नीतीश सरकार के कैबिनेट का विस्तार: बनाए जा सकते हैं आठ नए मंत्री, इन नामों पर है कयासबाजी

कैबिनेट में अभी 11 लोग और शामिल हो सकते हैं, लेकिन आज के कैबिनेट विस्तार में शायद ही भाजपा और लोक जनशक्ति पार्टी से किसी को शामिल किया जाए.

नीतीश सरकार के कैबिनेट का विस्तार: बनाए जा सकते हैं आठ नए मंत्री, इन नामों पर है कयासबाजी

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार. (फाइल तस्वीर)

पटना:

बिहार में सत्तारूढ़ जनता दल (युनाइटेड) के कई विधायकों के सांसद बन जाने के बाद रिक्त हुए मंत्री पद भरने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) रविवार को मंत्रिमंडल का विस्तार करेंगे. आज के कैबिनेट विस्तार में आठ नए मंत्री बनाये जा सकते हैं. फिलहाल नीतीश मंत्रिमंडल में कुल 25 मंत्री हैं, जबकि इनकी संख्या 36 तक हो सकती है. जहां 2017 में भाजपा के साथ सरकार बनाने के समय अनुपातिक आधार पर भाजपा (BJP) को 14 मंत्री बनाने का कोटा मिला था, जिसमें उनके 13 लोग फिलहाल मंत्री हैं. लेकिन उनके कोटे के सारे विभाग भाजपा मंत्रियों के पास ही हैं. बिहार के डिप्टी सीएम सुशील मोदी के पास वित के अलावा चार और विभाग हैं.

कैबिनेट में अभी 11 लोग और शामिल हो सकते हैं, लेकिन आज के कैबिनेट विस्तार में शायद ही भाजपा और लोक जनशक्ति पार्टी से किसी को शामिल किया जाए. लोक जनशक्ति पार्टी से एक मंत्री पशुपति कुमार पारस ने भी हाजीपुर से सांसद चुने जाने के बाद इस्तीफा दे दिया है. आज जिन लोगों को शपथ दिलायी जा सकती है, उनमें पूर्व मंत्री श्याम रजक, अशोक चौधरी, संजय झा, नीरज कुमार और नरेंद्र नारायण यादव का नाम प्रमुख हैं.

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बता दें, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शनिवार को राज्यपाल लालजी टंडन से मुलाकात की. सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री ने राज्यपाल को इसकी जानकारी दी, और रविवार सुबह 11.30 बजे राजभवन में नए मंत्रियों को शपथ दिलाई जाएगी. जद (यू) के एक नेता ने नाम प्राकशित नहीं करने की शर्त पर बताया कि जदयू के प्रवक्ता नीरज कुमार, राष्ट्रीय लोकसमता पार्टी (रालोसपा) छोड़कर आए विधायक ललन पासवान, कांग्रेस छोड़कर जद (यू) में आए विधान पार्षद अशोक चौधरी और पूर्व मंत्री रंजू गीता को मंत्रिमंडल में शामिल किया जा सकता है. 

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इस बीच हालांकि सरकार में शामिल भाजपा और लोजपा से किसी के भी मंत्री बनने के नाम अब तक सामने नहीं आए हैं. सूत्रों का कहना है कि अगले वर्ष होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए कुछ मंत्रियों के विभागों में भी फेरबदल किया जा सकता है.

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बता दें, नीतीश कुमार काफी लंबे समय बाद मंत्रिमंडल विस्तार करने जा रहे हैं. लोकसभा चुनाव में नीतीश कुमार मंत्रिमंडल के तीन सदस्यों के लोकसभा चुनाव जीत जाने के बाद मंत्रिमंडल विस्तार तय माना जा रहा था. लोकसभा चुनाव में नीतीश सरकार के जल संसाधन मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह को मुंगेर लोकसभा क्षेत्र से सफलता मिली है, जबकि आपदा व लघु सिंचाई मंत्री दिनेश चन्द्र यादव को मधेपुरा से और पशु एवं मत्स्य संसाधन मंत्री पशुपति कुमार पारस को हाजीपुर से जीत हासिल हुई है. इससे पहले ही कथित सृजन घोटाले में नाम आने के कारण मंजू वर्मा को समाज कल्याण मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा था। इसके बाद से नीतीश मंत्रिमंडल में कोई भी महिला सदस्य नहीं है.

(इनपुट -आईएएनएस से भी)


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