसैन ने कहा- भारत के राफेल खरीदने से पाकिस्तान को चिंता होनी चाहिये, कांग्रेस को...

पीठ में न्यायमूर्ति आर एफ नरीमन, न्यायमूर्ति ए एम खानविल्कर, न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ और न्यायमूर्ति इंदु मल्होत्रा शामिल हैं. शीर्ष न्यायालय ने 4:1 के बहुमत से 28 सितंबर 2018 को दिए फैसले में केरल के मशहूर अयप्पा मंदिर में 10 से 50 वर्ष की आयु वाली महिलाओं और लड़कियों के प्रवेश पर लगे रोक को हटा दिया था और कहा था कि हिंदू धर्म की सदियों पुरानी यह परंपरा गैरकानूनी और असंवैधानिक है. पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने खुली अदालत में याचिकाओं पर सुनवाई की थी और पक्षकारों को सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था.

VIDEO: 5 की बात: क्या भारत को अब रक्षा सौदों में लानी चाहिए तेजी?

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Supreme Court, Rafale Deal, Sabarimala
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com