
दिल्ली की एक विशेष अदालत ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दायर आईएनएक्स (INX) मीडिया मामले में बुधवार को पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम की न्यायिक हिरासत 27 नवंबर तक बढ़ा दी. विशेष न्यायाधीश अजय कुमार कुहाड़ की अदालत में ईडी ने चिदंबरम की हिरासत अवधि बढ़ाने का अनुरोध किया जिसे अदालत ने मंजूर कर लिया. जिला अदालतों में वकीलों की हड़ताल के कारण वरिष्ठ कांग्रेस नेता को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए अदालत में पेश किया गया.
गौरतलब है कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने तिहाड़ जेल में बंद पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम को सीबीआई कोर्ट से इजाजत मिलने के बाद गिरफ्तार कर लिया था. सीबीआई ने चिदंबरम को 21 अगस्त को आईएनएक्स मीडिया में रिश्वत मामले में गिरफ्तार किया था. सीबीआई ने 15 मई, 2017 को एक प्राथमिकी दर्ज करते हुए आरोप लगाया था कि वित्त मंत्री के रूप में चिदंबरम के कार्यकाल के दौरान 2007 में आईएनएक्स मीडिया समूह को 305 करोड़ रुपये का विदेशी कोष प्राप्त करने के लिए विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड की मंजूरी में गड़बड़ी की गई थी. इसके बाद ईडी ने 2017 में इस संबंध में भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया था.
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बताते चलें कि केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने INX मीडिया मामले में अपनी चार्जशीट दाखिल की थी. CBI ने चार्जशीट में पी चिदंबरम पर करीब 10 लाख रुपये की रिश्वत लेने का आरोप लगाया था. CBI ने स्पेशल कोर्ट में दाखिल अपनी चार्जशीट में कहा कि पी चिदंबरम ने 2008 में यह पैसे लिए थे. CBI के अनुसार पी चिदंबरम ने रिश्वत के तौर पर कुल 9.96 लाख रुपये लिए थे. CBI ने पूर्व वित्त मंत्री और कांग्रेस के नेता पी चिदंबरम (P Chidambaram), उनके बेटे कार्ति चिदम्बरम और कंपनियों समेत कुल 15 लोगों व निकायों के खिलाफ आरोप-पत्र दाखिल किया था.
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