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पेट की चर्बी को करना है कम, तो ओलोंग चाय का करें सेवन, मिलेंगे हैरान करने वाले लाभ

Burn Belly Fat With Oolong Chai: आयुर्वेद में ओलोंग चाय को शरीर को संतुलन रखने में अहम माना गया है, जबकि विज्ञान इसे हल्की किण्वित चाय मानता है. इस चाय के सेवन से शरीर को कई लाभ पहुंचा सकते हैं.

पेट की चर्बी को करना है कम, तो ओलोंग चाय का करें सेवन, मिलेंगे हैरान करने वाले लाभ
Oolong Chai: ओलोंग चाय पीने के फायदे.

Oolong Chai Benefits: चाय भारतीय जीवन का अहम हिस्सा है. दूध वाली चाय समेत कई रूप लोगों के बीच काफी चर्चा में हैं. इस कड़ी में ओलोंग चाय धीरे-धीरे अपनी जगह बना रही है. आयुर्वेद में ओलोंग चाय को शरीर को संतुलन रखने में अहम माना गया है, जबकि विज्ञान इसे हल्की किण्वित चाय मानता है, जिसमें कई उपयोगी प्राकृतिक तत्व पाए जाते हैं.  अगर आप भी अपने बढ़े हुए वजन से परेशान हैं और इसे कम करने के लिए हेल्दी ड्रिंक का सेवन करना चाहते हैं, तो इस चाय को पी सकते हैं.

ओलोंग चाय पीने के फायदे- Oolong Chai Pine Ke Fayde:

1. वजन घटाने-

वजन कम करने की बात करें तो ओलोंग चाय शरीर की अंदरूनी प्रक्रिया को बेहतर बनाने में मदद करती है. आयुर्वेद के अनुसार, शरीर में अग्नि यानी पाचन क्रिया जितनी अच्छी होती है, उतना ही भोजन सही तरह से पचता है. ओलोंग चाय इस अग्नि को संतुलित करती है, जिससे खाना जल्दी और सही ढंग से पचता है. इसमें मौजूद प्राकृतिक तत्व शरीर की ऊर्जा क्षमता को बढ़ाते हैं. जब शरीर ज्यादा ऊर्जा खर्च करता है, तो जमा चर्बी धीरे-धीरे कम होने लगती है. यही कारण है कि नियमित रूप से ओलोंग चाय पीने से वजन नियंत्रित रखने में मदद मिल सकती है.

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2.  दिल के लिए-

दिल की सेहत के लिए भी ओलोंग चाय को लाभकारी है. आयुर्वेद में कहा गया है कि जब रक्त साफ और संतुलित रहता है, तो हृदय स्वस्थ रहता है. ओलोंग चाय रक्त में जमा अनावश्यक चिकनाई को कम करने में सहायक हो सकती है. विज्ञान के अनुसार, यह चाय खराब कोलेस्ट्रॉल को घटाने और अच्छे कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने में मदद करती है. इससे रक्त का बहाव ठीक रहता है और दिल पर ज्यादा दबाव नहीं पड़ता.

3. मानसिक स्वास्थ्य-

मानसिक स्वास्थ्य के मामले में भी ओलोंग चाय का असर धीरे लेकिन गहरा होता है. आयुर्वेद मानता है कि मन और शरीर एक-दूसरे से जुड़े होते हैं. जब शरीर शांत रहता है, तो मन भी शांत होता है. ओलोंग चाय में मौजूद प्राकृतिक तत्व दिमाग को आराम देने में मदद कर सकते हैं. विज्ञान बताता है कि इसमें थोड़ी मात्रा में कैफीन होती है, जो थकान दूर करती है. यही संतुलन दिमाग को जागरूक और शांत रखता है.

4. इम्यूनिटी बढ़ाने-

इम्यूनिटी बढ़ाने में ओलोंग चाय की भूमिका भी अहम मानी जाती है. आयुर्वेद के अनुसार, जब शरीर के अंदर विषैले तत्व जमा हो जाते हैं, तो बीमारियां जन्म लेती हैं. ओलोंग चाय शरीर की सफाई की प्रक्रिया को तेज करने में सहायक हो सकती है. विज्ञान की नजर से देखें तो इसमें मौजूद प्राकृतिक तत्व शरीर को बाहरी कीटाणुओं से लड़ने की ताकत देते हैं. नियमित सेवन से शरीर छोटी-मोटी बीमारियों से बेहतर तरीके से मुकाबला कर पाता है.

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(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

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