भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को शुरुआती कारोबार में नरमी देखने को मिली. मिडिल ईस्ट में बढ़ते भूराजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के कारण निवेशकों ने सतर्कता का रुख अपनाया, जिससे घरेलू बेंचमार्क सूचकांक गिरावट के साथ खुले.
कारोबार के दौरान एनएसई निफ्टी 50 (NSE Nifty 50) लगभग 0.2% गिरकर 24,526.85 के स्तर पर आ गया. वहीं, बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) 0.3% यानी करीब 252 अंक टूटकर 78,290.56 के स्तर पर कारोबार करता नजर आया. बाजार में इस गिरावट के बीच लेज़र पावर और त्रिवेणी टरबाइन जैसी कंपनियों के शेयरों में 7% तक की भारी गिरावट दर्ज की गई. वहीं, कच्चे तेल की कीमतों में आए उछाल और लेज़र पावर व त्रिवेणी टरबाइन जैसे शेयरों में 7% तक की बिकवाली का बाजार पर सीधा असर दिखा.
इन सेक्ट्रों में रही तेजी
सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो आईटी शेयरों में अच्छी मजबूती देखने को मिली. निफ्टी मिडस्मॉल आईटी और टेलीकॉम इंडेक्स 0.73 प्रतिशत, निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स 0.66 प्रतिशत और निफ्टी आईटी 0.63 प्रतिशत की बढ़त के साथ कारोबार करते नजर आए. इसके अलावा, रियल एस्टेट, ऑटोमोबाइल और फार्मा सेक्टर्स में भी सकारात्मक रुख देखने को मिला.
यहां दर्ज की गई गिरावट
इसके उलट, बैंकिंग शेयरों में दबाव बना रहा. निफ्टी प्राइवेट बैंक इंडेक्स 0.64 प्रतिशत और निफ्टी पीएसयू बैंक इंडेक्स 0.62 प्रतिशत तक गिर गया, जिससे बाजार पर कुछ दबाव बना रहा. निफ्टी50 इंडेक्स में मैक्स हेल्थ, टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स, अपोलो हॉस्पिटल, एक्सिस बैंक, इंटरग्लोब एविएशन और एसबीआई लाइफ सबसे ज्यादा नुकसान उठाने वाली कंपनियां रहीं.
एशियाई बाजारों का मिलाजुला रुख
भारतीय बाजार की शुरुआत के साथ ही एशियाई शेयर बाजारों में मिलाजुला कारोबार देखने को मिला. जापान का निक्केई 225 यानी 2.08% की बढ़त के साथ मजबूत स्थिति में नजर आया. वहीं, दक्षिण कोरिया का कोस्पी में 0.96% की गिरावट दर्ज की गई. इसके अलावा, ऑस्ट्रेलिया का ASX 200 भी 0.20% की हल्की बढ़त दिखा रहा है, लेकिन चीन का शंघाई कंपोजिट 0.01% की मामूली गिरावट के साथ लगभग सपाट कारोबार कर रहा है.
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कच्चे तेल में 5% का उछाल
शेयर बाजार पर दबाव का सबसे बड़ा कारण कच्चे तेल की कीमतों में आया उछाल से आया है. दरअसल, अमेरिका और ईरान के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने को लेकर किसी जल्द समझौते की उम्मीदें कमजोर पड़ने के बाद कच्चे तेल की कीमतें सोमवार को करीब 5% तक बढ़ गईं. वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट यानी WTI क्रूड करीब 82.13 डॉलर प्रति बैरल और ब्रेंट क्रूड 87.72 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बंद हुआ. हालांकि, आज के शुरुआती कारोबार में कच्चे तेल में एक बार फिर से दबाव नजर आ रहा है. कच्चा तेल मंगलवार को -0.19 डॉलर यानी -0.23% की गिरावट के साथ 81.94 पर कारोबार कर रहा है.
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