नदी किनारे काम कर रहे किसान पर मगरमच्छ ने किया हमला, पैर दबोचकर लगा खींचने, फिर शख्स ने जो किया, कभी नहीं हो सकता

रिपोर्टों के अनुसार, किसान ने मगरमच्छ के चंगुल से खुद को छुड़ाने के लिए लात मारने की कोशिश करते समय गलती से उसकी पलक काट ली.

नदी किनारे काम कर रहे किसान पर मगरमच्छ ने किया हमला, पैर दबोचकर लगा खींचने, फिर शख्स ने जो किया, कभी नहीं हो सकता

नदी किनारे काम कर रहे किसान पर मगरमच्छ ने किया हमला

एक किसान की किस्मत अच्छी थी, कि वो मगरमच्छ (crocodile) का शिकार होने से बच गया, जब मगरमच्छ ने उसके पैर को पकड़ लिया और अपनी ओर खींचने लगा. रिपोर्टों के अनुसार, किसान ने मगरमच्छ के चंगुल से खुद को छुड़ाने के लिए लात मारने की कोशिश करते समय गलती से उसकी पलक काट ली. यह घटना तब हुई जब कॉलिन डेवेरक्स नाम का किसान ऑस्ट्रेलिया (Australia) में स्थित फिनिस नदी के पास बाड़ लगाने गया था.

डेवरॉक्स ने एबीसी न्यूज को बताया, "पानी कम हो गया था, और यह इस गंदे पानी में बीच में था. मैंने दो कदम उठाए और गंदे मगरमच्छ ने मेरे दाहिने पैर को पकड़ लिया." उन्होंने आगे कहा, "उसने मुझे एक चिथड़े की गुड़िया की तरह हिलाया और वापस पानी में खींच लिया."

अपनी जान बचाने की कोशिश में डेवरॉक्स ने जवाबी कार्रवाई शुरू कर दी और मगरमच्छ की पसलियों पर लात मारना शुरू कर दिया. उसने जानवर को काटने की भी कोशिश की और अफरा-तफरी में उसके दांत सरीसृप की पलकों में फंस गए.

डेवरॉक्स ने बताया, "मैं ऐसी अजीब स्थिति में था, लेकिन संयोग से मेरे दांतों ने उसकी पलक को पकड़ लिया. वह काफी मोटी थी, मानो चमड़े को पकड़ रखा हो, लेकिन मैंने उसकी पलक पर झटका दिया और काट डाला. मैं उछलकर दूर चला गया और तेजी से भागा. जहां मेरी कार थी, वहां तक. उसने कुछ दूर तक, शायद चार मीटर तक मेरा पीछा किया, लेकिन फिर रुक गया.'' 

भागने के बाद डेवरॉक्स ने देखा कि उसका पैर बुरी तरह घायल हो गया है. उन्होंने अस्थायी पट्टी बनाने के लिए एक तौलिया और कुछ रस्सी का उपयोग किया, फिर अपने भाई के साथ अस्पताल गए. यह घटना लगभग एक महीने पहले हुई थी, और तब से वह अस्पताल में चिकित्सा उपचार प्राप्त कर रहा है, जिसमें त्वचा का ग्राफ्ट भी शामिल है.

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उन्होंने कहा, "मुझे लगता है कि यह सब लगभग आठ सेकंड में हुआ." अगर उसने (मगरमच्छ ने) मुझे कहीं और काटा होता तो बात अलग होती. उन्होंने अपने अनुभव के बारे में बात करते हुए बताया, मैं बहुत लंबे समय से उस दलदली देश में घूम रहा हूं, बाड़ ठीक कर रहा हूं और जीवन जी रहा हूं, लेकिन इसने मेरी आंखें खोल दीं.''