- US मीडिया रिपोर्टों के अनुसार ट्रंप प्रशासन ने जरूरत पड़ने पर ईरान पर हमले की प्रारंभिक रणनीति पर चर्चा की
- अभी तक ईरान पर किसी भी सैन्य या वायु नौसेना तैनाती की कोई योजना या अंतिम फैसला सामने नहीं आया है
- ट्रंप ने ईरान के विरोध प्रदर्शनकारियों का समर्थन करते हुए खामेनेई सरकार को खुली धमकी दी है
वेनेजुएला के बाद क्या अब ईरान की बारी है? डोनाल्ड ट्रंप के दिमाग में आखिर चल क्या रहा है. क्या वह अब ईरान पर हमले की प्लानिंग कर रहे हैं. ये सवाल इसलिए उठ रहा है क्यों कि ट्रंप प्रशासन ने जरूरत पड़ने पर ईरान पर हमला करने की रणनीति पर प्रारंभिक चर्चा' की है. ये बात अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट में कही गई है.
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क्या ईरान पर हमले की रणनीति बना रहा अमेरिका?
रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि जरूरत पड़ने पर ईरान पर हमले की कार्ययोजना पर अभी कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है. अभी तक किसी भी सैन्य या वायु नौसेना तैनाती की योजना सामने नहीं आई है. बता दें कि ईरान में विरोध प्रदर्शन का दौर लगातार जारी है. इस बीच डोनाल्ड ट्रंप प्रदर्शनकारियों का समर्थन कर रहे हैं. खामेनेई और ट्रंप के बीच तनातनी तो जग जाहिर है.

खामेनेई सरकार को ट्रंप की धमकी
ट्रंप का ,कहना है कि ईरान आजादी मांग रहा है. इसमें उनकी मदद करने के लिए अमेरिका तैयार है. इतना ही नहीं ट्रंप खामेनेई सरकार को लगातार धमकी भी दे रहे हैं. ट्रंप ने एक बार फिर से अपने सोशल ट्रुथ पर लिखा है, 'ईरान आजादी मांग रहा है, शायद ये पहले कभी नहीं हुआ. मदद के लिए अमेरिका तैयार है. इसके बाद ये कयास लगाए जा रहे हैं कि अमेरिका कहीं ईरानी सरकार के खिलाफ सैन्य ऑपरेशन शुरू तो नहीं करने जा रहा. हालांकि ये सिर्फ कयास ही हैं. अब तक ट्रंप प्रशासन की तरफ से कुछ भी साफ नहीं किया गया है.
मार्को रुबियो ने भी किया प्रदर्शनकारियों का समर्थन
ईरान में उग्र विरोध प्रदर्शन के बीच ट्रंप का ये बयान काफी अहम माना जा रहा है. इसके कई मायने भी निकाले जा रहे हैं. ट्रंप के साथ ही अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो भी प्रदर्शनकारियों का समर्थन कर चुके हैं. रुबियो ने कहा-उम्मीद है कि लोग अब समझ गए होंगे. ट्रंप कोई खेल खेलने वाले नहीं हैं.
खामेनेई के खिलाफ लोगों का गुस्सा
ईरान में इन दिनों हालात काफी तनावपूर्ण बने हुए हैं. ईरान के सुप्रीम नेता अयातुल्लाह खामेनेई के खिलाफ लोगों का गुस्सा देखने को मिल रहा है. महंगाई और बेरोजगारी से आक्रोशित लोगों ने सड़कों पर खामेनेई के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. वहीं, दूसरी ओर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार ईरानी सरकार को एक्शन की धमकी दे रहे हैं. ट्रंप ने खामेनेई को सीधी चेतावनी दी है कि अगर ईरानी सरकार ने प्रदर्शनकारियों के खिलाफ हिंसक रुख अपनाया तो अमेरिका कार्रवाई करेगा. वहीं ट्रंप की इन धमकियों की शोर गल्फ देशों में भी सुनाई दे रही है. गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल (जीसीसी) ने हालात पर पैनी नजर बनाकर रखी है.
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