क्या आपकी भी रात में ठीक 2 या 3 बजे अचानक नींद खुल जाती है? इसके बाद घंटों करवटें बदलने के बावजूद नींद नहीं आती? अगर ऐसा होता है तो घबराने की जरूरत नहीं है. स्लीप एक्सपर्ट्स का कहना है कि रात में एक-दो बार जागना हमेशा किसी बीमारी का संकेत नहीं होता. लेकिन अगर बार-बार नींद टूटती है और दोबारा सोना मुश्किल हो जाता है, तो इसके पीछे तनाव, कोर्टिसोल हार्मोन, लाइफस्टाइल या कुछ हेल्थ कारण जिम्मेदार हो सकते हैं.
आमतौर पर हमें सिखाया जाता है कि हमें बस एक बार में लगातार सोने की जरूरत होती है. लेकिन असल में, स्लीप मेडिसिन में हम जानते हैं कि रात के दौरान जागना बहुत आम बात है.
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क्या रात में जागना सामान्य है?
नींद लगभग 90 से 110 मिनट के एक साइकिल में आती है, जिसमें हल्की और गहरी नींद बारी-बारी से आती है. स्लीप रिसर्चर्स के अनुसार, हेल्दी एडल्ट्स रात में दो से चार बार जागते हैं. ज्यादातर समय, जागने का यह दौर कुछ ही सेकंड का होता है और कई लोगों को जागने का पता भी नहीं चलता.
रात के पहले हिस्से में गहरी नींद ज्यादा होती है, जबकि सुबह के समय नींद हल्की हो जाती है और जरा सी हलचल भी आपको जगा सकती है.
डॉ. अजय चौधरी बताते हैं कि अगर आप आम तौर पर रात 10 या 11 बजे सोते हैं, तो सुबह-सुबह का समय, यानी रात 2 से 3 बजे के बीच का समय, आपके शरीर के लिए अक्सर बहुत अहम होता है. इस समय तक, आपकी ज्यादातर गहरी नींद पूरी हो चुकी होती है.
एक्सपर्ट्स के अनुसार, हेल्दी एडल्ट्स रात में 2 से 4 बार थोड़ी देर के लिए जाग सकते हैं. ज्यादातर लोगों को इसका एहसास भी नहीं होता. समस्या तब होती है जब नींद खुलने के बाद दोबारा सोना मुश्किल हो जाए और इसका असर रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ने लगे.
नींद के कौन-कौन से चरण होते हैं?
इस बारे में हमने बात की प्रोफेसर और प्रमुख, न्यूरोसर्जरी विभाग, ए.बी.वी.आई.एम.एस (अटल बिहारी वाजपेयी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज) और आर.एम.एल. अस्पताल, नई दिल्ली के डॉ. अजय चौधरी से.
डॉक्टर अजय चौधरी ने बताया कि सोने का मतलब यह नहीं है कि आपका दिमाग पूरी तरह से बंद हो गया है. भले ही आप अपने आस-पास की दुनिया से कम वाकिफ़ हों, फिर भी आपके दिमाग में काफी हलचल होती रहती है. दिमाग की इस गतिविधि के कुछ फिक्स पैटर्न होते हैं. डॉक्टर अजन ने इन पैटर्न को अलग-अलग चरणों के बारे में बताया. ये दो लेवल पर होते हैं. रैपिड आई मूवमेंट (REM) नींद और नॉन-REM (NREM) नींद.
डॉक्टर अजय के मुताबिक NREM के भी तीन स्टेप होते हैं. जब आप सोते हैं, तो आमतौर पर आप NREM नींद के पहले चरण में जाते हैं और फिर NREM नींद के दूसरे और तीसरे लेवल में रहते हैं. तीसरे लेवल के बाद आप REM नींद में चले जाते हैं और सपने देखने लगते हैं.
पहले REM साइकिल के बाद नींद का एक नया साइकिल शुरू होता है. और फिर आप लौटकर पहले चरण में आते हैं और इसी तरह साइकिल चलता रहता है.
एक चक्र पूरा होने और दूसरा शुरू होने में आमतौर पर लगभग 90 से 120 मिनट का समय लगता है.

कुछ लोग दोबारा क्यों नहीं सो पाते?
एक्सपर्ट्स बताते हैं कि समस्या तब शुरू होती है जब इंसान पूरी तरह जाग जाता है और उसका दिमाग इस सोच में पड़ जाता है कि दोबारा सोना नामुमकिन है. रात के आखिरी हिस्से में, शरीर धीरे-धीरे अगले दिन के लिए तैयार होने लगता है.
इस दौरान, कोर्टिसोल हार्मोन का लेवल धीरे-धीरे बढ़ता है, यह हार्मोन सतर्कता बढ़ाता है. आम तौर पर, इस पर ध्यान नहीं जाता. लेकिन, जब दिमाग जागने को चिंता से जोड़ लेता है, तो कोर्टिसोल का लेवल तेजी से बढ़ सकता है, जिससे दोबारा सोना मुश्किल हो जाता है.
एक्सपर्ट्स के मुताबिक "आप नींद के लिए जितना ज्यादा दबाव डालेंगे या उस पर जितना ज्यादा ध्यान देंगे, उतनी ही ज्यादा संभावना है कि नींद उतनी ही दूर होती जाएगी."
हालांकि, जो व्यक्ति लगातार तनाव और चिंता में रहता है, उसका कोर्टिसोल लेवल पहले से ही बढ़ा हुआ हो सकता है. ऐसे में, कोर्टिसोल में होने वाली सामान्य बढ़ोतरी भी एक चेतावनी का संकेत बन सकती है और नींद में खलल डाल सकती है.
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बेहतर नींद पाने के उपाय
- रोजाना एक ही समय पर जागना, जागते ही तेज रोशनी के संपर्क में आना और शरीर को हिलाना-डुलाना - ये सभी आपकी बायोलॉजिकल क्लॉक को मजबूत करने और रात में बेहतर नींद लाने में मदद करते हैं.
- यह भी सलाह दी जाती है कि बिस्तर पर तभी जाएं जब आप थके हुए हों और नींद आ रही हो. जब हम खुद पर सोने का समय थोपते हैं और बिना नींद आए बिस्तर पर चले जाते हैं, तो हम उम्मीद करते हैं कि दिमाग शांत हो जाएगा, लेकिन असल में इसका उल्टा होता है.
- जागने पर समय देखने या फोन उठाने से बचें, क्योंकि इससे इस बात की चिंता बढ़ सकती है कि आपकी कितनी नींद बाकी है.
अगर रात में बार-बार नींद खुलती है, देर तक जागना पड़ता है, या इससे आपके मूड, काम या रोजमर्रा की जिंदगी पर असर पड़ने लगता है, तो किसी प्रोफेशनल से सलाह लेने का समय हो सकता है.
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