जम्मू-कश्मीर के नेताओं के साथ आज दिल्ली में मुलाकात करेंगे PM मोदी : खास बातें

जम्मू-कश्मीर पर आज PM मोदी की सर्वदलीय बैठक हो रही है. अनुच्छेद 370 हटने के बाद केंद्र और घाटी के नेताओं के बीच यह पहली बड़ी बैठक है. आतंकी घटनाओं की आशंका के मद्देनज़र जम्मू-कश्मीर में हाई अलर्ट किया गया है.

नई दिल्ली: जम्मू-कश्मीर पर आज PM मोदी की सर्वदलीय बैठक हो रही है. अनुच्छेद 370 हटने के बाद केंद्र और घाटी के नेताओं के बीच यह पहली बड़ी बैठक है. आतंकी घटनाओं की आशंका के मद्देनज़र जम्मू-कश्मीर में हाई अलर्ट किया गया है.

मामले से जुड़ी अहम जानकारियां :

  1. जम्मू-कश्मीर पर पीएम मोदी ने आज सर्वदलीय बैठक बुलाई है. इस बैठक में जम्मू कश्मीर के 4 पूर्व मुख्यमंत्रियों समेत 14 नेता शामिल होंगे. इस बैठक में परिसीमन को लेकर बात हो सकती है. राज्य में अनुच्छेद 370 के खात्मे के बाद दिल्ली में पहली बार इस तरह की बैठक बुलाई गई है. बैठक दोपहर 3 बजे शुरू होगी.

  2. बैठक में आठ पार्टियों से 14 नेताओं को न्योता दिया गया है, जिसमें पीडीपी और नेशनल कॉन्फ्रेंस भी शामिल हैं.इनमें नेशनल कॉन्फ्रेंस से फारूक अब्दुल्ला और उमर अब्दुल्ला, कांग्रेस से गुलाम नबी आज़ाद, पीडीपी से महबूबा मुफ़्ती, बीजेपी से निर्मल सिंह, कविंद्र गुप्ता, पीपुल्स कांफ़्रेंस से मुजफ्फर बेग़ और सज्जाद लोन, CPIM के मोहम्मद युसूफ़ तारिगामी और जेके अपनी पार्टी के अल्ताफ बुख़ारी के नाम शामिल हैं.

  3. जम्मू-कश्मीर में राजनीतिक प्रक्रिया शुरू करने पर भी चर्चा हो सकती है. भाजपा और पीडीपी का गठबंधन टूटने के बाद 2018 से वहां राष्ट्रपति शासन लगा हुआ है.

  4. जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा दोबारा बहाल करने की मांग करने वाला फारुक अब्दुल्ला नीत गुपकार समूह भी इस बैठक में शामिल हो रहा है.

  5. शुक्रवार को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और शीर्ष सुरक्षा और खुफिया अधिकारियों से मुलाकात की थी.

  6. गृह मंत्रालय के अधिकारियों के मुताबिक - कोविड महामारी के बाद कम आतंकवादी गतिविधियों के बीच राजनीतिक प्रक्रिया शुरू करने का समय सही है.

  7. इससे पहले उम्मीद की जा रही थी कि 2019 के लोकसभा चुनावों के साथ ही राज्य में विधानसभा चुनाव करवाए जाएंगे, लेकिन चुनाव आयोग ने प्रशासन द्वारा सुरक्षा को लेकर जताई गई चिंता के बाद इसे नकार दिया था.

  8. दिसंबर में जम्मू और कश्मीर में स्थानीय निकाय चुनाव हुए, जिसमें गुपकार गठबंधन ने 100 से अधिक सीटें जीतीं और भाजपा 74 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी.