
बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की पार्टी आवामी लीग को एक बार फिर निशाना बनाया गया. पूर्व मेयर अनवरुज्जमां चौधरी और पूर्व सांसद शफीउल आलम चौधरी नादेल के आवासों पर कथित तौर बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) के छात्र दल के बैनर तले भीड़ ने हमला किया और तोड़फोड़ की. स्थानीय मीडिया आउटलेट 'यूएनबी' की रिपोर्ट के अनुसार, सिलहट एयरपोर्ट पुलिस स्टेशन के प्रभारी अधिकारी (ओसी) सैयद अनिसुर रहमान ने कहा कि छात्रों और आम लोगों के एक उग्र समूह ने नादेल के आवास पर हमला किया, जिससे नुकसान हुआ.
हमलावरों ने फर्नीचर और घरेलू सामान तोड़ा
स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बुधवार को 70-80 बाइकों पर सवार होकर छात्र दल के लोगों का एक समूह जुलूस के रूप में सिलहट शहर के हाउसिंग एस्टेट क्षेत्र में स्थित नादेल के आवास पर पहुंचा. उन्होंने घर में घुसकर सीसीटीवी कैमरे और लैपटॉप को क्षतिग्रस्त कर दिया. एक अन्य घटना में सिलहट के पथंतुला इलाके में अनवरुज्जमां चौधरी के घर पर हमला किया गया. हमलावरों ने फर्नीचर और अन्य घरेलू सामान तोड़ डाला.
अंतरिम सरकार हिंसक घटनाओं को रोकने में नाकाम
जलालाबाद पुलिस स्टेशन के प्रभारी हारुनुर रशीद ने कहा, "रिपोर्ट मिलने पर पुलिस ने कार्रवाई की. हमें पता चला है कि गुस्साए छात्रों और आम लोगों ने हमला किया." स्थानीय मीडिया आउटलेट 'बीडीडीआईजीईएसटी' की रिपोर्ट के अनुसार, भीड़ ने घर से कीमती सामान भी चुरा लिया. घटना के वक्त अनवरुज्जमां का कोई भी रिश्तेदार घर में नहीं था; दो केयरटेकर घर की देखभाल कर रहे थे और हमलावरों ने कथित तौर पर उनके साथ दुर्व्यवहार किया. पिछले साल बांग्लादेश में शेख हसीना सरकार के पतन के बाद से देश में राजनीतिक हिंसा जारी है. वहीं मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व में अंतरिम सरकार हिंसक घटनाओं को रोकने में नाकाम रही है.
शेख हसीना के सत्ता से हटने के बाद कई अवामी लीग नेताओं पर क्रूर हमला किया गया और उनकी हत्या कर दी गई. बांग्लादेश के प्रमुख दैनिक 'द ढाका ट्रिब्यून' की रिपोर्ट के अनुसार, अगस्त 2024 में देश भर में अवामी लीग के कम से कम 20 नेताओं और उनके परिवार के सदस्यों के शव बरामद किए गए. हाल के दिनों में अवामी लीग के कई नेताओं और समर्थकों को गंभीर हमले और भीड़ की हिंसा का सामना करना पड़ा है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं