विज्ञापन

नोएडा ट्विन टावर्स: 7 हजार लोग और हजारों वाहन कहां जाएंगे, जानें धमाके से पहले और बाद का पूरा प्लान

Twin Towers Demolition: सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद नोएडा के 40 मंजिला ट्विन टावरों को 28 अगस्त को दोपहर 2.30 बजे विस्फोट कर गिराया जाएगा. धमाके के लिए 3,500 किलोग्राम से अधिक विस्फोटकों का इस्तेमाल किया जाएगा. ट्रकों के जरिए दोनों टावरों के अंदर विस्फोटक भेजे गए हैं. नोएडा के सेक्टर 93बी में स्थित इस ट्विन टावर में 900 से अधिक फ्लैट और 21 दुकानें हैं.

28 अगस्त को नोएडा के 100 मीटर ऊंचे ट्विन टावर को गिराया जाएगा.

नई दिल्ली:

Twin Towers Demolition: सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद नोएडा के 40 मंजिला ट्विन टावरों को 28 अगस्त को दोपहर 2.30 बजे विस्फोट कर गिराया जाएगा. धमाके के लिए 3,500 किलोग्राम से अधिक विस्फोटकों का इस्तेमाल किया जाएगा. ट्रकों के जरिए दोनों टावरों के अंदर विस्फोटक भेजे गए हैं. नोएडा के सेक्टर 93बी में स्थित इस ट्विन टावर में 900 से अधिक फ्लैट और 21 दुकानें हैं.

  1. भारत में इतनी ऊंची इमारत पहली बार गिराई जाएगी. ये काम दक्षिण अफ्रीका की कंपनी जेट डेमोलिशन के सहयोग से होगा, जो 108 मीटर ऊंची इमारत गिरा चुकी है. सब ठीक रहा तो 9 सेकंड में ये टावर ज़मीदोज़ हो जाएंगे. इसमें 23 फ्लैट बनने थे, वहां करीब 700 फ्लैट बना दिये गए.

  2. ट्विन टावर को तोड़ने में करीब 18 करोड़ का खर्च आएगा. अंदाजा है कि इमारत से करीब 25 हजार टन मलबा निकलेगा. इसके आसपास बनी दूसरी इमारतों को अगर धमाके से कोई नुकसान होता है तो इसकी भरपाई की जाएगी. इसके लिए 102 करोड़ का बीमा कराया गया है. इसीलिए विस्फोट से पहले आसपास की सभी बिल्डिंग की वीडियोग्राफी की गई है. वहीं विस्फोट से होने वाले कंपन को मापने के लिए आईआईटी चेन्नई की एक टीम मौजूद रहेगी.

  3. इस विस्फोट का असर 50 मीटर के दायरे में महसूस किया जाएगा. विशेषज्ञ इस विस्फोट की निगरानी कर रहे हैं. जेट कंपनी के साथ-साथ एडिफिस (पैच) इसे देख रही है. विस्फोट का प्रभाव 50 मीटर में होगा, कंपन 22 मिमी प्रति सेकंड होगी, वहीं पड़ोस की इमारत 300 मिमी कंपन झेल सकती है.

  4. विस्फोट कर टावर गिराए जाने का काम चुनौतीपूर्ण होगा. क्योंकि उसके पास ही मात्र 9 मीटर की दूरी पर दूसरी बिल्डिंग है, जिसमें लोग रहते हैं. पास के एमराल्ड कोर्ट सोसाइटी के 40 पिलर हैं, जो विस्फोट झेलने की हालत में नहीं हैं.

  5. दूसरे टावर्स को ट्विन टावर के मलबे और धूल से बचाने के लिए भी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं. विस्फोट से मलबा यहां-वहां ना जाए, इसके लिए टावर के चारों ओर जीओ फाइबर क्लाथ लगाया गया है. वहीं लोहे के एक के ऊपर एक कंटेनर रखकर 30 मीटर ऊंची दीवार खड़ी की गई है.

  6. मलबे की धूल भी आसपास न जाए, इसके लिए कई बड़ी-बड़ी मशीनों से पानी का छिड़काव किया जाएगा. आवासीय टावरों को एक विशेष प्रकार के कपड़े से ढका जा रहा है. यह कपड़ा गैर बुने हुए भू वस्त्र सामग्री से बना है. इस कपड़े के अंदर धूल नहीं जा सकती है.

  7. 100 मीटर ऊंचे ट्विन टावर्स गिराने के लिए 28 अगस्त को सुबह 7 बजे 7,000 से अधिक लोगों को एमराल्ड कोर्ट और एटीएस विलेज सोसाइटी खाली करना होगा. साथ ही 2,500 से अधिक वाहनों को हटाया जाएगा. ट्विन टावर जहां एमराल्ड कोर्ट के परिसर में ही बने थे, वहीं एटीएस गांव शहर के सेक्टर 93ए में दूसरी तरफ अवैध ढांचों से लगा हुआ है.

  8. एमराल्ड कोर्ट में लगभग 650 फ्लैट और एटीएस गांव में 450 फ्लैट हैं. एमराल्ड कोर्ट में लगभग 1,200 वाहन हैं और एटीएस गांव में 1,500 वाहन हैं, जिन्हें बाहर ले जाना होगा. इन्हें बॉटनिकल गार्डन मेट्रो स्टेशन पर मल्टीलेवल पार्किंग में लगाया जाएगा.

  9. सेक्टर 93ए में ट्विन टावरों के नजदीकी क्षेत्र में लोगों, वाहनों और जानवरों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा. नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे, जो ट्विन टावरों के करीब है, 28 अगस्त को दोपहर 2.15 बजे से दोपहर 2.45 बजे तक वाहनों की आवाजाही के लिए बंद रहेगा.

  10. आपातकालीन सेवाओं के लिए आवश्यक फायर टेंडर, एम्बुलेंस आदि को पार्क के पीछे बनी सड़क पर ट्विन टावरों के सामने खड़ा किया जाएगा. किसी तरह की यातायात असुविधा उत्पन्न होने पर यातायात हेल्पलाइन नम्बर 9971009001 पर सम्पर्क किया जा सकता है.


पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Noida Twin Towers Demolition, Noida Towers, Gunpowder, Noida Tower Demolition, Demolish The 40 Storey Building, Noida Twin Towers, Demolition Of Noida Twin Towers
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com