
रवींद्र जडेजा ने अपने टेस्ट करियर का सर्वोच्च स्कोर (90) रन बनाया
नई दिल्ली:
न्यूजीलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में टीम इंडिया के लिहाज से सबसे बड़ा 'पॉजिटिव' निचले क्रम के बल्लेबाजों का शानदार प्रदर्शन रहा. कप्तान विराट कोहली और कोच अनिल कुंबले भी पुछल्ले क्रम के इन खिलाड़ियों के बल्ले से दिए गए योगदान की सराहना कर चुके हैं. कप्तान कोहली के अनुसार, निचले क्रम के बल्लेबाजों का यह योगदान कई बार बड़ा अंतर पैदा करता है और टीम इंडिया के लिए यह अच्छा है.
मोहाली टेस्ट के दौरान भी भारत के नीचे के पांच बल्लेबाजों ने जबर्दस्त प्रदर्शन किया. ऐसे समय जब टीम इंडिया पहली पारी में पांच विकेट गंवाकर मुश्किल में फंसी नजर आ रही थी तब लोअर ऑर्डर के इन बल्लेबाजों ने स्कोर को 400 के पार पहुंचाने में अहम योगदान दिया. छठे विकेट के रूप में कप्तान विराट कोहली जब आउट हुए तो टीम इंडिया का स्कोर 204 रन था. इस समय तक इंग्लैंड के 283 रन के स्कोर को ही छू पाना ही मुश्किल लग रहा, लेकिन आर. अश्विन, रवींद्र जडेजा और जयंत यादव ने अर्धशतक जमाते हुए स्थिति को संभाल लिया. इस दौरान आर. अश्विन और जडेजा के बीच 97, जडेजा और जयंत यादव के बीच 80 और जयंत यादव और उमेश यादव के बीच 33 रन की साझेदारी हुई.
पहली पारी के लिहाज से बात करें तो आश्चर्यजनक रूप से टीम इंडिया के लोअर-5 बैट्समैन ने टॉप-5 बैटसमैन से ज्यादा रनों का योगदान दिया. भारतीय टीम के टॉप पांच बल्लेबाजों में मुरली विजय ने 12, पार्थिव पटेल ने 42, चेतेश्वर पुजारा ने 51, कप्तान विराट कोहली ने 62 रन बनाए जबकि अजिंक्य रहाणे ने 0 पर आउट हुए. इन पांचों बल्लेबाजों की कुल रनसंख्या 167 हुई. अब नीचे के पांच बल्लेबाजों की बात करें तो करुण नायर ने 4, आर. अश्विन ने 72, रवींद्र जडेजा ने 90, जयंत यादव ने 55 और उमेश यादव ने 12 रनों का योगदान (कुल 233 रन) दिया. अंतिम बल्लेबाज के रूप में शमी एक रन बनाकर नाबाद रहे. वास्तव में छठे से 10वें क्रम के बल्लेबाजों की यही रनसंख्या टीम इंडिया के लिए अहम साबित हुई.
मोहाली टेस्ट के दौरान भी भारत के नीचे के पांच बल्लेबाजों ने जबर्दस्त प्रदर्शन किया. ऐसे समय जब टीम इंडिया पहली पारी में पांच विकेट गंवाकर मुश्किल में फंसी नजर आ रही थी तब लोअर ऑर्डर के इन बल्लेबाजों ने स्कोर को 400 के पार पहुंचाने में अहम योगदान दिया. छठे विकेट के रूप में कप्तान विराट कोहली जब आउट हुए तो टीम इंडिया का स्कोर 204 रन था. इस समय तक इंग्लैंड के 283 रन के स्कोर को ही छू पाना ही मुश्किल लग रहा, लेकिन आर. अश्विन, रवींद्र जडेजा और जयंत यादव ने अर्धशतक जमाते हुए स्थिति को संभाल लिया. इस दौरान आर. अश्विन और जडेजा के बीच 97, जडेजा और जयंत यादव के बीच 80 और जयंत यादव और उमेश यादव के बीच 33 रन की साझेदारी हुई.
पहली पारी के लिहाज से बात करें तो आश्चर्यजनक रूप से टीम इंडिया के लोअर-5 बैट्समैन ने टॉप-5 बैटसमैन से ज्यादा रनों का योगदान दिया. भारतीय टीम के टॉप पांच बल्लेबाजों में मुरली विजय ने 12, पार्थिव पटेल ने 42, चेतेश्वर पुजारा ने 51, कप्तान विराट कोहली ने 62 रन बनाए जबकि अजिंक्य रहाणे ने 0 पर आउट हुए. इन पांचों बल्लेबाजों की कुल रनसंख्या 167 हुई. अब नीचे के पांच बल्लेबाजों की बात करें तो करुण नायर ने 4, आर. अश्विन ने 72, रवींद्र जडेजा ने 90, जयंत यादव ने 55 और उमेश यादव ने 12 रनों का योगदान (कुल 233 रन) दिया. अंतिम बल्लेबाज के रूप में शमी एक रन बनाकर नाबाद रहे. वास्तव में छठे से 10वें क्रम के बल्लेबाजों की यही रनसंख्या टीम इंडिया के लिए अहम साबित हुई.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं
INDvsENG, मोहाली, टॉप-5 बल्लेबाज, आर अश्विन, रवींद्र जडेजा, जयंत यादव, लोअर-5 बल्लेबाज, भारतvsइंग्लैंड, Mohali, Top-5 Batsman, R.ashwin, Ravindra Jadeja, Jayant Yadav, Lower-5 Batsman