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पुलिस की गाड़ी में पत्नी का शव ससुराल के सामने फेंका, गिरफ्तार दारोगा और मुख्य आरोपी का क्या है कनेक्शन?

Bihar News: मृतका सरिता के परिजन यह आरोप लगा रहे है की सतेन्द्र के उसके पड़ोस में रहने वाली रेनू देवी से नाजायज संबंध थे. जिसके बारे में उसने पनी मां को कई बार बताया था. इस बात पर दोनों के बीच हर दिन कहासुनी होती थी.

पुलिस की गाड़ी में पत्नी का शव ससुराल के सामने फेंका, गिरफ्तार दारोगा और मुख्य आरोपी का क्या है कनेक्शन?
वैशाली मर्डर मामले में नया खुलासा.
  • बिहार के सारण में महिला सरिता की हत्या का मुख्य आरोपी सत्येंद्र अब तक पुलिस गिरफ्त से बाहर है
  • सत्येंद्र की करताहां थाने में पुलिसकर्मियों के साथ अच्छी पैठ और दोस्ती होने की जानकारी मिली है
  • आरोपी सत्येंद्र शराब के मामले में जेल जा चुका है और दारोगा संतोष रजक से उसकी करीबी रही है
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पटना:

बिहार के सारण में महिला का शव उसके मायके में फेंके जाने के मामले में मुख्य आरोपी अब तक फरार है. लेकिन मामले में  एक के बाद एक चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं. जिसके बाद कहीं न कहीं स्थानीय पुलिस की भूमिका पर भी सवाल खड़े होने लगे हैं. दरअसल जिस सत्येंद्र पर पत्नी सरिता की हत्या कर शव को दरोगा की गाड़ी से उसके मायके में फेंक आने का आरोप लगा है, उसे लेकर एक नया खुलासा हुआ है.

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पुलिस के साथ आरोपी की थी अच्छी दोस्ती

बताया यह जा रहा है कि आरोपी सत्येंद्र की वैशाली के करताहां थाने में अच्छी पैठ थी. उसका थाना में आना जाना था. जिसकी एक फोटो भी सोशल मीडिया से मिली है. फोटो में सत्येंद्र दो पुरुष पुलिसकर्मी और एक महिला पुलिसकर्मी के साथ खड़ा दिख रहा है. जानकारी ये भी सामने आई है कि सत्येंद्र शराब के एक मामले में जेल भी जा चुका है और जब संतोष रजक करताहां थाना में तैनात थे तब उसकी संतोष रजक से अच्छी दोस्ती थी. शायद यही वजह है कि उसकी थाने के अन्य स्टाफ से भी अच्छी दोस्ती हो गई, जिसका इस्तेमाल कर वह अपने इलाके में धौंस जमाता था.

आरोपी पर नाजायज संबंधों का आरोप

मृतका सरिता के परिजन यह भी आरोप लगा रहे है की सतेन्द्र के उसके पड़ोस में रहने वाली रेनू देवी से नाजायज संबंध थे. जिसके बारे में उसने पनी मां को कई बार बताया था. इस बात पर दोनों के बीच हर दिन कहासुनी होती थी. सतेन्द्र की पैठ थाने की पुलिस के साथ थी, इसलिए कोई कुछ नहीं बोलता था. दारोगा संतोष रजक से जान पहचान की वजह से वह खुद को दबंग समझता था.

सरिता के परिजनों का कहना है कि इस बात की भी जांच होनी चाहिए कि एक शराब कारोबारी पुलिसकर्मियों के साथ क्या काम करता था और उनके इतने नजदीक कैसे था. फिलहाल सारण के हरिहर नाथ थाने की पुलिस मुख्य अभियुक्त सतेंद्र की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है मगर पुलिस के हाथ अभी खाली हैं.

हत्या का मुख्य आरोपी अब तक फरार

बता दें कि मुजफ्फरपुर में तैनात दरोगा संतोष रजक के साथ मुख्य आरोपी सतेंद्र के भाई, भाभी और भतीजे की गिरफ्तारी हो चुकी है. जानकारी के मुताबिक, घटना वाले दिन गाड़ी सतेंद्र ही चला रहा था और उसके भतीजे राहुल कुमार ने ही शव को गाड़ी से खींचकर नीचे फेंका था. जबकि भाई राकेश पीछे बैठा था. अब सत्येंद्र को ढूढने की कोशिश जारी है. ये पता चलना भी जरूरी है कि करताहां में और कितने पुलिसकर्मी या दरोगा है जो सत्येंद्र के संपर्क में थे और उनके साथ सत्येंद्र का क्या रिश्ता है. फिलहाल कार्रवाई के नाम पर सिर्फ दारोगा संतोष रजक को निलंबित किया गया है. 
 

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