CEA Chief Economic Advisor
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वैश्विक चुनौतियों के बाद भी तेज गति से बढ़ती रहेगी देश की अर्थव्यवस्था- सीईए नागेश्वरन
- Monday April 21, 2025
- Reported by: IANS
कोलंबिया में स्टूडेंट्स, फैकल्टी, नीति एक्सपर्टों और अर्थशास्त्रियों के बीच बोलते हुए मुख्य आर्थिक सलाहकार ने देश की जीडीपी में मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की हिस्सेदारी चीन के बराबर लाने का प्लान भी बताया.
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Exclusive: भारत 6.3% से 6.8% की GDP ग्रोथ कैसे कर सकता है हासिल? CEA डॉ. नागेश्वरन ने बताया
- Saturday February 1, 2025
- Reported by: हिमांशु शेखर मिश्रा, Edited by: अंजलि कर्मकार
NDTV से एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में डॉक्टर नागेश्वरन ने कहा कि सरकार की नीतियां कारगर हैं. ऐसे में 6.3% से 6.8% की रेंज में इकोनॉमिक ग्रोथ मुमकिन है. अगले साल देश की विकास दर बढ़ सकती है.
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देश की आर्थिक वृद्धि दर आगामी दशक में 6.5 प्रतिशत रहने का अनुमान: सीईए
- Thursday March 30, 2023
- Reported by: भाषा
मुख्य आर्थिक सलाहकार (सीईए) वी अनंत नागेश्वरन ने कहा कि वित्तीय और निवेश चक्र में बदलाव के साथ देश की आर्थिक वृद्धि दर आगामी दशक में 6.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है. एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नागेश्वरन ने कहा कि वैश्विक स्तर पर अनिश्चितता को देखते हुए निर्यात में वृद्धि मात्रा के स्तर पर नरम रह सकती है. उन्होंने कहा, ‘‘इसीलिए मुझे लगता है कि वाणिज्यिक क्षेत्र और रियल एस्टेट क्षेत्र में वित्तीय, कर्ज और निवेश चक्र बहाल होने के साथ वृद्धि दर आगामी दशक में साढ़े छह प्रतिशत रह सकती है.''
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बजट में किये गये सुधार उपाय भारत को 5,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने में करेंगे मदद: CEA
- Saturday February 13, 2021
- Reported by: भाषा
सुब्रमण्यन ने कहा कि भारत की आर्थिक वृद्धि दर की संभावना 6.5 से 7.5 प्रतिशत है. देश को निश्चित रूप से वृद्धि पर गौर करना चाहिए. सीईए ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष ने देश की आर्थिक वृद्धि दर 11.5 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है. यह आर्थिक समीक्षा में जताये गये अनुमान से ज्यादा है. मुद्राकोष का यह अनुमान वास्तविक संदर्भ में है. उन्होंने कहा, ‘‘अत: अगर हम 4 प्रतिशत मुद्रास्फीति को शामिल कर लेते हैं, जीडीपी वृद्धि दर बाजार दर पर 2021-22 में 15.5 प्रतिशत रह सकती है.’’
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मोदी सरकार के पूर्व आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रमण्यन बोले- संकट में है अर्थव्यवस्था, मंदी झेलने के लिए तैयार रहे भारत
- Monday December 10, 2018
- भाषा
देश के पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रमण्यन (Arvind Subramanian) ने आगाह किया कि कृषि और वित्तीय व्यवस्था के दबाव में होने से हमें कुछ समय की मंदी के लिए खुद को तैयार रखना होगा.
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वैश्विक चुनौतियों के बाद भी तेज गति से बढ़ती रहेगी देश की अर्थव्यवस्था- सीईए नागेश्वरन
- Monday April 21, 2025
- Reported by: IANS
कोलंबिया में स्टूडेंट्स, फैकल्टी, नीति एक्सपर्टों और अर्थशास्त्रियों के बीच बोलते हुए मुख्य आर्थिक सलाहकार ने देश की जीडीपी में मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की हिस्सेदारी चीन के बराबर लाने का प्लान भी बताया.
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Exclusive: भारत 6.3% से 6.8% की GDP ग्रोथ कैसे कर सकता है हासिल? CEA डॉ. नागेश्वरन ने बताया
- Saturday February 1, 2025
- Reported by: हिमांशु शेखर मिश्रा, Edited by: अंजलि कर्मकार
NDTV से एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में डॉक्टर नागेश्वरन ने कहा कि सरकार की नीतियां कारगर हैं. ऐसे में 6.3% से 6.8% की रेंज में इकोनॉमिक ग्रोथ मुमकिन है. अगले साल देश की विकास दर बढ़ सकती है.
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देश की आर्थिक वृद्धि दर आगामी दशक में 6.5 प्रतिशत रहने का अनुमान: सीईए
- Thursday March 30, 2023
- Reported by: भाषा
मुख्य आर्थिक सलाहकार (सीईए) वी अनंत नागेश्वरन ने कहा कि वित्तीय और निवेश चक्र में बदलाव के साथ देश की आर्थिक वृद्धि दर आगामी दशक में 6.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है. एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नागेश्वरन ने कहा कि वैश्विक स्तर पर अनिश्चितता को देखते हुए निर्यात में वृद्धि मात्रा के स्तर पर नरम रह सकती है. उन्होंने कहा, ‘‘इसीलिए मुझे लगता है कि वाणिज्यिक क्षेत्र और रियल एस्टेट क्षेत्र में वित्तीय, कर्ज और निवेश चक्र बहाल होने के साथ वृद्धि दर आगामी दशक में साढ़े छह प्रतिशत रह सकती है.''
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बजट में किये गये सुधार उपाय भारत को 5,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने में करेंगे मदद: CEA
- Saturday February 13, 2021
- Reported by: भाषा
सुब्रमण्यन ने कहा कि भारत की आर्थिक वृद्धि दर की संभावना 6.5 से 7.5 प्रतिशत है. देश को निश्चित रूप से वृद्धि पर गौर करना चाहिए. सीईए ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष ने देश की आर्थिक वृद्धि दर 11.5 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है. यह आर्थिक समीक्षा में जताये गये अनुमान से ज्यादा है. मुद्राकोष का यह अनुमान वास्तविक संदर्भ में है. उन्होंने कहा, ‘‘अत: अगर हम 4 प्रतिशत मुद्रास्फीति को शामिल कर लेते हैं, जीडीपी वृद्धि दर बाजार दर पर 2021-22 में 15.5 प्रतिशत रह सकती है.’’
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मोदी सरकार के पूर्व आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रमण्यन बोले- संकट में है अर्थव्यवस्था, मंदी झेलने के लिए तैयार रहे भारत
- Monday December 10, 2018
- भाषा
देश के पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रमण्यन (Arvind Subramanian) ने आगाह किया कि कृषि और वित्तीय व्यवस्था के दबाव में होने से हमें कुछ समय की मंदी के लिए खुद को तैयार रखना होगा.
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