पाकिस्तान की एक आतंकवाद-रोधी अदालत ने 2008 के मुंबई हमले के एक साजिशकर्ता को आतंकवाद के वित्तपोषण के एक मामले में 15 साल से अधिक की जेल की सजा सुनाई है. लश्कर-ए-तैयबा और जमात-उद-दावा के नेताओं के आतंकवाद वित्तपोषण के मामलों से जुड़े एक वरिष्ठ वकील ने शुक्रवार को बताया, ‘‘इस महीने की शुरुआत में लाहौर में एक आतंकवाद-रोधी अदालत ने प्रतिबंधित लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े साजिद मजीद मीर को 15 साल की जेल की सजा सुनाई है.''
पंजाब पुलिस का आतंकवाद रोधी विभाग (सीटीडी), जो मीडिया को ऐसे मामलों में दोषसिद्धि की जानकारी साझा करता है, ने आतंकवाद के वित्तपोषण के मामले में मीर की दोषसिद्धि की सूचना नहीं दी थी. एक वरिष्ठ वकील ने कहा, "इस महीने की शुरुआत में लाहौर में एक आतंकवाद-रोधी अदालत ने प्रतिबंधित लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) के एक कार्यकर्ता साजिद मजीद मीर को 15 साल की जेल की सजा सुनाई थी." यह जेल में बंद कमरे की कार्यवाही थी, इसलिए मीडिया को अनुमति नहीं दी गई थी. वकील ने आगे कहा कि दोषी मीर अप्रैल में गिरफ्तारी के बाद से कोट लखपत जेल में है. उन्होंने कहा कि अदालत ने दोषी पर 400,000 रुपये से अधिक का जुर्माना भी लगाया है.
-
हाथ से निकल रही है AI की ताकत! Google DeepMind के पूर्व रिसर्चर ने भारत में दी सबसे बड़ी चेतावनी -
Shashi Tharoor EXCLUSIVE: NDTV World Summit 2026 में बदलते वर्ल्ड ऑर्डर पर शशि थरूर क्या बोले? -
'चीन से व्यापार भी, सतर्कता भी' : NDTV World Summit में शशि थरूर ने बताया क्यों जरूरी है मल्टी-अलाइनमेंट -
AI एक्ट्रेस टिली नॉरवुड को पसंद हैं शाहरुख खान, बोलीं- ‘ओम शांति ओम’ के रीमेक में करना चाहती हूं काम -
रिजीम चेंज नहीं... शशि थरूर ने दी नई परिभाषा, चुनाव आयोग और सरकार को भी दी नसीहत -
NDTV World Summit 2026 : शशि थरूर ने बताया- कांग्रेस को लेफ्ट की जरूरत क्यों -
NDTV World Summit में शशि थरूर ने समझाया कूटनीति का असली मतलब -
चीन पर इतनी निर्भरता भारत के लिए ठीक नहीं- NDTV World Summit में बोले शशि थरूर -
NDTV World Summit 2026 | AI से एडवांस्ड टेक्नोलॉजी तक, भारत की रिसर्च को कैसे मिलेगी नई उड़ान? -
दिल्ली एयरपोर्ट से होती है दुनिया में सबसे ज्यादा Uber बुकिंग, NDTV ग्लोबल समिट में डोमिनिक टेलर ने खोले राज
इससे पहले यह माना जाता था कि मीर मर चुका है. फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) की आखिरी बैठक से पहले, पाकिस्तान ने कथित तौर पर एजेंसी को बताया कि उसने साजिद मीर को FATF की 'ग्रे लिस्ट' से हटाने की मांग करने के लिए गिरफ्तार किया था और उस पर मुकदमा चलाया था. साजिद मीर, पर 5 मिलियन अमरीकी डालर का इनाम है. साजिद 26/11 के मुंबई हमलों में अपनी भूमिका के लिए भारत की मोस्ट वांटेड लिस्ट में है, जिसमें 166 लोग मारे गए थे.
मीर को मुंबई हमलों का "प्रोजेक्ट मैनेजर" कहा जाता था. मीर कथित तौर पर 2005 में फर्जी नाम से फर्जी पासपोर्ट का इस्तेमाल कर भारत आया था. मुंबई आतंकी हमले के कथित मास्टरमाइंड और जमात उद दावा प्रमुख हाफिज सईद को लाहौर एटीसी आतंकवाद के वित्तपोषण के मामलों में पहले ही 68 साल कैद की सजा सुना चुकी है. ये सजा साथ-साथ चल रही है, यानी उसे कई साल जेल में नहीं बिताने होंगे. मुंबई हमले के ऑपरेशन कमांडर जकीउर रहमान लखवी को भी कई साल जेल की सजा सुनाई गई है. सईद और माकी दोनों लाहौर की कोट लपखापट जेल में भी हैं.
ये भी पढ़ें: सरकारी समिति ने 7-11 साल के बच्चों के लिए कोवोवैक्स के आपातकालीन उपयोग की मंजूरी देने की सिफारिश की
संयुक्त राष्ट्र द्वारा नामित आतंकवादी सईद, जिस पर अमेरिका ने 10 मिलियन अमरीकी डालर का इनाम रखा है. जिसे जुलाई 2019 में गिरफ्तार किया गया था. सईद के नेतृत्व वाला जमात-उद-दावा लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) के लिए अग्रणी संगठन है, जो 2008 के मुंबई हमले को अंजाम देने के लिए जिम्मेदार है, जिसमें छह अमेरिकी भी मारे गए थे. अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने सईद को विशेष रूप से नामित वैश्विक आतंकवादी के रूप में नामित किया है.
VIDEO: हमारे अपने लोगों ने पीठ में छुरा घोंपा - उद्धव ठाकरे
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं