उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए राहत भरी खबर है. राज्य सरकार ने 30 मार्च 2026 से गेहूं की सरकारी खरीद शुरू कर दी है, जो 15 जून 2026 तक चलेगी. इस बार सरकार ने खरीद प्रक्रिया को आसान और पारदर्शी बनाने के लिए कई नई व्यवस्थाएं की हैं, ताकि किसानों को किसी तरह की परेशानी न हो. आइए जानते हैं इस बारे में-
MSP में बढ़ोतरी से किसानों को फायदा
इस साल गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 2585 रुपये प्रति क्विंटल तय किया गया है. यह पिछले साल की तुलना में 160 रुपये अधिक है. MSP बढ़ने से किसानों को अपनी मेहनत का बेहतर मूल्य मिलेगा और उनकी आय में भी सुधार होने की उम्मीद है.
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बड़े पैमाने पर खरीद की तैयारीमीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सरकार ने इस बार गेहूं खरीद के लिए बड़े स्तर पर तैयारी की है. पूरे प्रदेश में हजारों क्रय केंद्र बनाए जा रहे हैं. शुरुआत में 3574 केंद्र तैयार किए गए थे, जिन्हें बढ़ाकर लगभग 6500 तक किया जा रहा है. इन केंद्रों पर सुबह 9 बजे से शाम 6 बजे तक खरीद होगी, ताकि ज्यादा से ज्यादा किसान अपनी फसल बेच सकें. इसके अलावा, किसानों की सुविधा के लिए छाया, पीने के पानी और बैठने की व्यवस्था भी की गई है.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि किसी भी किसान को खरीद केंद्रों पर दिक्कत न हो. साथ ही, सरकार ने गेहूं बेचने वाले किसानों के लिए एक और राहत दी है. गेहूं उतारने, साफ करने और छानने के लिए किसानों को 20 रुपये प्रति क्विंटल अतिरिक्त दिए जाएंगे. इससे किसानों की लागत का कुछ हिस्सा कवर हो सकेगा.
इस बार सरकार ने गेहूं खरीद का लक्ष्य भी बढ़ा दिया है. पहले जहां 30 लाख मीट्रिक टन खरीद का लक्ष्य रखा गया था, उसे बढ़ाकर 50 लाख मीट्रिक टन कर दिया गया है. इससे अधिक किसानों को अपनी फसल बेचने का मौका मिलेगा. इसके अलावा, किसानों को भुगतान सीधे उनके बैंक खाते में डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के जरिए 48 घंटे के अंदर करने का निर्देश दिया गया है.
कैसे करें रजिस्ट्रेशन?जो किसान अभी तक पंजीकरण नहीं कर पाए हैं, वे ऑनलाइन आसानी से रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं. इसके लिए fcs.up.gov.in वेबसाइट या 'UP Kisan Mitra' प्लेटफॉर्म का उपयोग कर सकते हैं. पहले से रजिस्टर किसान अपना नवीनीकरण भी करा सकते हैं.
वहीं, अगर गेहूं बेचने के दौरान किसी किसान को कोई परेशानी आती है, तो वह टोल फ्री नंबर 18001800150 पर कॉल कर सकते हैं. सरकार ने शिकायतों के समाधान के लिए यह सुविधा उपलब्ध कराई है.
यानी इस बार उत्तर प्रदेश सरकार ने गेहूं खरीद को लेकर बेहतर व्यवस्था की है. बढ़ा हुआ MSP, ज्यादा क्रय केंद्र, अतिरिक्त भुगतान और समय पर पैसा मिलने जैसी सुविधाएं किसानों के लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकती हैं.
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